जन्माष्टमी: सांवरिया सेठ को 8 महीने में 59 लाख की विदेशी करेंसी, मुस्लिम देशों से चढ़ावा

Saurabh Mishra | Sept 04, 2026, 14:34 IST
सांवरिया सेठ में विदेशी चढ़ावे की धूम
चित्तौड़गढ़ के श्री सांवरिया सेठ मंदिर के भंडार में आठ महीनों में 60 देशों की मुद्राएं मिली हैं। इनकी कुल कीमत करीब 59 लाख रुपए आंकी गई है। इसमें मुस्लिम बहुल देशों की करेंसी भी शामिल है।

समझें क्या है पूरा मामला

  • सांवरिया सेठ के भंडार में 60 देशों की करेंसी।
  • मुस्लिम बहुल देशों से भी पहुंचा भगवान को चढ़ावा।
  • आठ महीने में मिले 59 लाख कीमत की विदेशी करेंसी।
  • सबसे ज्यादा चढ़ावा अमेरिकी डॉलर में आया।
  • व्यापारी मानते हैं सांवरिया सेठ को बिजनेस पार्टनर।

देशभर में शुक्रवार को श्रीकृष्ण जन्माष्टमी मनाई जा रही। राजस्थान के श्री सांवरिया सेठ मंदिर में भी भक्तों का तांता लगा है। इस मंदिर को लेकर सिर्फ भारत में ही नहीं, बल्कि विदेशों में भी बड़ी आस्था है। इसका सबूत है यहां विदेशों से आ रहा भारी चढ़ावा। बीते आठ महीनों में मंदिर के खजाने में 60 देशों की करेंसी मिली हैं। सबसे ज्यादा अमेरिकी डॉलर मिले।



मुस्लिम बहुल देशों से भी मंदिर के खजाने में करेंसी पहुंची है। कुल विदेशी मुद्रा की कीमत करीब 59 लाख रुपए आंकी गई। यहां यूएई, कुवैत, ऑस्ट्रेलिया, कनाडा सहित एशिया, यूरोप और अफ्रीका के देशों से लोग चढ़ावा भेज रहे।



सांवरिया सेठ मंदिर में विदेशों से आ रहा चढ़ावा

श्रीसांवलिया सेठ मंदिर में इस वर्ष अब तक सबसे ज्यादा 45351 अमेरिकी डॉलर मिले हैं। इसके बाद 21485 यूएई दिरहम, 1310.25 कुवैती दिनार, 1,367 ऑस्ट्रेलियाई डॉलर और 1,630 कनाडाई डॉलर मिले हैं।



मंदिर के भंडार में मिली अलग-अलग देशों की करेंसी को अमेरिकी डॉलर में बदलने पर इनका कुल मूल्य 62800 अमेरिकी डॉलर आंका गया है। प्रचलित विनिमय दर के आधार पर यह राशि भारतीय करेंसी में करीब 59 लाख रुपए है।



मुस्लिम देशों से भी सांवरिया सेठ मंदिर में आ रहा चढ़ावा

भगवान सांवलिया सेठ का मंदिर मेंबीते 16 अप्रैल की गणना में एक बार में 21127 अमेरिकी डॉलर मिले थे। वहीं 11 अगस्त को सांवरिया सेठ मंदिर में ही हुई गिनती में 8955 यूएई दिरहम मिले थे। फरवरी-मार्च में ईरान के 4,63,500 रियाल और वियतनाम के 2,29,000 डोंग भी मिले।



सांवरिया सेठ मंदिर के खजाने में मुस्लिम बहुल देशों की करेंसी भी पहुंच रही। पिछले 8 महीनों के आंकड़ों में यूएई से 21485 दिरहम मिले हैं। इसके अलावा ईरान से 468500 रियाल और इंडोनेशिया से 1,63,000 रुपया भी चढ़ावे के रूप में मिला।



वहीं पड़ोसी देश पाकिस्तान, बांग्लादेश और खाड़ी देशों कुवैत, सऊदी अरब, ओमान, बहरीन व कतर की मुद्राएं भी भंडार में मिली हैं।



अधिकृत बैंकों से बदली जाती है करेंसी

चित्तौड़गढ़ का सांवलिया सेठ मंदिरके मुख्य कार्यपालक अधिकारी दिनेश चंद्र धाकड़ ने बताया कि मंदिर मंडल विदेशी नोटों को भारतीय रिजर्व बैंक यानी RBI से अधिकृत बैंकों के जरिए भारतीय रुपए में परिवर्तित करवाता है। प्राप्त राशि का उपयोग मंदिर के भंडारे और सामाजिक-धार्मिक सेवा कार्यों में किया जाता है।



भगवान को मानते हैं बिजनेस पार्टनर

चित्तौड़गढ़ के मंडफिया गांव में स्थित श्री सांवरिया सेठ मंदिर अपनी अलग मान्यताओं और भक्तों की गहरी आस्था के लिए जाना जाता है। यहां खासतौर पर व्यापारी भगवान सांवरिया सेठ को अपने बिजनेस पार्टनर के रूप में मानते हैं।



मान्यता के अनुसार लोग अपने व्यापार के मुनाफे का कुछ हिस्सा भगवान के नाम पर निकालकर मंदिर में चढ़ाते हैं। इसी वजह से मंदिर में हर महीने बड़ी मात्रा में चढ़ावा आने की जानकारी सामने आती है।



FAQ

  1. सांवरिया सेठ मंदिर के खजाने में कितनी कीमत की विदेशी करेंसी मिली है?
    बीते 8 महीने में मंदिर के भंडार में 60 देशों की करेंसी मिली हैं, जिनकी कीमत करीब 62800 अमेरिकी डॉलर आंकी गई। भारतीय मुद्रा में यह राशि करीब 59 लाख रुपए बैठती है।
  2. सांवरिया सेठ मंदिर में सबसे ज्यादा किस देश की करेंसी मिली?
    इस साल अब तक सबसे ज्यादा 45351 अमेरिकी डॉलर मिले। इसके बाद यूएई दिरहम, कुवैती दिनार, ऑस्ट्रेलियाई डॉलर और कनाडाई डॉलर का नंबर आता है।
  3. विदेशी मुद्रा का इस्तेमाल कैसे किया जाता है?
    मंदिर मंडल विदेशी नोटों को RBI से अधिकृत बैंकों के जरिए भारतीय रुपए में एक्सचेंज कराता है। इस राशि का उपयोग मंदिर के भंडारे और सामाजिक-धार्मिक सेवा कार्यों में किया जाता।

यह खबरें भी पढ़ें...



भक्त की अनूठी श्रद्धा, सांवलिया सेठ को अर्पित किया चांदी का साफा



सांवरिया सेठ मंदिर प्रसाद का ठेका दिलाने का झांसा, लेडी डॉन ने 2.45 करोड़ ठगे



श्रीसांवलिया सेठ मंदिर में मासिक भंडार खुला, अब तक 29 करोड़ की दानराशि



राजस्थान निकाय चुनाव: जयपुर पहुंचे भाजपा संगठन मंत्री बीएल संतोष, तैयारियों पर होगी चर्चा



Tags:
  • राजस्थान
  • भगवान सांवलिया सेठ का मंदिर
  • चित्तौड़गढ़ का सांवलिया सेठ मंदिर
  • जन्माष्टमी
  • श्रीसांवलिया सेठ मंदिर