छत्तीसगढ़ में डबल मर्डर से सनसनी: सड़क किनारे मिला 12वीं के छात्र का शव, घर में मृत मिली शिक्षिका मां
हाईवे किनारे मिला छात्र का शव
छत्तीसगढ़ के सूरजपुर जिले के बिश्रामपुर में दोहरे हत्याकांड से हड़कंप मच गया है। शनिवार 10 अक्टूबर को सूरजपुर और सरगुजा जिले की सीमा के पास महावीरपुर में एक किशोर का शव मिला था। शव राष्ट्रीय राजमार्ग के किनारे बने गड्ढे में पड़ा था।
सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची। शुरुआती जांच में किशोर की हत्या किए जाने का शक हुआ। उस समय शव की पहचान नहीं हो पाई थी। बाद में पता चला कि मृतक बिश्रामपुर के कार्मेल कान्वेंट स्कूल में 12वीं का छात्र सुजल बरेठ उर्फ पिंकू था। उसकी उम्र करीब 18 साल थी।
मां-बेटे के मोबाइल बंद मिले
दूसरी तरफ बिश्रामपुर में रहने वाली शिक्षिका रजनी बरेठ और उनके बेटे सुजल से परिवार का संपर्क नहीं हो पा रहा था। दोनों के मोबाइल फोन बंद आ रहे थे। रजनी स्कूल नहीं पहुंचीं तो उनके साथ काम करने वाली शिक्षिकाओं को भी चिंता होने लगी।
स्कूल में उनकी ऑनलाइन उपस्थिति से जुड़ी जानकारी सामने आने के बाद सहकर्मियों ने उनसे संपर्क करने की कोशिश की। लगातार कोशिशों के बाद भी मां-बेटे का पता नहीं चला। इससे परिवार की चिंता और बढ़ गई।
गुमशुदगी लिखाने पहुंचे परिजन तो खुला राज
रजनी बरेठ का मायका सक्ती जिले के बाराद्वार में है। शनिवार की शाम उनकी मां और भाई बिश्रामपुर पहुंचे। दोनों रजनी और सुजल की तलाश कर रहे थे। जब कोई जानकारी नहीं मिली तो वे गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराने जयनगर थाने पहुंचे।
इसी दौरान पुलिस ने उन्हें हाईवे किनारे मिले किशोर के शव की तस्वीर दिखाई। तस्वीर देखते ही परिजनों ने उसकी पहचान सुजल बरेठ के रूप में की। बेटे की मौत की जानकारी मिलने के बाद परिवार सदमे में आ गया। अब सबसे बड़ा सवाल उसकी मां रजनी बरेठ के बारे में था। वह कहां थीं और उनका फोन क्यों बंद था?
घर का ताला तोड़ा तो अंदर मिली मां की लाश
सुजल की पहचान होने के बाद पुलिस उसके परिजनों को लेकर रजनी के घर पहुंची। रजनी बिश्रामपुर के केशव नगर इलाके की ममता कॉलोनी में किराए के मकान में रहती थीं।
शनिवार रात पुलिस वहां पहुंची तो मकान के दरवाजे पर ताला लगा था। किसी तरह अंदर जाने का रास्ता नहीं था। इसके बाद पुलिस ने ताला तुड़वाया। कमरे के अंदर का नजारा देखकर सभी हैरान रह गए। वहां एक महिला का शव औंधे मुंह पड़ा था। शरीर पर चोट के निशान भी दिखाई दे रहे थे।
परिजनों ने शव की पहचान रजनी बरेठ के रूप में की। इसके बाद पुलिस ने मकान को सील कर दिया। इस तरह एक ही दिन में मां और बेटे की मौत का मामला सामने आ गया।
फोरेंसिक टीम ने घर में जुटाए सबूत
