CM मोहन यादव की रेसीडेंसी में ताई, विधायक मालिनी, हार्डिया, मधु, मेंदोला से क्या हुई चर्चा?
रेसीडेंसी कोठी में जनप्रतिनिधियों से मिले सीएम
मुख्यमंत्री मोहन यादव लंबे समय बाद इंदौर में नाइट स्टे किया। वह शुक्रवार रात इंदौर आ गए थे। इस दौरान उन्होंने विभिन्न गरबा आयोजनों में शिरकत की और कन्या पूजन किया। वहीं, शनिवार सुबह रेसीडेंसी कोठी पर एक-एक कर जनप्रतिनिधियों से मुलाकात की।
सभी ने अपने विधानसभा क्षेत्रों और शहर से जुड़े मुद्दे रखे। इस दौरान पूर्व सांसद सुमित्रा महाजन के साथ ही विधायक मधु वर्मा, महेंद्र हार्डिया, रमेश मेंदोला और मालिनी गौड़ भी मौजूद रहीं। वहीं, बीजेपी नगराध्यक्ष सुमित मिश्रा और अन्य नेता भी उपस्थित रहे। इस दौरान एक सवाल के जवाब में सीएम ने कहा कि भगवान सभी का भला करे।
स्कीम 171 को आईडीए से मुक्त करने पर सहमति
विधायक महेंद्र हार्डिया ने स्कीम 171 को आईडीए से मुक्त करने का मुद्दा उठाया। इस पर सीएम ने कहा कि दशहरे तक व्यस्त हूं। इस मुद्दे से सरकार की काफी बदनामी हुई है। इस पर इंदौर में एक बड़ा आयोजन करके उसी में सार्वजनिक घोषणा की जाएगी।
माना जा रहा है कि सीएम संभवतः इसी महीने इस आयोजन के लिए समय देंगे। एक बड़े आयोजन में स्कीम को मुक्त कराने की 33 साल की लड़ाई का अंत होगा।
मालिनी गौड़ के साथ सबसे लंबी चर्चा
इस दौरान सबसे लंबी चर्चा विधायक मालिनी गौड़ के साथ हुई। इस चर्चा के दौरान अन्य नेता मौजूद नहीं थे और अधिकारी भी बाहर थे।
हाल ही में मंत्री कैलाश विजयवर्गीय की जलसंकट को लेकर हुई बैठक में मालिनी गौड़ के नहीं पहुंचने का मुद्दा उठा था। इस पर मंत्री ने कहा था कि जो विधायक बैठक में नहीं आए, शायद उनके यहां जलसंकट नहीं होगा।
वहीं, अगले दिन मालिनी गौड़ ने जवाब दिया था कि बैठकों में जाने से कुछ नहीं होता, कोई सुनवाई नहीं होती। उन्होंने यह भी कहा था कि सुनवाई नहीं होने की बात सभी को मिलकर सीएम को बतानी होगी।
माना जा रहा है कि इसी मुद्दे पर सीएम के साथ लंबी चर्चा हुई। हालांकि, गौड़ ने द सूत्र से कहा कि सभी लोगों ने सीएम से चर्चा की और विकास से जुड़े मुद्दे रखे।
ताई बोलीं- मैं तो नौकरी मांगने आई थी
बैठक के बाद पूर्व लोकसभा स्पीकर और सांसद रहीं सुमित्रा महाजन का मजाक में दिया गया बयान भी चर्चा का विषय बन गया। उन्होंने मुलाकात के बाद कहा कि मैं नौकरी मांगने आई थी।
इसके बाद उन्होंने कहा कि कला संकुल का काम रुका हुआ है। स्मार्ट सिटी के पास राशि नहीं है और काम नहीं हो रहा है। इसी मुद्दे पर चर्चा करनी थी और निवेदन किया कि सरकार इसे पूरा कराए।
उन्होंने कहा कि दूसरा मुद्दा अहिल्या स्मारक को लेकर था। इसे बनाने में कुछ अड़चन आ रही थी, वह भी बताने आई थी। साथ ही सीएम को आमंत्रण भी देना था।
वहीं, ताई ने इंदौर की राजनीति को लेकर कहा कि मैं अब राजनीति नहीं करती हूं।
सीएम बोले- भगवान सभी का भला करे
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा कि कैबिनेट ने आर्थिक कॉरिडोर को मंजूरी दी है। इससे नए निवेश आएंगे और रोजगार के अवसर मिलेंगे। करीब तीन लाख करोड़ रुपए के निवेश प्रस्ताव मिलेंगे।
उन्होंने कहा कि तीन नए मेट्रोपॉलिटन रीजन भी बन रहे हैं। हमने रीजनल कॉन्क्लेव शुरू किया और इस मॉडल को अन्य राज्य भी अपना रहे हैं। आईटी सेक्टर में भी काम हो रहा है।
वहीं, पूर्व सीएम दिग्विजय सिंह की शुरू हो रही सनातन यात्रा को लेकर पूछे गए सवाल पर उन्होंने कहा कि भगवान सभी का भला करे।