हाथों से उखड़ रही मैनपाट की सड़क, लोगों का आरोप, ठेकेदार और अफसरों ने खा लिए 2 करोड़ रुपए
RAIPUR : छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले के मैनपाट ब्लॉक में पीएम जन-मन योजना के तहत बनाई जा रही नई सड़कों की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। करोड़ों रुपए खर्च कर बनाई गई डामरीकृत सड़कें हाथों से ही उखड़ रही हैं। सड़क की परत उखाड़ते ग्रामीणों का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद प्रशासन हरकत में आया है। मामले को गंभीरता से लेते हुए सरगुजा कलेक्टर अजीत बसंत ने पीएमजीएसवाई के कार्यपालन अभियंता (ईई) को जांच के निर्देश दिए हैं। वहीं संबंधित सब इंजीनियर को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है।
ये है मामला:
जानकारी के मुताबिक सरगुजा जिले के दूरदराज और पहुंचविहीन इलाकों को सड़क सुविधा से जोड़ने के लिए पीएम जन-मन योजना के तहत मैनपाट ब्लॉक में 14 नई सड़कों को मंजूरी मिली है। इन सड़कों से लोगों को बेहतर आवागमन की उम्मीद थी, लेकिन निर्माण कार्य शुरू होते ही गुणवत्ता को लेकर शिकायतें सामने आने लगी हैं।
ग्रामीणों का आरोप है कि सड़क निर्माण में भारी लापरवाही बरती गई। डब्ल्यूबीएम और जीएसबी कार्य में मानकों का पालन नहीं किया गया और सड़क की धूल साफ किए बिना ही उस पर डामरीकरण कर दिया गया। यही वजह है कि नई बनी सड़क की डामर परत बेहद कमजोर साबित हो रही है।
मैनपाट में सबसे ज्यादा शिकायत:
सबसे ज्यादा शिकायत मैनपाट के कदनई से लोटाभवना मार्ग को लेकर सामने आई है। करीब 2.50 किलोमीटर लंबी इस सड़क का निर्माण लगभग 1 करोड़ 80 लाख रुपए की लागत से किया गया है। ग्रामीणों का कहना है कि सड़क निर्माण के दौरान बारिश हो रही थी, इसके बावजूद डामरीकरण का काम जारी रखा गया। परिणाम यह हुआ कि सड़क की परत अब हाथों से ही उखड़ रही है।
वीडियो हुआ वायरल:
वायरल वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि एक महिला सड़क की ऊपरी परत को हाथ से आसानी से निकाल रही है। ग्रामीणों का आरोप है कि सड़क पर बेहद पतली डामर लेयर बिछाकर निर्माण कार्य पूरा दिखा दिया गया। कई जगह उंगली से खुरचने पर नीचे मिट्टी और डब्ल्यूबीएम की परत दिखाई देने लगती है।
पहली बरसात में ही खराब:
स्थानीय लोगों ने यह भी आरोप लगाया कि सड़क की कॉम्पेक्सिंग ठीक तरीके से नहीं की गई। बिना इमल्शन डाले सीधे डामर बिछा दिया गया, जिससे सड़क की पकड़ मजबूत नहीं बन सकी। पहाड़ी क्षेत्र होने और भारी बारिश की वजह से लोगों को आशंका है कि पहली ही बरसात में सड़क पूरी तरह खराब हो सकती है।
ठेकेदार पर आरोप:
ग्रामीणों के मुताबिक मैनपाट क्षेत्र में पीएम जन-मन योजना के तहत सड़क निर्माण का ठेका पत्थलगांव के ठेकेदार सुनील अग्रवाल को मिला है। आरोप है कि उन्होंने यह काम स्थानीय पेटी कांट्रेक्टरों को सौंप दिया, जो मनमाने तरीके से निर्माण करा रहे हैं। लोगों का कहना है कि विभागीय अधिकारी भी घटिया निर्माण को नजरअंदाज कर रहे हैं।
14 सड़क ही घटिया:
ग्रामीणों ने दावा किया है कि मैनपाट में बन रही लगभग सभी 14 सड़कों की स्थिति कमोबेश ऐसी ही है। इससे योजना की गुणवत्ता और सरकारी निगरानी पर सवाल उठने लगे हैं। मामले के तूल पकड़ने के बाद कलेक्टर अजीत बसंत ने कहा कि सड़क निर्माण में गड़बड़ी की शिकायत मिली है। पीएमजीएसवाई के ईई को जांच के निर्देश दिए गए हैं और संबंधित सब इंजीनियर को नोटिस जारी किया जा रहा है। उन्होंने साफ कहा कि निर्माण कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही और घटिया गुणवत्ता बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
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