इंदौर के MY हॉस्पिटल में चूहों ने दो नवजातों के हाथ कुतरे, प्रबंधन बोला, 5 साल पहले करवाया था पेस्ट कंट्रोल
मध्यप्रदेश के सबसे बड़े सरकारी सरकारी अस्पताल इंदौर के महाराजा यशवंतराव (एमवाय) हॉस्पिटल में चौंकाने वाला मामला सामने आया है। अस्पताल के नवजात शिशु गहन चिकित्सा इकाई (NICU) में चूहों ने दो नवजात शिशुओं के हाथ कुतर दिए। यह घटना रविवार और सोमवार को लगातार दो दिनों में हुई है।
घटना के बाद हरकत में आया अस्पताल प्रबंधन तत्काल मौके पर पहुंचा तो वहां पर रखे गए नवजात बच्चों के आसपास चूहे दौड़ लगाते मिले। वहीं, जिम्मेदारों ने भी इस घटना के बाद अस्पताल प्रबंधन की पोल खोलकर रख दी। उन्होंने तो और भी ज्यादा चौंकाने वाला खुलासा किया। उन्होंने बताया कि एमवाय अस्पताल में चूहें की भरमार है उसके बावजूद 5 साल से पेस्ट कंट्रोल करवाया ही नहीं गया है।
अस्पताल प्रबंधन की बड़ी लापरवाही
एमवाय अस्पताल में दोनों नवजात का जन्म हालही में हुआ था। जन्म लेने के बाद उनकी हालत गंभीर होने के चलते उन्हें NICU में भर्ती किया गया था। रविवार को पहले नवजात पर चूहे ने हमला किया। डॉक्टरों को जब इसकी जानकारी लगी तो उन्होंने बच्चे का इलाज कर दिया। हालांकि सोमवार को एक बार फिर एक अन्य बच्चे के हाथ को चूहा कुतर गया। इसमें अस्पताल प्रबंधन की बड़ी लापरवाही सामने आई है।
स्टाफ भी सहमा, NICU में घूमता दिखा बड़ा चूहा
अस्पताल स्टाफ ने बताया कि NICU में एक बड़ा चूहा कई दिनों से सक्रिय है, जिसे देखकर स्टाफ भी सहम जाते हैं। लगातार हुई घटनाओं के बाद प्रबंधन ने आपात बैठक कर बड़े स्तर पर पेस्ट कंट्रोल कराने की तैयारी शुरू कर दी है। साथ ही, NICU में चूहों की आवाजाही रोकने के इंतजाम किए जा रहे हैं।
वरिष्ठ डॉक्टरों को दी गई जानकारी
अस्पताल में है चूहों की भरमार
एमवाय अस्पताल के डॉ. लाहोटी ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि अस्पताल और आसपास चूहों की भरमार है। दोनों नवजातों का इलाज चल रहा है और विशेष सतर्कता बरती जा रही है। स्टाफ को अलर्ट रहने और NICU में चूहों की एंट्री ना हो पाए इसके प्रयास किए जा रहे हैं।
सुपरिटेंडेंट बोले, 5 साल से नहीं हुआ पेस्ट कंट्रोल
सुपरिटेंडेंट डॉ. अशोक यादव, जो वर्तमान में भोपाल में हैं, ने कहा अस्पताल में पांच साल पहले पेस्ट कंट्रोल कराया गया था। उसके बाद अब तक कोई बड़ी कार्रवाई नहीं हुई। मरीजों के परिजन अक्सर खाद्य सामग्री वार्ड तक ले आते हैं, जिसकी वजह से चूहों की संख्या बढ़ गई है। इस पर जल्द ही नियंत्रण के उपाय किए जाएंगे। फिलहाल परिजनों को जानकारी नहीं दी गई है ताकि घबराहट न फैले, लेकिन सभी नवजातों पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
परिजनों को जानकारी नहीं
प्रबंधन ने घटना की सूचना फिलहाल परिजनों को नहीं दी है, लेकिन अस्पताल में लगातार हो रही घटनाओं से स्टाफ और अन्य मरीजों में सुरक्षा और स्वच्छता को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। कुछ दिन पूर्व ही अस्पताल में एवजियों के बगैर अनुमति घुसने और मरीजों का इलाज करने का मामला सामने आया था।
- मध्य प्रदेश की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- छत्तीसगढ़ की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- राजस्थान की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- रोचक वेब स्टोरीज देखने के लिए करें क्लिक