रिटायरमेंट के 7 दिन में मिलेगी ग्रेच्युटी, MP सरकार का बड़ा फैसला
पांच प्वाइंट में समझें क्या है पूरा मामला
- मध्य प्रदेश सरकार के वित्त विभाग ने ग्रेच्युटी भुगतान को लेकर एक अहम आदेश जारी किया है।
- NPS यानी राष्ट्रीय पेंशन प्रणाली में आने वाले कर्मचारियों को रिटायरमेंट के एक हफ्ते के अंदर ग्रेच्युटी का भुगतान हो जाएगा।
- यह पूरी प्रक्रिया ऑनलाइन पेंशन सॉफ्टवेयर से होगी।
- अब कर्मचारियों को कार्यालयों के चक्कर नहीं लगाने होंगे।
- सेवा में रहते कर्मचारी की मृत्यु होने पर नॉमिनी को भी 7 दिन में भुगतान होगा।
चक्कर और रिश्वत से मिलेगी मुक्ति
मध्य प्रदेश में सरकारी कर्मचारी और अधिकारी रिटायरमेंट के बाद ग्रेच्युटी पाने के लिए सालों तक भटकते रहते थे। कई मामलों में तो वर्षों बाद भी राशि नहीं मिलती थी। ग्रेच्युटी और पेंशन के मामलों में रिश्वतखोरी की शिकायतें भी आम थीं।
अदालतें भी इस मामले में सख्त रुख अपना चुकी हैं। कोर्ट ने पेंशन और ग्रेच्युटी के समय पर भुगतान को पूर्व सरकारी सेवक का अधिकार माना है। बावजूद इसके अमल में लापरवाही बनी रही। अब सरकार (सीएम डॉ. मोहन यादव) ने इस समस्या को जड़ से खत्म करने की कोशिश की है।
रिटायरमेंट से 3 महीने पहले शुरू होगी तैयारी
नई प्रक्रिया के तहत ग्रेच्युटी की तैयारी रिटायरमेंट से 3 महीने पहले तक साल में कभी भी शुरू की जा सकेगी। रिटायर्ड होने वाला शासकीय सेवक सबसे पहले पेंशन सॉफ्टवेयर पर अपनी सभी प्रविष्टियों (Entries) की जांच और वेरीफिकेशन करेगा।
इसके बाद ऑनलाइन आवेदन प्रस्तावक अधिकारी के पास जाएगा। अनुमोदन के बाद आवेदन उच्चाधिकारी के पास ऑनलाइन पहुंचेगा। अनुमोदित ग्रेच्युटी प्रकरण के अदायगी आदेश पर एक दिन के अंदर ई-हस्ताक्षर (e-sign) करना अनिवार्य होगा। अदायगी आदेश की सूचना भी ऑनलाइन दी जाएगी।
मृत्यु की स्थिति में भी 7 दिन की गारंटी
यह प्रावधान उन परिवारों के लिए बड़ी राहत है जिनके परिजन सेवा में रहते हुए चल बसे। अगर कोई शासकीय सेवक सेवा के दौरान मृत्यु को प्राप्त होता है तो उसके नॉमिनी को मृत्यु प्रमाणपत्र (death certificate) के साथ आवेदन करना होगा। आवेदन के 7 दिन के अंदर पूरी प्रक्रिया पूरी करके भुगतान किया जाएगा। यह किसी संकट में पड़े परिवार के लिए बेहद जरूरी सुरक्षा है।
श्रमिकों को भी मिली थी सौगात
ग्रेच्युटी के इस फैसले से पहले राज्य सरकार मजदूरों को भी राहत दे चुकी है। प्रदेश के श्रम विभाग ने 1 अप्रैल 2026 से नई न्यूनतम वेतन दरें लागू कर दी हैं। इससे निजी और सरकारी क्षेत्र के करीब 50 लाख श्रमिकों को फायदा होगा।
न्यूनतम वेतन अधिनियम (Minimum Wages Act) 1948 के तहत VDA (Variable Dearness Allowance) यानी परिवर्तनशील महंगाई भत्ते में बदलाव से प्रतिदिन औसतन 9 रुपए की बढ़ोतरी होगी। इस तरह मासिक वेतन में करीब 234 रुपए की वृद्धि होगी।
FAQ
- मध्य प्रदेश में ग्रेच्युटी की नई प्रक्रिया क्या है?
मध्य प्रदेश वित्त विभाग के नए आदेश के अनुसार NPS (National Pension System) के तहत आने वाले सरकारी कर्मचारियों और अधिकारियों को रिटायरमेंट के एक हफ्ते के अंदर ग्रेच्युटी का भुगतान किया जाएगा। पूरी प्रक्रिया ऑनलाइन पेंशन सॉफ्टवेयर के जरिए होगी। कार्यालयों के चक्कर नहीं लगाने होंगे। तैयारी रिटायरमेंट से 3 महीने पहले तक शुरू की जा सकती है। अनुमोदन के बाद एक दिन में ई-हस्ताक्षर से आदेश जारी करना अनिवार्य होगा। - मध्य प्रदेश में सरकारी सेवा में मृत्यु होने पर ग्रेच्युटी कैसे मिलेगी?
अगर कोई शासकीय सेवक सेवा के दौरान मृत्यु को प्राप्त होता है तो उसके नॉमिनी (Nominee) को मृत्यु प्रमाणपत्र के साथ आवेदन करना होगा। आवेदन जमा होने के 7 दिन के अंदर पूरी ग्रेच्युटी प्रक्रिया पूरी की जाएगी और भुगतान किया जाएगा। यह प्रक्रिया भी ऑनलाइन पेंशन सॉफ्टवेयर के माध्यम से पूरी होगी। - मध्य प्रदेश में न्यूनतम वेतन में क्या बदलाव हुआ है?
मध्य प्रदेश श्रम विभाग ने 1 अप्रैल 2026 से नई न्यूनतम वेतन दरें लागू की हैं। न्यूनतम वेतन अधिनियम 1948 के तहत VDA (Variable Dearness Allowance) में बदलाव से प्रतिदिन औसतन 9 रुपए की बढ़ोतरी होगी। मासिक वेतन में करीब 234 रुपए की वृद्धि होगी। इससे निजी और सरकारी क्षेत्र के करीब 50 लाख श्रमिकों को फायदा होगा।
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