MP पुलिस भर्ती परीक्षा में सॉल्वर से एग्जाम दिलवाकर चयनित हुए उम्मीदवार! ऐसे हुआ पूरा खेल

Sourabh Bhatnagar | Jun 04, 2025, 09:27 IST
mp-police-constable-recruitment-fraud-suspicious-candidates
मध्य प्रदेश पुलिस आरक्षक भर्ती परीक्षा-2023 में एक बड़ा फर्जीवाड़ा सामने आया है। फर्जीवाड़े में उम्मीदवारों ने आधार कार्ड में बायोमेट्रिक डेटा और फोटो बदलकर सॉल्वर्स से परीक्षा दिलवाई।

मध्य प्रदेश में आयोजित पुलिस आरक्षक भर्ती परीक्षा-2023 में एक बड़ा फर्जीवाड़ा सामने आया है। इस परीक्षा में 6 हजार 448 उम्मीदवारों का चयन हुआ था, लेकिन अब तक 30 संदिग्ध उम्मीदवारों का पता चला है, जिन्होंने चयनित होने के लिए धोखाधड़ी की थी। यह मामला खासतौर पर परीक्षा में बैठने वाले सॉल्वर्स और आधार कार्ड से संबंधित धोखाधड़ी का है।



फर्जीवाड़े का तरीका

आधार कार्ड में बदलाव

इस फर्जीवाड़े का तरीका यह था कि उम्मीदवार ने पहले अपने आधार कार्ड में सॉल्वर का फोटो और फिंगरप्रिंट लगवाया, ताकि वह उनकी जगह लिखित परीक्षा दे सके। पास होने के बाद, असल उम्मीदवार ने आधार कार्ड में अपनी असली फोटो लगवा ली और फिजिकल परीक्षा में खुद शामिल होकर चयनित हो गया। आधार में नाम और पता जैसी जानकारी पहले से ही सही थी, जिससे यह धोखाधड़ी आसानी से हो सकी।



संदिग्ध उम्मीदवारों की पहचान

इस मामले में मुरैना, शिवपुरी, श्योपुर, अलीराजपुर, इंदौर और शहडोल जिलों में जांच की जा रही है। अब तक 16 एफआईआर दर्ज की जा चुकी हैं और 14 संदिग्ध आधार कार्ड की जांच जारी है। अब तक इस पूरी घटना में 30 संदिग्ध उम्मीदवारों का खुलासा हुआ है।



खबर यह भी...व्यापम ने सब इंजीनियर के लिए कई पदों पर निकाली भर्ती, आवेदन शुरू



मुरैना से मिला पहला इनपुट

संगठित गिरोह का खुलासा

जांच में सामने आया कि कुछ संगठित गिरोहों ने उम्मीदवारों से लाखों रुपये की डील की थी। यह गिरोह सिर्फ लिखित परीक्षा में पास करवाने का काम करता था, जबकि फिजिकल परीक्षा उम्मीदवार को खुद देनी पड़ती थी। श्योपुर पुलिस ने इस मामले में कई बड़े खुलासे किए हैं।



100 आधार कार्ड बदलने वाला आरोपी

श्योपुर पुलिस ने एक आरोपी सुरेंद्र को पकड़ा, जिसने 100 उम्मीदवारों के आधार कार्ड में बदलाव करने की बात स्वीकार की। सुरेंद्र ने बताया कि यह सभी बदलाव एक संगठित गिरोह के तहत किए गए थे, जिसमें प्रत्येक उम्मीदवार से 8-12 लाख रुपये तक वसूले गए थे।



खबर यह भी...मप्र SI भर्ती नियम में एक बड़ी उलझन, गृह विभाग ने UPSC से ज्यादा टफ किया



बिहार से पकड़ा गया एक और सॉल्वर

इसके अलावा, बिहार से एक और सॉल्वर रंजन कुमार को पकड़ा गया, जो संतोष रावत की जगह परीक्षा में बैठा था। उसे मास्टरमाइंड अमिताभ रावत ने बुलाया था। रंजन को बिहार के पालीगंज से गिरफ्तार किया गया। इस फर्जीवाड़े में कुल तीन मास्टरमाइंड शामिल थे। दो ने बिहार से सॉल्वर्स बुलाए, जबकि एक ने स्थानीय सॉल्वर से परीक्षा दिलवाई।



निष्कर्ष (Conclusion)

मध्य प्रदेश पुलिस आरक्षक भर्ती परीक्षा-2023 में हुए इस बड़े फर्जीवाड़े ने पूरे सिस्टम को हिला कर रख दिया है। पुलिस अब सभी चयनित उम्मीदवारों की पुनः जांच कर रही है। उम्मीद है कि इस जांच के बाद और भी आरोपी सामने आएंगे, और इस धोखाधड़ी के सिलसिले को समाप्त किया जा सकेगा।



अगर आपको ये खबर अच्छी लगी हो तो 👉 दूसरे ग्रुप्स, 🤝दोस्तों, परिवारजनों के साथ शेयर करें



📢🔃 🤝💬👩‍👦👨‍👩‍👧‍👧



thesootr links



fake solver punished | एग्जाम में फर्जीवाड़ा | एमपी में फर्जीवाड़ा | aadhaar card | Aadhaar Card Fraud | police constable recruitment | पुलिस आरक्षक भर्ती मप्र | मप्र पुलिस आरक्षक भर्ती | MP Police | MP News



MP Police Bharti 2023, Scam Uncovered in MP Police Recruitment, MP Police Constable Recruitment 2023, MP EMPLOYEES SELECTION BOARD, Madhya Pradesh Police Bharti Ghotala, Madhya Pradesh News, एमपी पुलिस भर्ती 2023, एमपी पुलिस भर्ती में घोटाला उजागर, एमपी पुलिस कांस्टेबल भर्ती 2023, एमपी कर्मचारी चयन बोर्ड, मध्य प्रदेश पुलिस भर्ती घोटाला, मध्य प्रदेश समाचार



Tags:
  • MP News
  • MP Police
  • मध्य प्रदेश
  • aadhaar card
  • एमपी में फर्जीवाड़ा
  • fake solver punished
  • police constable recruitment
  • फर्जीवाड़ा
  • मप्र पुलिस आरक्षक भर्ती
  • Aadhaar Card Fraud
  • पुलिस आरक्षक भर्ती परीक्षा
  • पुलिस आरक्षक भर्ती मप्र
  • एग्जाम में फर्जीवाड़ा