अब तक ग्यारह भर्तियों की जांच में चार सौ से ज्यादा सरकारी कर्मचारी गिरफ्तार, सबसे ज्यादा शिक्षा विभाग के
राजस्थान में भर्ती परीक्षाओं में धांधली और पेपर लीक के मामलों की जांच कर रहे राजस्थान स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप लगातार एक्शन मोड में काम कर रहा है। भर्ती परीक्षाओं में धांधली और पेपर लीक से जुड़े मामलों में शामिल सरकारी कर्मचारियों और अधिकारियों पर भी शिकंजा कसा है।
SOG की जांच (SOG Investigation) में धांधली और पेपर लीक में शामिल पाए जाने पर अब तक 400 से ज्यादा सरकारी कर्मचारियों को गिरफ्तार किया गया है, जबकि इनमें से 150 सरकारी कर्मचारियों को सरकार ने सेवा से बर्खास्त कर दिया है। इनमें सबसे ज्यादा शिक्षा विभाग के कर्मचारी हैं।
SOG ने 11 भर्तियों की जांच की
स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (SOG) के ADG विशाल बंसल ने जानकारी दी है। अब तक SOG ने 11 भर्ती परीक्षाओं में धांधली और पेपर लीक (Paper Leak) की शिकायतों की जांच की है। इन मामलों में 400 से ज्यादा सरकारी कर्मचारियों की भूमिका सामने आई।
उनके खिलाफ पुख्ता सबूत इकट्ठा कर उन्हें जेल भेजा गया। जिन विभागों में ये कर्मचारी कार्यरत थे, उनसे लगातार पत्राचार कर 150 कर्मचारियों को सेवा से बर्खास्त करवाया गया।
SOG की डेडिकेटेड सेल कर रही काम
स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (SOG) में एक डेडिकेटेड सेल काम कर रही है। यह सेल उन विभागों से समन्वय बनाकर काम कर रही है जिनमें दागी कर्मचारी कार्यरत हैं। बाकी बचे दागी सरकारी कर्मचारियों को बर्खास्त करने की कवायद जारी है। SOG की राडार पर चल रही 11 भर्तियों में और कौन-कौन आरोपी शामिल हैं, इसे लेकर भी अनुसंधान जारी है।
दो और भर्तियां जांच के दायरे में
अब तक स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (SOG) ने कुल 11 प्रतियोगी परीक्षाओं की जांच की है। अब दो और भर्ती परीक्षाओं में धांधली और पेपर लीक की शिकायतें मिली हैं। SOG ने इन दो भर्ती परीक्षाओं को भी जांच के दायरे में लिया है।
परीक्षा करवाने वाली एजेंसियों से भर्ती से जुड़े दस्तावेज मांगे गए हैं। इनका गहनता से अनुसंधान किया जा रहा है। इन दोनों भर्तियों में जिनकी भी भूमिका सामने आएगी, उन्हें भी जेल भेजा जाएगा।
राजस्थान की किन भर्तियों की हो रही जांच?
स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (SOG) कई बड़ी भर्तियों की जांच कर रहा है। इनमें SI भर्ती-2021, वरिष्ठ अध्यापक भर्ती-2022, स्कूल लेक्चरर भर्ती-2022 शामिल हैं। इसके अलावा महिला सुपरवाइजर भर्ती-2018, प्रयोगशाला सहायक भर्ती और शारीरिक शिक्षक भर्ती की भी जांच हो रही है। कुल 11 भर्तियों में गड़बड़ियों और पेपर लीक के आरोपों की SOG जांच कर रहा है।
पहले भी हो चुकी है बड़ी कार्रवाई
राजस्थान सरकार (Rajasthan Government) ने पहले भी पेपर लीक पर सख्ती दिखाई है। पिछले ढाई साल में 163 FIR दर्ज हुई हैं। इनमें 569 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है।
SI भर्ती मामले में 150 लोग गिरफ्तार हुए हैं। इनमें 71 सब-इंस्पेक्टर भी शामिल हैं। राजस्थान लोक सेवा आयोग (RPSC) के पूर्व सदस्य बाबूलाल कटारा और रामूराम राईका को भी गिरफ्तार किया गया था। अब तक 188 लोक सेवकों की सेवाएं समाप्त की जा चुकी हैं।
यह खबर राजस्थान के लाखों युवाओं के भविष्य से जुड़ी है। भर्ती परीक्षाओं में धांधली और पेपर लीक से ईमानदार अभ्यर्थियों की सालों की मेहनत बेकार हो जाती है। एसओजी की सख्त कार्रवाई यह संदेश देती है कि दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा।