गोपालपुरा में जाम से व्यापारी बेहाल, JDA से कोचिंग संस्थानों को शिफ्ट करने की मांग
समझें क्या है पूरा मामला
- अवैध संचालन, नियम ताक पर, व्यावसायिक मार्ग पर चल रहे शैक्षणिक संस्थान।
- सड़क पर अव्यवस्था, छात्रों की भीड़ और बेतरतीब पार्किंग से दिनभर लग रहा जाम।
- ठप पड़ता कारोबार,दुकानों के बाहर गाड़ियां खड़ी होने से ठप हो रहा स्थानीय व्यापार।
- व्यापार मंडल की मांग,प्रताप नगर कोचिंग हब में तुरंत शिफ्ट हों सभी कोचिंग सेंटर।
गोपालपुरा मुख्य मार्ग पर बेतरतीब ढंग से संचालित कोचिंग संस्थानों के कारण उत्पन्न हो रही यातायात अव्यवस्था, पार्किंग की समस्या और व्यापारिक व्यवधान को लेकर गोपालपुरा बाईपास व्यापार मंडल ने चिंता जाहिर की है।
व्यापार मंडल के अध्यक्ष पवन गोयल ने जयपुर विकास प्राधिकरण (JDA) के आयुक्त को पत्र भेजकर इन कोचिंग संस्थानों को प्रताप नगर स्थित नवनिर्मित कोचिंग हब में स्थानांतरित करने की मांग की है।
व्यापार मंडल का कहना है कि मास्टर प्लान के नियमों के अनुसार गोपालपुरा मुख्य मार्ग एक व्यावसायिक क्षेत्र है। जहाँ केवल व्यावसायिक गतिविधियाँ ही संचालित हो सकती हैं। शैक्षणिक या संस्थागत प्रकृति के कोचिंग संस्थानों का इस मार्ग पर चलना नियमों के विपरीत है।
व्यापारियों के मुख्य बिंदु व समस्याएं
यातायात और पार्किंग की समस्या
कोचिंग संस्थानों में आने वाले छात्रों की भारी भीड़ के कारण मुख्य मार्ग पर दिनभर जाम की स्थिति बनी रहती है। इसके अलावा, सड़कों और फुटपाथों पर वाहनों की अनियमित पार्किंग व अतिक्रमण से आवागमन में बाधा उत्पन्न हो रही है।
व्यापार पर प्रतिकूल प्रभाव
दुकानों के आगे गाड़ियां खड़ी होने और जाम की वजह से ग्राहकों का दुकानों तक पहुंचना मुश्किल हो गया है। इस कारण स्थानीय दुकानदारों का रोजगार सीधे तौर पर प्रभावित हो रहा है।
छात्रों के हित में मांग
व्यापार मंडल का कहना है कि नियमों के विपरीत और भीड़भाड़ वाले इलाके में कोचिंग चलना वहां पढ़ रहे विद्यार्थियों की सुरक्षा और हित के दृष्टिकोण से भी घातक है।
व्यापार मंडल की मुख्य मांगें
गोपालपुरा मुख्य मार्ग और आसपास चल रहे समस्त कोचिंग संस्थानों को तुरंत प्रताप नगर कोचिंग हब में शिफ्ट किया जाए।
भू-उपयोग नियमों का उल्लंघन कर अवैध रूप से संचालित शैक्षणिक गतिविधियों पर रोक लगाई जाए।
जेडीए अधिकारी तुरंत मौके का निरीक्षण करें और अभिलेखों की जांच कर नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई अमल में लाएं।
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