सरगुजा हॉस्टल में छात्राओं से मालिश और कपड़े धुलवाती थी गार्ड, कार्रवाई शुरू
समझें क्या है पूरा मामला
- छात्राओं का फूटा गुस्सा, गार्ड पर गंभीर आरोप
- हॉस्टल में छात्राओं से निजी काम कराने का आरोप
- रोते हुए छात्राओं ने बताई पूरी कहानी
- शिकायत के बाद गार्ड हटाने की तैयारी शुरू
- सरगुजा हॉस्टल मामले में जांच तेज
Sarguja। सरगुजा जिले के उदयपुर ब्लॉक के खम्हरिया स्थित बालिका छात्रावास में रहने वाली छात्राओं ने वहां तैनात महिला गार्ड पर गंभीर आरोप लगाए हैं। छात्राओं का कहना है कि गार्ड उनसे अपनी वर्दी और कपड़े धुलवाती थी। इसके अलावा रात में उनसे मालिश करवाने का भी आरोप लगाया गया है। छात्राओं ने यह बात जिला पंचायत सदस्य राधा रवि के हॉस्टल निरीक्षण के दौरान बताई।
जिला पंचायत सदस्य जब अचानक छात्रावास पहुंचीं तो उन्होंने छात्राओं से वहां की व्यवस्थाओं और सुविधाओं के बारे में जानकारी ली। बातचीत के दौरान कुछ छात्राएं भावुक हो गईं और उन्होंने रोते हुए महिला गार्ड की शिकायत की। छात्राओं ने बताया कि डर की वजह से वे लंबे समय से अपनी परेशानी किसी को नहीं बता पा रही थीं।
छात्राओं ने बताया- विरोध करने पर मिलती थी धमकी
छात्राओं के अनुसार महिला गार्ड उनसे अपने निजी काम करवाती थी। उन्होंने आरोप लगाया कि गार्ड अपनी वर्दी और कपड़े भी छात्राओं से धुलवाती थी। इसके साथ ही रात के समय शरीर की मालिश करवाने की बात भी छात्राओं ने कही।
छात्राओं ने बताया कि जब वे इन कामों का विरोध करती थीं तो उन्हें डराया-धमकाया जाता था। गार्ड कथित तौर पर हॉस्टल से बाहर निकलवाने और भविष्य खराब करने की बात कहती थी। इसी डर के कारण छात्राएं मजबूरी में उसकी बात मानती रहीं।
छात्राओं ने यह भी बताया कि परीक्षा के समय भी उनसे ऐसे काम करवाए जाते थे। उनका कहना है कि अगर शिकायत की जानकारी गार्ड को हो जाती तो उन्हें और परेशान किया जाता।
निरीक्षण के दौरान सामने आया मामला
उदयपुर क्षेत्र की जिला पंचायत सदस्य राधा रवि करीब तीन दिन पहले खम्हरिया बालिका छात्रावास के निरीक्षण के लिए पहुंची थीं। निरीक्षण के दौरान उन्होंने छात्राओं से हॉस्टल की सुविधाओं के बारे में बातचीत की।
छात्राओं ने बताया कि हॉस्टल में खाने-पीने और अन्य व्यवस्थाएं ठीक हैं, लेकिन महिला गार्ड के व्यवहार से वे परेशान हैं। छात्राओं की शिकायत सुनकर जिला पंचायत सदस्य ने मामले को गंभीरता से लिया।
उन्होंने तुरंत आदिवासी विकास विभाग के सहायक आयुक्त ललित शुक्ला को फोन कर पूरे मामले की जानकारी दी। उन्होंने छात्राओं से निजी काम करवाने को गलत बताते हुए कार्रवाई की मांग की।
गार्ड को हटाने की प्रक्रिया शुरू
शिकायत मिलने के बाद विभाग ने मामले पर कार्रवाई शुरू कर दी है। बताया जा रहा है कि महिला गार्ड को छात्रावास से हटाने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। अधिकारियों का कहना है कि मामले की जांच के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
इस छात्रावास में कक्षा 6वीं से 12वीं तक की करीब 80 छात्राएं रहती हैं। छात्राओं की सुरक्षा और सुविधाओं को लेकर अब विभाग भी सतर्क हो गया है।
जिला पंचायत सदस्य ने छात्राओं को दिया भरोसा
जिला पंचायत सदस्य राधा रवि ने छात्राओं से कहा कि उन्हें किसी से डरने की जरूरत नहीं है। उन्होंने कहा कि हॉस्टल में रहने वाली छात्राओं से किसी भी कर्मचारी को निजी काम कराने का अधिकार नहीं है।
उन्होंने छात्राओं को भरोसा दिलाया कि अगर कोई कर्मचारी उन्हें परेशान करता है या धमकी देता है तो वे सीधे शिकायत कर सकती हैं। उन्होंने कहा कि छात्राओं की सुरक्षा सबसे जरूरी है और ऐसी शिकायतों पर सख्त कार्रवाई होनी चाहिए।
FAQ
- सरगुजा के बालिका छात्रावास में छात्राओं ने क्या आरोप लगाए हैं?
छात्राओं ने महिला गार्ड पर अपनी वर्दी और कपड़े धुलवाने, निजी काम कराने और रात में मालिश करवाने जैसे गंभीर आरोप लगाए हैं। - छात्राओं की शिकायत के बाद क्या कार्रवाई हुई?
शिकायत मिलने के बाद आदिवासी विकास विभाग को जानकारी दी गई है और महिला गार्ड को छात्रावास से हटाने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
ये खबरें भी पढ़े...
छत्तीसगढ़ में क्रिकेट की तर्ज पर हॉकी लीग, बस्तर के बाद होगा सरगुजा ओलंपिक
बालिका छात्रावास में बालिकाओं को पूजा करने से वार्डन ने रोका, मिली आपत्तिजनक किताबें
अंबिकापुर बाल सुधार गृह से फिर 13 नाबालिग फरार, 21 दिन में दूसरी घटना
कोरबा आदिवासी विकास विभाग में 3.83 करोड़ का घोटाला उजागर, फाइलें गायब, FIR दर्ज