बाबा बर्फानी के दर्शन से पहले अमरनाथ मार्ग पर जन्नत का अहसास कराएंगे ये स्पॉट्स

Kaushiki | Jul 12, 2026, 15:55 IST
साल 2026 में अमरनाथ यात्रा 3 जुलाई से शुरू हो गया है। इस यात्रा में श्रद्धालुओं को बाबा बर्फानी के दिव्य दर्शन के साथ कश्मीर की खूबसूरत वादियों जैसे धरती के स्वर्ग कहे जाने वाले पांच अद्भुत स्पॉट्स को देखने का मौका मिलेगा।
1 7 अमरनाथ यात्रा में बाबा बर्फानी के दर्शन
Amarnath Yatra

अमरनाथ यात्रा हर साल लाखों शिवभक्तों की आस्था का सबसे बड़ा केंद्र बनती है। ये सफर हिमालय की गोद में बसी अद्भुत प्राकृतिक सुंदरता को करीब से देखने का एक बेहतरीन मौका भी देता है। साल 2026 में यह यात्रा 3 जुलाई से शुरू गया है। इसके लिए श्रद्धालुओं का उत्साह चरम पर है। आइए जानें अमरनाथ यात्रा मार्ग के 5 सबसे खूबसूरत पड़ाव...

2 7 जम्मू कश्मीर की डल झील
Amarnath Yatra

अगर आपकी यात्रा श्रीनगर से शुरू हो रही है, तो बर्फ से ढके पहाड़ों के बीच डल झील घूमना बिल्कुल न भूलें। यहां रंग-बिरंगे शिकारे और हाउसबोट में ठहरने का अनुभव बेहद शानदार होता है, जहां का सनसेट किसी फिल्मी सीन जैसा दिखता है। ये खूबसूरत नजारा यात्रियों के मन को शांति देता है।

3 7 हरियाली से भरा पहलगाम
Amarnath Yatra

पहलगाम अमरनाथ यात्रा का मेन बेस कैंप है, जो समुद्र तल से करीब 72 सौ फीट की ऊंचाई पर देवदार के जंगलों के बीच बसा है। यहां बहती लिद्दर नदी और हरी-भरी वादियां हर किसी का दिल जीत लेती हैं। अधिकांश श्रद्धालु अपनी पारंपरिक पैदल यात्रा की शुरुआत इसी खूबसूरत जगह से करते हैं।

4 7 खूबसूरत बेताब वैली
Amarnath Yatra

पहलगाम के पास स्थित बेताब वैली कश्मीर के सबसे फेमस टूरिस्ट स्पॉट्स में से एक मानी जाती है। साल 1983 की प्रसिद्ध फिल्म बेताब की शूटिंग के बाद से इस हरी-भरी घाटी का नाम ये पड़ा था। यहां के बर्फीले पहाड़ और देवदार के ऊंचे पेड़ फोटोग्राफी के लिए सबसे बेहतरीन माने जाते हैं।

5 7 रोमांचक पड़ाव चंदनवाड़ी
Amarnath Yatra

चंदनवाड़ी को अमरनाथ यात्रा का पहला सबसे प्रमुख पड़ाव माना जाता है। यहां से आगे की कठिन चढ़ाई शुरू होती है। इस जगह पर चारों ओर बिखरी बर्फ की चादर, ठंडी हवाएं और बहते प्राकृतिक झरने अद्भुत माहौल बनाते हैं। यहां रुककर यात्री कुछ समय विश्राम करते हैं और पहाड़ों के रोमांच का आनंद लेते हैं।

6 7 नीले पानी की शेषनाग झील
Amarnath Yatra

समुद्र तल से करीब 11 हजार 700 फीट की ऊंचाई पर बसी शेषनाग झील इस पूरी यात्रा का सबसे पवित्र पड़ाव है। चारों तरफ ऊंचे बर्फीले पहाड़ों के बीच इस झील का शांत नीला पानी किसी स्वर्ग जैसा अहसास कराता है। धार्मिक मान्यताओं के मुताबिक, इस गहरी और शांत झील का सीधा संबंध शेषनाग जी से माना जाता है।

7 7 अंतिम पड़ाव पंचतरणी
Amarnath Yatra

अमरनाथ गुफा से ठीक पहले आने वाला पंचतरणी का मैदान बेहद खूबसूरत और शांति से भरा हुआ क्षेत्र है। यहां पहाड़ों के बीच से पांच पवित्र जलधाराएं बहती हैं, जिसके कारण इस जगह का नाम पंचतरणी पड़ा है। यहां पहुंचकर श्रद्धालुओं की गुफा तक जाने की उत्सुकता और भोलेनाथ के प्रति भक्ति बहुत बढ़ जाती है।