रविवार 11 अक्टूबर की सुबह पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी घटनास्थल पर पहुंचे। फोरेंसिक विशेषज्ञों और डॉग स्क्वायड को भी जांच के लिए बुलाया गया। पुलिस की मौजूदगी में मकान को दोबारा खोला गया। जांच टीम ने कमरे का निरीक्षण किया और हत्या से जुड़े सुराग तलाशने शुरू किए।
पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि रजनी की हत्या घर के अंदर ही हुई या घटनाक्रम में कोई दूसरी बात सामने आती है। इसके साथ ही जांच का एक अहम सवाल यह भी है कि सुजल का शव घर से दूर हाईवे किनारे कैसे पहुंचा।
साल 2020 में पति से हो गया था तलाक
मृतक शिक्षिका रजनी बरेठ की उम्र 40 साल थी। जानकारी के मुताबिक उनकी शादी साल 2006 में रायगढ़ जिले के रहने वाले सत्य बरेठ से हुई थी। सत्य बरेठ चक्रधरनगर थाना क्षेत्र के बोयरदादर स्थित विनोबा नगर के रहने वाले बताए गए हैं।
शादी के बाद दोनों के रिश्ते में दूरियां आ गईं। साल 2020 में उनका तलाक हो गया था। इसके बाद रजनी अपने बेटे सुजल के साथ अलग रहने लगी थीं। रजनी नौकरी के कारण सूरजपुर जिले में रह रही थीं। वह अपने बेटे की पढ़ाई और घर की जिम्मेदारी संभाल रही थीं।
सरकारी स्कूल में पढ़ाती थीं रजनी
रजनी बरेठ सरकारी स्कूल में शिक्षिका थीं। हाल ही में उनका प्रमोशन हुआ था। इसके बाद उन्हें माध्यमिक शाला बेलटिकरी में पदस्थ किया गया था। उनका बेटा सुजल बरेठ बिश्रामपुर के कार्मेल कान्वेंट स्कूल में पढ़ रहा था। वह 12वीं कक्षा का छात्र था।
दोनों बिश्रामपुर में किराए के मकान में रहते थे। परिवार के बाकी सदस्य दूसरे जिले में रहते हैं। मां-बेटे के अचानक संपर्क से बाहर होने और फिर दोनों के शव मिलने से परिवार में मातम छा गया है।
आखिर किसने की मां-बेटे की हत्या?
इस दोहरे हत्याकांड में पुलिस के सामने कई सवाल हैं। सबसे बड़ा सवाल हत्या की वजह को लेकर है। पुलिस यह जानने की कोशिश कर रही है कि मां-बेटे की हत्या एक ही व्यक्ति ने की या इसमें एक से ज्यादा लोग शामिल थे।
इसके अलावा सुजल का शव राष्ट्रीय राजमार्ग के किनारे कैसे पहुंचा और रजनी के घर पर ताला किसने लगाया, यह भी जांच का विषय है। महिला के निजी संबंधों को लेकर कुछ चर्चाएं सामने आई हैं। हालांकि इन बातों की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। इसलिए फिलहाल किसी व्यक्ति या संबंध को हत्या की वजह बताना सही नहीं होगा।
पुलिस को हत्या की वजह और आरोपियों की तलाश
मां-बेटे की हत्या ने बिश्रामपुरऔर आसपास के इलाकों में चिंता बढ़ा दी है। एक तरफ छात्र का शव सड़क किनारे मिला तो दूसरी तरफ उसकी मां अपने ही घर में मृत पाई गईं। पुलिस दोनों घटनास्थलों से मिले सुरागों को जोड़कर जांच कर रही है। फोरेंसिक टीम की जांच से भी महत्वपूर्ण जानकारी मिलने की उम्मीद है।
फिलहाल यह स्पष्ट नहीं हुआ है कि हत्या कब हुई और इसके पीछे किसका हाथ है। पुलिस की जांच पूरी होने के बाद ही दोहरे हत्याकांड की असली वजह सामने आ सकेगी।