फरवरी में हो सकती है BJP प्रदेश अध्यक्ष की घोषणा, अब नामों पर चर्चा दिल्ली में
मध्यप्रदेश में भाजपा ने जिलाध्यक्षों की घोषणा के बाद अब प्रदेश अध्यक्ष के चुनाव को लेकर तैयारियां तेज कर दी हैं। जानकारी के अनुसार पार्टी ने इस संबंध में रायशुमारी में हिस्सा लेने वाले प्रदेश परिषद के सदस्यों की सूची केंद्रीय नेतृत्व को भेज दी है। इस सूची में सांसदों, विधायकों और पार्टी के विभिन्न पदाधिकारियों को शामिल किया गया है।
प्रदेश अध्यक्ष के चयन की प्रक्रिया
फरवरी के पहले सप्ताह में हो सकती है घोषणा
सूत्रों के मुताबिक, फरवरी के पहले सप्ताह में भाजपा के नए प्रदेश अध्यक्ष के नाम की घोषणा की जा सकती है। हालांकि, इसमें हो रही देरी के पीछे दो प्रमुख कारण बताए जा रहे हैं। पहला कारण यह है कि पार्टी का केंद्रीय नेतृत्व फिलहाल दिल्ली विधानसभा चुनाव में व्यस्त है, जिसके परिणाम 5 फरवरी को घोषित किए जाएंगे। दूसरा कारण मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की 27 जनवरी से 2 फरवरी तक विदेश यात्रा है, जिसके चलते प्रक्रिया में विलंब हो रहा है।
जिलाध्यक्षों की नियुक्ति पूरी होने की ओर
भाजपा ने हाल ही में निवाड़ी जिले के अध्यक्ष के रूप में राजेश पटेरिया की नियुक्ति की है। पटेरिया, सांसद वीरेंद्र सिंह खटीक के करीबी माने जाते हैं और ब्राह्मण वर्ग से आते हैं। उन्हें पहली बार जिले की बड़ी जिम्मेदारी दी गई है। इसके साथ ही मध्यप्रदेश भाजपा के 62 संगठनात्मक जिलों में से 60 जिलाध्यक्षों की घोषणा पूरी हो चुकी है। अब केवल इंदौर शहर और इंदौर ग्रामीण जिलों के अध्यक्षों की घोषणा शेष है।
भाजपा के संगठनात्मक बदलाव
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष का चयन पार्टी के आगामी रणनीतिक दृष्टिकोण के लिए अहम है। इस प्रक्रिया से न केवल पार्टी संगठन को मजबूत किया जाएगा, बल्कि आगामी चुनावों की रणनीति भी तय की जाएगी। नए जिलाध्यक्षों और प्रदेश अध्यक्ष के चयन से भाजपा प्रदेश में अपने जनाधार को और मजबूत करने की कोशिश कर रही है।
FAQ
- भाजपा प्रदेश अध्यक्ष की घोषणा कब होगी?
फरवरी के पहले सप्ताह में प्रदेश अध्यक्ष के नाम की घोषणा होने की संभावना है। - प्रदेश परिषद की सूची में कौन-कौन शामिल हैं?
इस सूची में सांसद, विधायक, जिलाध्यक्ष और विधानसभा प्रतिनिधि शामिल हैं। - निवाड़ी जिले के नए अध्यक्ष कौन हैं?
निवाड़ी के नए जिलाध्यक्ष राजेश पटेरिया बनाए गए हैं। - कौन से जिलों के अध्यक्षों की घोषणा बाकी है?
केवल इंदौर शहर और इंदौर ग्रामीण जिलों के अध्यक्षों की घोषणा शेष है। - घोषणा में देरी का क्या कारण है?
देरी के पीछे दिल्ली विधानसभा चुनाव और मुख्यमंत्री की विदेश यात्रा प्रमुख कारण हैं।
thesootr links
- मध्य प्रदेश की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- छत्तीसगढ़ की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- रोचक वेब स्टोरीज देखने के लिए करें क्लिक