MP में शिक्षा को नई उड़ान: भोपाल कॉन्क्लेव में जुटेंगे 130 संस्थान, सीएम करेंगे उद्घाटन

Manya Jain | Aug 23, 2026, 14:33 IST
mp samriddh conclave 2047 cm mohan yadav
मध्यप्रदेश 24 अगस्त को भोपाल में 130 से ज्यादा केंद्रीय, राज्य और निजी संस्थानों का कॉन्क्लेव आयोजित करेगा। मुख्यमंत्री मोहन यादव इसका उद्घाटन करेंगे। इसमें IIT, IIM, AIIMS समेत कई बड़े संस्थान शामिल होंगे।






मध्यप्रदेश की विकास यात्रा को नई दिशा देने के मकसद से 24 अगस्त को भोपाल में एक बड़ा आयोजन होने जा रहा है। राज्य में पहली बार 130 से ज्यादा केंद्रीय, राज्य और निजी संस्थान एक मंच पर जुटेंगे, ताकि शोध, तकनीक और संस्थागत साझेदारी के जरिए प्रदेश के विकास का रोडमैप तैयार किया जा सके।



मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव कुशाभाऊ ठाकरे सभागार में इस कॉन्क्लेव का शुभारंभ करेंगे। कार्यक्रम की थीम वन इंस्टीट्यूट-वन प्रॉमिस रखी गई है और इसमें IIT इंदौर, IIM इंदौर, IISER भोपाल, MANIT भोपाल, AIIMS भोपाल, DRDO और ISRO जैसे प्रतिष्ठित संस्थान भी हिस्सा लेंगे।



अटल बिहारी वाजपेयी सुशासन एवं नीति विश्लेषण संस्थान यानी एग्पा 24 अगस्त को कुशाभाऊ ठाकरे सभागार भोपाल में कंट्रीब्यूशन ऑफ सेंट्रली फंडेड इंस्टीट्यूशंस फॉर समृद्ध मध्य प्रदेश 2047 विषय पर एक दिवसीय राज्य स्तरीय कॉन्क्लेव आयोजित करेगा। इसकी थीम वन इंस्टीट्यूट-वन प्रॉमिस है।



कॉन्क्लेव का उद्देश्य क्या है

इस कॉन्क्लेव का मकसद मध्यप्रदेश की विकास प्राथमिकताओं को प्रदेश के अग्रणी केंद्रीय संस्थानों की शोध एवं नवाचार क्षमता, तकनीकी विशेषज्ञता, आधुनिक अधोसंरचना और मानव संसाधन से जोड़ना है। इसके जरिए भविष्य के लिए संस्थागत साझेदारी का एक प्रभावी मंच तैयार किया जाएगा।



इस पहल के माध्यम से केंद्रीय संस्थानों की विशेषज्ञता को राज्य की मौजूदा चुनौतियों और विकास अवधारणा से जोड़कर व्यावहारिक समाधान विकसित किए जाएंगे।



सुबह 11 बजे होगा शुभारंभ

कॉन्क्लेव का शुभारंभ सुबह 11 बजे मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव करेंगे। इस मौके पर मुख्य सचिव अशोक बर्णवाल, सुशासन संस्थान के उपाध्यक्ष प्रो. राजीव दीक्षित और मुख्य वैज्ञानिक सलाहकार प्रो. संतोष कुमार विश्वकर्मा भी अपना संबोधन देंगे।



दूसरे सत्र में इन्क्लूसिव इकोनॉमिक ग्रोथ एंड सोशल इंपावरमेंट फॉर समृद्ध मध्य प्रदेश@2047 विषय पर चर्चा होगी और आगे की कार्य योजना पर विमर्श किया जाएगा।



किन-किन संस्थानों की रहेगी सहभागिता

कॉन्क्लेव में IIT इंदौर, IIM इंदौर, IISER भोपाल, MANIT भोपाल, AIIMS भोपाल, DRDO और ISRO सहित 130 से ज्यादा केंद्रीय संस्थानों की सहभागिता होगी। भाग लेने वाला हर संस्थान राज्य की विकास प्राथमिकताओं के अनुरूप एक ठोस और क्रियान्वयन योग्य प्रतिबद्धता व्यक्त करेगा।



राज्य के विभाग साझा करेंगे अपनी चुनौतियां

कॉन्क्लेव में मध्यप्रदेश सरकार के विभिन्न विभाग जैसे कृषि, उद्यानिकी, पर्यावरण, उच्च शिक्षा, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी, तकनीकी शिक्षा एवं कौशल विकास, स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा, एमएसएमई, नगरीय विकास, ऊर्जा, नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा, औद्योगिक विकास, जनजातीय कल्याण तथा महिला एवं बाल विकास विभाग अपनी चुनौतियां और प्राथमिकताएं साझा करेंगे।



इस दौरान सुशासन संस्थान और केंद्रीय संस्थानों के बीच एमओयू यानी समझौता ज्ञापन पर भी हस्ताक्षर होंगे। इन एमओयू के जरिए दीर्घकालिक सहयोग, संयुक्त शोध, तकनीकी समाधान और क्षमता निर्माण कार्यक्रमों को बढ़ावा दिए जाने की उम्मीद है।



वन इंस्टीट्यूट-वन प्रॉमिस रहेगा मुख्य आकर्षण

कॉन्क्लेव का प्रमुख आकर्षण वन इंस्टीट्यूट-वन प्रॉमिस पहल होगी। इसके तहत भाग लेने वाला हर संस्थान मध्यप्रदेश के लिए एक सार्थक और व्यावहारिक संकल्प के प्रति अपनी प्रतिबद्धता जताएगा, जिसे आगे राज्य की विकास प्राथमिकताओं के अनुरूप लागू किया जा सकेगा।



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