एमपी में सरकारी नौकरियों की हकीकत: दो विभागों में हजारों पद, बाकी विभागों में वैकेंसी का इंतजार!
सीएम मोहन यादव का बड़ा ऐलान
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने 21 अक्टूबर को एक और बड़ी घोषणा की। उन्होंने स्कूल शिक्षा विभाग में 20 हजार अतिरिक्त भर्तियां करने का ऐलान किया। हालांकि सरकारी भर्तियों के आंकड़े अलग तस्वीर पेश करते हैं। पिछले कुछ महीनों में सबसे ज्यादा भर्तियां दो विभागों में निकली हैं। इनमें गृह विभाग और स्कूल शिक्षा विभाग शामिल हैं। बाकी विभागों में बहुत कम पदों पर भर्तियां निकाली गई हैं। कई विभागों में नई भर्ती की प्रक्रिया भी शुरू नहीं हुई है। आइए जानते हैं कि किन विभागों में सबसे ज्यादा भर्तियां निकाली गई हैं।
स्कूल शिक्षा विभाग में सबसे ज्यादा भर्ती
मध्यप्रदेश का स्कूल शिक्षा विभाग लगातार बड़ी संख्या में शिक्षक भर्तियां निकाल रहा है। जुलाई 2025 में शिक्षकों के 13 हजार 89 पदों पर भर्ती निकाली गई। इसके अलावा माध्यमिक शिक्षकों के 8 हजार 659 पदों पर भी भर्ती निकली। इस तरह दोनों भर्तियों में कुल 21 हजार 748 पद शामिल थे।
अब मुख्यमंत्री ने 20 हजार अतिरिक्त पदों पर भर्ती की घोषणा की है। हालांकि इन नई भर्तियों की प्रक्रिया अभी शुरू नहीं हुई है। ये आंकड़े केवल नियमित पदों पर होने वाली भर्तियों के हैं। इसके अलावा विभाग में अनुकंपा नियुक्तियां भी दी जा रही हैं। विभाग के मुताबिक अब तक 950 अनुकंपा नियुक्तियां दी जा चुकी हैं।
गृह विभाग में भी हजारों पदों पर भर्ती
स्कूल शिक्षा के अलावा गृह विभाग में भी नियमित भर्तियां निकाली जा रही हैं। गृह विभाग के अंतर्गत पुलिस में विभिन्न पदों पर भर्ती हो रही है। इनमें आरक्षक और उपनिरीक्षक सहित कई दूसरे पद शामिल हैं। पुलिस विभाग में पहले 7 हजार 90 आरक्षक पदों पर भर्ती पूरी हो चुकी है।
इसके बाद 2026 में आरक्षक के 7 हजार 500 पदों पर भर्ती निकली। आरक्षक चालक के एक हजार पदों पर भी भर्ती की जा रही है। इसके अलावा उपनिरीक्षक के 507 पदों पर भर्ती की जा रही है। सहायक उपनिरीक्षक के 655 पदों पर भी भर्ती प्रक्रिया चल रही है। पुलिस विभाग के मुताबिक कुल 9 हजार 622 पदों पर भर्ती जारी है। सरकार ने पुलिस बैंड में भी भर्ती निकाली है।
मुख्यमंत्री मोहन यादव पहले 18 हजार 500 पद भरने की बात कह चुके हैं। ऐसे में पुलिस विभाग की कुल भर्तियों का आंकड़ा 25 हजार से ज्यादा है। इसमें पूरी हो चुकी और प्रस्तावित भर्तियां भी शामिल हैं। हालांकि बाकी विभागों में इतनी बड़ी संख्या में भर्तियां नहीं निकल रही हैं। कई विभागों में भर्ती के लिए अभ्यर्थियों को लंबे समय से इंतजार करना पड़ रहा है। कुछ विभागों में केवल एक से दो हजार पदों पर भर्तियां निकली हैं। अब जानते हैं कि दूसरे विभागों में कितने पदों पर भर्तियां निकाली गई हैं।
किस विभाग में कितने पद?
| परीक्षा/विभाग | पद |
| कृषि विभाग | 2, 784 पद |
| पंचायत विभाग | 2, 299 पद |
| तकनीकी शिक्षा कौशल | 1700 पद |
| मप्र उच्च न्यायालय | 1, 174 पद |
| स्वास्थ्य विभाग | 2,317 पद |
| जेल प्रहरी, वनरक्षक | 1,679 पद |
| अस्पताल सहायक | 1200 पद |
बाकी विभागों में सीमित भर्तियां
आंकड़ों के मुताबिक स्कूल शिक्षा और पुलिस विभाग में सबसे ज्यादा पद निकले हैं। इनके बाद कृषि और पंचायत विभाग में भी भर्तियां निकाली गई हैं। स्वास्थ्य विभाग में भी दो हजार से ज्यादा पदों पर भर्ती निकली है। हालांकि इन विभागों में भी भर्तियों की संख्या सीमित है। भर्ती के लिए विभागों में रिक्त और स्वीकृत पदों की जानकारी जरूरी है। पदों की उपलब्धता के आधार पर ही नई भर्तियां की जा सकती हैं। ऐसे में पदोन्नति के कारण खाली हुए पदों की जानकारी भी सामने आनी चाहिए। इन पदों पर भर्ती की प्रक्रिया भी जल्द शुरू होनी चाहिए।
एमपीपीएससी में भी सीमित पद
मध्यप्रदेश लोक सेवा आयोग भी सरकारी पदों पर भर्ती परीक्षाएं आयोजित करता है। हालांकि आयोग की कई भर्तियों में पदों की संख्या अपेक्षाकृत कम रहती है। कर्मचारी चयन मंडल की कई परीक्षाओं में इससे ज्यादा पद शामिल होते हैं। इस पड़ताल में केवल नियमित सरकारी पदों पर होने वाली भर्तियां शामिल की गई हैं। संविदा पदों को इन आंकड़ों में शामिल नहीं किया गया है।
एक लाख नौकरियों का लक्ष्य कैसे होगा पूरा?
मुख्यमंत्री मोहन यादव लगातार एक लाख पदों पर भर्ती की बात कर रहे हैं। दूसरी ओर कई विभागों में नई भर्तियों की संख्या बेहद कम है। बड़ी संख्या में पद केवल कुछ विभागों से सामने आ रहे हैं। ऐसे में सवाल है कि बाकी विभाग कब नई भर्तियां निकालेंगे? क्या सभी विभागों के खाली पदों की जानकारी सार्वजनिक की जाएगी? एक लाख भर्तियों का लक्ष्य पूरा करने के लिए कितने पद अभी बाकी हैं? इन सवालों के जवाब से ही सरकारी भर्ती की वास्तविक स्थिति स्पष्ट होगी।