National Film Awards 2025: शाहरुख-रानी को मिला सम्मान, मोहनलाल को मिला दादा साहब फाल्के अवॉर्ड
हाल ही में नई दिल्ली में आयोजित हुए 71वें National film awards में भारत की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने भारतीय सिनेमा के कई बड़े कलाकारों को उनके उत्कृष्ट योगदान के लिए सम्मानित किया। यह गरिमापूर्ण समारोह विज्ञान भवन में हुआ, जहाँ देश की कई मशहूर हस्तियां मौजूद थीं।
मलयालम फिल्मों के सुपरस्टार मोहनलाल को भारतीय सिनेमा का सबसे बड़ा सम्मान, यानी दादा साहेब फाल्के अवॉर्ड मिला। यह सम्मान उन्हें 400 से ज्यादा फिल्मों में उनके बेहतरीन योगदान के लिए दिया गया।
सुपरस्टार शाहरुख खान को उनकी सुपरहिट फिल्म 'जवान' के लिए पहला नेशनल अवॉर्ड मिला। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने उन्हें बेस्ट एक्टर का यह सम्मान दिया, जो उनके 30 साल के करियर में एक बड़ी उपलब्धि है।
एक्ट्रेस रानी मुखर्जी को उनकी फिल्म 'मिसेज चटर्जी वर्सेज नॉर्वे' में शानदार एक्टिंग के लिए बेस्ट एक्ट्रेस का नेशनल अवॉर्ड मिला। यह अवॉर्ड उनकी दमदार परफॉर्मेंस के लिए दिया गया है।
फिल्म '12वीं फेल' में अपनी जबरदस्त एक्टिंग के लिए विक्रांत मैसी को बेस्ट एक्टर का अवॉर्ड मिला। यह अवॉर्ड उनकी मेहनत और शानदार परफॉर्मेंस का नतीजा है।
फिल्म 'रॉकी और रानी की प्रेम कहानी' के लिए करण जौहर को बेस्ट पॉपुलर फिल्म का नेशनल अवॉर्ड मिला। यह उनके लिए एक भावुक पल था, क्योंकि 27 साल बाद उनकी पहली फिल्म 'कुछ कुछ होता है' की तरह उन्हें फिर इसी कैटेगरी में सम्मान मिला।
'12वीं फेल' को बेस्ट फीचर फिल्म का अवॉर्ड मिला, जबकि 'कटहल: ए जैकफ्रूट मिस्ट्री' को बेस्ट हिंदी फिल्म चुना गया। इन फिल्मों ने नेशनल अवॉर्ड्स में अपनी पहचान बनाई।
गुजराती फिल्म 'वश' में बेहतरीन अभिनय के लिए एक्ट्रेस जानकी बोड़ीवाला को नेशनल अवॉर्ड मिला। इस सम्मान ने गुजराती सिनेमा की पहचान को भी बढ़ाया है।
फिल्म 'द केरला स्टोरी' के निर्देशक सुदीप्तो सेन को बेस्ट निर्देशन का नेशनल अवॉर्ड मिला। यह सम्मान उनके निर्देशन की काबिलियत और मेहनत का नतीजा है।
फिल्म 'जवान' के हिट गाने 'चलेया' के लिए गायिका शिल्पा राव को सर्वश्रेष्ठ महिला पार्श्वगायिका का नेशनल अवॉर्ड मिला। इस अवॉर्ड ने फिल्म की सफलता में एक और सम्मान जोड़ दिया।