Indore Corporation scam : चार ऑडिट अधिकारी निलंबित, इन्हें जांच कमेटी ने भी माना था लिप्त

Jitendra Shrivastava | May 14, 2024, 22:19 IST
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मध्यप्रदेश में इंदौर नगर निगम के ऑडिट शाखा के चार वरिष्ठ अफसरों को निलंबित किया है। पदस्थ संयुक्त संचालक अनिल कुमार गर्ग, डिप्टी डायरेक्टर समर सिंह, असिस्टेंट ऑडिटर रामेश्वर परमार के अलावा सीनियर ऑडिटर जेएस ओहरिया पर यह कार्रवाई की है...

संजय गुप्ता, INDORE. Indore Corporation scam : नगर निगम इंदौर के 150 करोड़ के फर्जी बिल घोटाले में चार और अधिकारियों पर गाज गिर गई है। यह ऑडिट विभाग के अधिकारी है, जिन पर कार्रवाई के लिए इंदौर निगमायुक्त शिवम वर्मा ने दस दिन पहले शासन को पत्र लिखा था। इनमें से तीन अधिकारियों को जांच कमेटी ने भी घोटाले में संलिप्त माना था।



इन पर हुई कार्रवाई


मप्र शासन के वित्त विभाग ने इंदौर नगर निगम की ऑडिट शाखा के चार वरिष्ठ अफसरों को निलंबित किया है। लोकल फंड ऑडिट की ओर से इंदौर नगर निगम में पदस्थ संयुक्त संचालक अनिल कुमार गर्ग, डिप्टी डायरेक्टर समर सिंह, असिस्टेंट ऑडिटर रामेश्वर परमार के अलावा सीनियर ऑडिटर जेएस ओहरिया के खिलाफ यह निलंबन की कार्रवाई की गई है। मध्य प्रदेश शासन के वित्त विभाग के अवर सचिव विजय क्ठाने ने ऑडिट विभाग के इन चारों अफसरों के निलंबन आदेश जारी किए हैं।



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जांच कमेटी ने जिसे आरोपी माना उसमें अभी यह बचे


जांच कमेटी ने नगर निगम के लेखा विभाग के सुनील भंवर के लिए कहा था कि लापरवाही सिद्ध होती है और भूपेंद्र पुरोहित के लिए कहा था कि संलिप्तता संदिग्ध है, इन्हें पहले ही हटाया जा चुका है। लेकिन जांच कमेटी ने इसके साथ ही सहायक ऑडिटर विक्रम वर्मा और कंप्यूटर आपरेटर जगदीश चौकसे की भूमिका में लिखा था कि गंभीर लापरवाही सिद्ध होती है। इन पर अभी निगम की ओर से कोई कार्रवाई नहीं हुई है।



निगम घोटाले में फरार सिद्दकी भी पकड़ाया


उधर नगर निगम बिल घोटाले में फरार चल रहे ठेकेदार मोहम्मद सिद्दकी की गिरफ्तारी हो गई है। वह ग्रीन कंस्ट्रक्शन कंपनी का ठेकेदार है और साथ ही ठेकेदार जाकिर और साजिद का पिता है जो किंग कंस्ट्रक्शन और नीवं कंस्ट्रक्शन के संचालक है। सिद्दकी ने हाईकोर्ट में वादा किया था कि सात दिन में सरेंडर कर देगा लेकिन बाद में वह फरार हो गया। डीसीपी पंकज पाण्डे ने बताया कि पुलिस ने उसे भंवरकुआं से मंगलवार को गिरफ्तार किया है, उसकी रिमांड कोर्ट से ली जाएगी। उधर अभय राठौर का रिमांड 15 मई को खत्म हो रहा है, पुलिस उसे कोर्ट में पेश कर और रिमांड लेगी। अभी भी उससे कई जानकारियां लेना जरूरी है और उन्हें क्रास चेक भी किया जाना है।



अभी तक इतने गिरफ्तार, दो फरार


अभी तक पुलिस मूल घोटाले में शामिल पांच फर्मों के सभी ठेकेदारों को पकड़ चुकी है जिसमें सिद्दकी, साजिद, जाकिर के साथ रेणु वढेरा और राहुल वढेरा शामिल है। इसमें रेणु की जमानत हो चुकी है। वहीं नगर निगम से पुलिस राठौर के साथ ही उदय भदौरिया, चेतन भदौरिया, राजकुमार साल्वी, मुरलीधरन को गिरफ्तार कर चुकी है। वहीं अभी भी ईश्वर कंपनी का मौसम व्यास और क्रिस्टल कंपनी का इमरान ठेकेदार फरार है, दोनों पर 5-5 हजार का ईमाम पुलिस घोषित कर चुकी है।



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