निर्माणाधीन रिसॉर्ट में दीवार ढही, तीन मजदूरों की मौत 12 से ज्यादा घायल
समझें क्या है पूरा मामला
- जयपुर में रिसॉर्ट की दीवार गिरी, 3 मजदूरों की मौत, 12 से ज्यादा घायल।
- हादसे के समय 24 मजदूर कर रहे थे काम, महिला बोली- पानी पीने गई तो बची जान।
- दीवार गिरने से मलबे में दबे शव क्षत-विक्षत, पोटली में निकाला गया महिला का शव।
- अधिकतर बिहार के मजदूर थे, बहन की जान बची, कहा- भाई ब्लॉक ले जा रहा था।
- सीवरेज के काम के दौरान हुआ हादसा, मंत्री-कलेक्टर पहुंचे, जांच शुरू।
जयपुर के चंदवाजी थाना इलाके में जयपुर-दिल्ली हाईवे पर स्थित अरावली पैलेस रिसॉर्ट में सोमवार दोपहर 12:30 बजे दीवार अचानक ढह गई। निर्माणाधीन रिसॉर्ट में सीवरेज के गड्ढे में 24 से अधिक मजदूर काम कर रहे थे।
दीवार गिरने से गड्ढे में काम कर रहे करीब 20 मजदूर मलबे में दब गए। दो महिलाओं सहित तीन मजदूरों की मौत हो गई। 12 से अधिक घायलों का इलाज निम्स हॉस्पिटल में चल रहा है। मारे गए सभी मजदूर बिहार के रहने वाले थे।
दोपहर में ढही दीवार, मच गई चीख-पुकार
सोमवार दोपहर करीब 12:30 बजे का वक्त था। रिसॉर्ट के निर्माण स्थल पर मजदूर सीवरेज के गड्ढे को ठीक करने का काम कर रहे थे। अचानक सीमेंट के ब्लॉक से बनी दीवार ढह गई।
मलबा सीधे गड्ढे में काम कर रहे मजदूरों पर जा गिरा। देखते ही देखते करीब 20 मजदूर मलबे में दब गए। घटनास्थल पर चीख-पुकार मच गई।
पानी पीने ऊपर आई, जान बच गई
बिहार के गयाजी की रहने वाली ममता की कहानी दिल दहला देती है। उसका भाई रामजी मांझी उसी गड्ढे में काम कर रहा था। रामजी सीमेंट के ब्लॉक लेकर जा रहा था, तभी दीवार गिर गई और वह मलबे में दब गया।
ममता उस वक्त पानी पीने के लिए गड्ढे से ऊपर आ गई थी। इसी वजह से उसकी जान बच गई। भाई की मौत की खबर सुनकर वह बिलख पड़ी।
पोटली में लाया गया महिला का शव
जब मलबा हटाया गया तो एक महिला का शव बुरी तरह क्षत-विक्षत मिला। शव की हालत इतनी खराब थी कि उसे पोटली में बांधकर गड्ढे से ऊपर लाया गया।
इस दृश्य ने मौके पर मौजूद सभी लोगों को झकझोर दिया। हादसे में बिहार के रामजी मांझी, सविता और एक अन्य महिला की जान गई।
जेसीबी से हटाया गया मलबा, रेस्क्यू जारी
सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे। स्थानीय लोगों की मदद से रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू हुआ। जेसीबी (JCB) मशीन से सीमेंट के ब्लॉक और मिट्टी का मलबा हटाया गया।
मलबे में दबे मजदूरों को एक-एक कर बाहर निकाला गया। घायलों को तुरंत निम्स (National Institute of Medical Sciences) हॉस्पिटल पहुंचाया गया।
मंत्री और कलेक्टर पहुंचे मौके पर
हादसे की गंभीरता को देखते हुए राज्य के मंत्री जोगाराम पटेल और जयपुर जिला कलेक्टर संदेश नायक घटनास्थल पर पहुंचे। दोनों ने हादसे से जुड़ी पूरी जानकारी ली।
पुलिस ने तीन मजदूरों की मौत की आधिकारिक पुष्टि कर दी है। निर्माण कार्य में सुरक्षा मानकों के पालन को लेकर भी जांच शुरू कर दी गई है।
बिहार के मजदूर थे, परिजनों को दी सूचना
हादसे में जान गंवाने वाले और घायल होने वाले ज्यादातर मजदूर बिहार के रहने वाले थे। मृतकों के परिजनों को सूचित किया जा रहा है। पुलिस हादसे के कारणों की जांच कर रही है।
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