धार्मिक शहर वाली दलील को HC ने की खारिज, दी बूचड़खाना खोलने की अनुमति
मंदसौर के एक पेशेवर कसाई की याचिका पर इंदौर हाईकोर्ट खंडपीठ ने एक ऐतिहासिक फैसला सुनाया है। याचिका को स्वीकार करते हुए नगरीय निकाय को भैंसों का बूचड़खाना खोलने के लिए अनापत्ति प्रमाण पत्र (NOC) जारी करने का निर्देश दिया है। कोर्ट ने इस दलील को खारिज कर दिया कि मंदसौर के धार्मिक शहर होने के कारण वहां बूचड़खाना खोलने की अनुमति नहीं दी जा सकती। यह मामला धार्मिक आस्थाओं और संवैधानिक अधिकारों के बीच संतुलन स्थापित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
जेल में बंद अनवर ढेबर के तीन करीबियों के 6 ठिकानों पर दबिश
पवित्र नगरी के तर्क पर कोर्ट की टिप्पणी
सीएमओ का दावा और अदालत का खंडन
मुख्य नगर पालिका अधिकारी (सीएमओ) ने अर्जी खारिज करते हुए कहा था कि मंदसौर को प्रदेश सरकार ने पवित्र नगरी घोषित किया है। कोर्ट ने इस तर्क को अस्वीकार करते हुए इसे गैर-तार्किक बताया। कोर्ट ने यह भी स्पष्ट किया कि याचिकाकर्ता को बूचड़खाना खोलने की अनुमति जल और वायु प्रदूषण कानूनों का पालन करने के बाद ही दी जाएगी।
MPPSC महाआंदोलन में पूरी रात क्या हुआ और क्या मिला, क्यों जरूरी था खत्म करना
thesootr links
- मध्य प्रदेश की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- छत्तीसगढ़ की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- रोचक वेब स्टोरीज देखने के लिए करें क्लिक