सदर बाजार की वक्फ दुकान पर कब्जा, 45 दिन में खाली करने का आदेश

VINAY VERMA | Aug 20, 2026, 17:36 IST
रायपुर में वक्फ जमीन पर बेदखली का फरमान
रायपुर सदर बाजार की वक्फ संपत्ति विवाद में राज्य वक्फ अधिकरण ने बड़ा फैसला दिया है। कब्जाधारी को 45 दिन में दुकान और गोदाम खाली कर वक्फ संस्था को सौंपने का आदेश दिया गया है।

Raipur। राजधानी के सबसे व्यस्त कारोबारी इलाके सदर बाजार में वक्फ संपत्ति पर कब्जे के मामले में छत्तीसगढ़ राज्य वक्फ अधिकरण ने बड़ा फैसला सुनाया है। अधिकरण ने वक्फ संपत्ति पर काबिज कब्जाधारी को 45 दिनों के भीतर दुकान और गोदाम खाली कर संबंधित वक्फ संस्था को कब्जा सौंपने का आदेश दिया है। 28 जुलाई 2026 को पारित इस आदेश से वक्फ संपत्तियों पर लंबे समय से चले आ रहे कब्जों को लेकर सख्त कार्रवाई का रास्ता साफ हुआ है।



सदर बाजार की संपत्ति पर विवाद

मामला अंजुमन-ए-सैफी दाऊदी बोहरा जमात रायपुर की पंजीकृत वक्फ संपत्ति का है। सदर बाजार में स्थित मकान नंबर 923 और 924, करीब 900 वर्गफुट जमीन तथा मकान नंबर 523 और 524 में बने दुकान और गोदाम को लेकर विवाद था। वक्फ बोर्ड के मुताबिक, इन संपत्तियों पर सुभाष चंद्र जैन, प्रोपराइटर सूरज ज्वेलर्स का अवैध कब्जा था।



बोर्ड के आदेश को मिली हरी झंडी

अवैध कब्जा हटाने के लिए छत्तीसगढ़ राज्य वक्फ बोर्ड ने वक्फ अधिनियम की धारा 54 के तहत कार्रवाई की थी। बोर्ड ने सुभाष चंद्र जैन के खिलाफ आदेश जारी कर संपत्ति खाली करने के निर्देश दिए थे।



अधिकरण ने कब्जे पर कसा शिकंजा

बोर्ड के आदेश के खिलाफ चले विवाद में राज्य वक्फ अधिकरण ने अब बोर्ड की कार्रवाई को सही माना है। पीठ ने कब्जाधारी को 45 दिन के भीतर संपत्ति खाली कर संबंधित वक्फ संस्था को कब्जा सौंपने का निर्देश दिया है। आदेश पीठासीन अधिकारी जिला न्यायाधीश कमलेश कुमार जुर्री, सदस्य हामिद हुसैन खान और वी.के. राजपूत की पीठ ने सर्वसम्मति से पारित किया।



वक्फ संपत्तियों पर अब तेज होगी कार्रवाई

इस फैसले को वक्फ बोर्ड ने प्रदेश की वक्फ संपत्तियों को कब्जामुक्त कराने की दिशा में अहम कदम बताया है। बोर्ड अध्यक्ष डॉ. सलीम राज ने कहा है कि इससे वक्फ संपत्तियों की सुरक्षा मजबूत होगी। बोर्ड का दावा है कि प्रदेश में जहां भी वक्फ संपत्तियों पर अवैध कब्जे हैं, वहां कार्रवाई तेज की जा रही है।



कब्जेदारों को सीधा संदेश

सदर बाजार रायपुर की संपत्ति पर आया यह फैसला दूसरे कब्जाधारियों के लिए भी साफ संदेश माना जा रहा है। बोर्ड अब वक्फ संपत्तियों की पहचान कर उन पर हुए कब्जों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई आगे बढ़ाने की तैयारी में है। यानी लंबे समय से विवादों में फंसी वक्फ जमीन और दुकानों को लेकर अब मामला सिर्फ कागजी कार्रवाई तक सीमित नहीं रहने वाला है।



FAQ

  1. रायपुर सदर बाजार वक्फ संपत्ति मामले में क्या फैसला आया है?
    छत्तीसगढ़ राज्य वक्फ अधिकरण ने कब्जाधारी को 45 दिन में दुकान और गोदाम खाली करने का आदेश दिया है।
  2. यह वक्फ संपत्ति किस संस्था की है?
    यह संपत्ति अंजुमन-ए-सैफी दाऊदी बोहरा जमात रायपुर की पंजीकृत वक्फ संपत्ति है।
  3. वक्फ बोर्ड ने किस कानून के तहत कार्रवाई की थी?
    वक्फ बोर्ड ने वक्फ अधिनियम की धारा 54 के तहत कब्जा हटाने की कार्रवाई की थी।

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