भोपाल में आज कांग्रेस का वोट बचाओ-देश बचाओ मार्च, कांग्रेस ने काला दिवस मनाने का किया ऐलान, मंत्री विश्वास सारंग का पलटवार
इसी के तहत मध्य प्रदेश विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने अपनी सोशल मीडिया प्रोफाइल फोटो बदलकर ‘Black Day-8 October 2026’ कर दी है। उनकी नई DP में राहुल गांधी और प्रियंका गांधी की प्रदर्शन के दौरान की तस्वीर है और ऊपर ‘Remember-Reject-Rebuild’, जबकि नीचे ‘Let us unite to defend our democracy’ लिखा है।
देश भर में आज होंगे विरोध प्रदर्शन
अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के महासचिव केसी वेणुगोपाल ने 7 अक्टूबर को सभी प्रदेश कांग्रेस कमेटियों, जिला कांग्रेस कमेटियों और ब्लॉक कांग्रेस कमेटियों को पत्र भेजकर 8 अक्टूबर को व्यापक विरोध प्रदर्शन करने के निर्देश दिए हैं।
पत्र में कहा है कि राहुल गांधी, प्रियंका गांधी, कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं और INDIA ब्लॉक के सांसदों के साथ दिल्ली में प्रदर्शन के दौरान कथित दुर्व्यवहार और हिरासत के विरोध में यह प्रदर्शन किया जाए। कांग्रेस ने इसे ‘भारतीय लोकतंत्र के लिए काला दिवस’ बताया है।
सारंग बोले- राहुल से देशहित में काम की उम्मीद नहीं
मंत्री विश्वास सारंग ने कांग्रेस के ‘ब्लैक डे’ और चुनाव आयोग को लेकर चल रहे विरोध प्रदर्शन पर पलटवार किया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस लगातार चुनाव आयोग और EVM पर सवाल खड़े कर रही है, लेकिन उसे यह बताना चाहिए कि कर्नाटक और हिमाचल प्रदेश में उसकी सरकार कैसे बनी? राहुल गांधी और प्रियंका गांधी चुनाव कैसे जीते?
भोपाल में आज शाम पैदल मार्च
AICC के निर्देश के बाद जिला कांग्रेस कमेटी भोपाल शहर ने आज शाम ‘वोट बचाओ, देश बचाओ’ पैदल मार्च निकालने का कार्यक्रम तय किया है। कांग्रेस के अनुसार इसमें INDIA गठबंधन के घटक दलों के नेता और कार्यकर्ता भी शामिल होंगे।
मार्च शाम 4:30 बजे व्यापम चौराहे से शुरू होकर बोर्ड ऑफिस चौराहे स्थित डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर की प्रतिमा तक जाएगा। यहां कांग्रेस नेता और कार्यकर्ता विरोध दर्ज कराएंगे। कार्यक्रम में जिला कांग्रेस कमेटी भोपाल शहर के प्रभारी रवि जोशी भी मौजूद रहेंगे।
दिल्ली में दो दिन से जारी है विरोध
दरअसल, कांग्रेस और INDIA गठबंधन के सांसद मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर दिल्ली में लगातार प्रदर्शन कर रहे हैं। 6 अक्टूबर को विपक्षी सांसदों के निर्वाचन आयोग की ओर मार्च के दौरान रोके जाने के बाद राहुल गांधी, प्रियंका गांधी और अन्य नेताओं ने आकाशवाणी भवन परिसर में धरना दिया था। करीब आठ घंटे बाद पुलिस ने उन्हें हिरासत में लिया और बाद में रिहा कर दिया।
इसके अगले दिन 7 अक्टूबर को भी राहुल गांधी, प्रियंका गांधी और अन्य विपक्षी नेताओं ने जंतर-मंतर की ओर मार्च करने की कोशिश की। पुलिस ने उन्हें रास्ते में रोक दिया और राहुल गांधी समेत कई नेताओं को फिर हिरासत में लिया। राहुल गांधी ने कहा कि ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे तक आंदोलन जारी रहेगा।
SIR और मतदाता सूची भी आंदोलन के केंद्र में
कांग्रेस का यह आंदोलन सिर्फ दिल्ली में नेताओं को हिरासत में लिए जाने तक सीमित नहीं है। पार्टी लंबे समय से मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIRको लेकर चुनाव आयोग पर सवाल उठा रही है।
कांग्रेस का आरोप है कि मतदाता सूची में नाम जोड़ने और हटाने की प्रक्रिया में पारदर्शिता नहीं है और इससे मतदाताओं के अधिकार प्रभावित हो सकते हैं। विपक्ष की प्रमुख मांगों में SIR से जुड़े सवालों का जवाब और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को पद से हटाना शामिल है।