फ्लैट में नशीले पदार्थों की फैक्ट्री का भंडाफोड़, 2 करोड़ का ड्रग्स बरामद
News In Short
- जोधपुर में 48 घंटे के भीतर नशे के खिलाफ दूसरी बड़ी सफलता।
- पॉश कॉलोनी के एक फ्लैट में चल रहा था ड्रग्स का काला कारोबार।
- तलाशी के दौरान फ्लैट से बड़ी मात्रा में नशीला पदार्थ बरामद।
- पुलिस ने एक व्यक्ति को किया गिरफ्तार, मास्टरमाइंड फरार।
- मारवाड़ में ड्रग्स नेटवर्क को ध्वस्त करने का अभियान।
News In Detail
Jodhpur: राजस्थान के जोधपुर में नशीले पदार्थों के खिलाफ एंटी गैंगस्टर टास्क फोर्स (एीजीटीएफ) ने बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने यहां एक पॉश कॉलोनी में चल रहे ड्रग्स के काले कारोबार का पर्दाफाश किया। पुलिस ने करीब 2 करोड़ रुपये मूल्य की ड्रग्स और अन्य नशीले पदार्थ जब्त किए हैं। 48 घंटों के भीतर टास्क फोर्स की यह दूसरी बड़ी कार्रवाई है। इसने मारवाड़ क्षेत्र में फैले नशे के सौदागरों के जाल को हिला कर रख दिया है।
गेट तोड़कर फ्लैट में घुसी पुलिस, मास्टरमाइंड फरार
यह कार्रवाई जोधपुर के चौपासनी हाउसिंग बोर्ड थाना क्षेत्र में आने वाली पॉश सोसाइटी आशापूर्णा प्लेटिनम में की गई। पुलिस को सूचना मिली थी कि सोसाइटी के एक फ्लैट में अवैध नशीली दवाओं का जखीरा छिपाया गया है। जब पुलिस टीम मौके पर पहुंची तो आरोपी भरत विश्नोई एक महिला के साथ वहां से फरार होने में कामयाब रहा। पुलिस को अंदर घुसने के लिए फ्लैट का दरवाजा तोड़ना पड़ा।
ये बरामद हुआ नशीला पदार्थ
तलाशी के दौरान अलमारी से एक बैग बरामद हुआ। इसमें भारी मात्रा में नशीले पदार्थ मिले। पुलिस ने फ्लैट से 366 ग्राम एमडी ड्रग्स, 1.178 किलोग्राम केमिकल और पाउडर, पैकेट एवं पाउच में 2000 से अधिक नशीली गोलियां बरामद की। साथ ही फ्लैट से नशीले पदार्थ बनाने में इस्तेमाल होने वाला कच्चा माल और अन्य उपकरण भी बरामद किए गए हैं।
कर्ज के दलदल ने बनाया अपराधी
पुलिस ने इस मामले में गणपत लाल नामक व्यक्ति को गिरफ्तार किया है। पूछताछ के दौरान गणपत ने चौंकाने वाले खुलासे किए। उसने बताया कि वह भारी कर्ज में डूबा हुआ था। उसकी इसी मजबूरी का फायदा मास्टरमाइंड भरत विश्नोई उर्फ लक्की ने उठाया। भरत ने उसे कर्ज उतारने का लालच देकर ड्रग्स के इस अवैध धंधे में धकेल दिया। गणपत के अनुसार, वह तो केवल एक मोहरा है, जबकि असली खेल भरत विश्नोई चला रहा था।
48 घंटे में दूसरी बड़ी स्ट्राइक
अतिरिक्त महानिदेशक पुलिस IPS दिनेश एमएन के निर्देशन में AGTF ने मारवाड़ में ड्रग्स नेटवर्क को ध्वस्त करने का अभियान छेड़ रखा है। इस कार्रवाई से दो दिन पूर्व ही टीम ने बनाड़ क्षेत्र में एक घर की छत पर चल रही अवैध ड्रग फैक्ट्री का पर्दाफाश किया था। लगातार हो रही इन कार्रवाइयों से यह स्पष्ट है कि शहर के वीआईपी इलाकों और रिहायशी सोसायटियों को नशे के तस्कर सुरक्षित ठिकाने के रूप में इस्तेमाल कर रहे हैं।
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