सिंहासन छत्तीसी : BJP MLA ने दी खुलेआम महिला नेता को गाली,एकात्म परिसर में अखाड़ा
RAIPUR : छत्तीसगढ़ में सत्ता के गलियारों का पार बहुत गर्म है। मामला संस्कारित कही जाने वाली सत्ताधारी पार्टी बीजेपी के विधायक से जुड़ा हुआ है। विधायकजी ने आव देखा न ताव और पार्टी के कार्यालय में ही महिला नेत्री को गाली बक दी। गाली खुलेआम लोगों के बीच में दी गई थी इसलिए यह खबर जंगल में आग की तरफ फैल गई। वहीं चर्चा तो नकटी की भी बहुत । यहां ऐसी आग लगी है जो बुझने का नाम नहीं ले रही। सड़क से सदन तक इसी की चर्चा है। अब इस चर्चा का दूसरा पहलू शुरु हो गया है। कहा जा रहा है कि यहां पर कई माननीयों की जमीनें हैं इसलिए नकटी को खाली करवाया जा रहा है। सरकार के मंत्री के परिवार की भी जमीन यहां पर बताई जा रही है। यही नहीं पूर्व स्पीकर के परिजन भी यहीं पर खेती करते हैं। इसके अलावा बिल्डरों ने भी यहां पर बड़े प्लान तैयार कर रखे हैं। वहीं एक सज्जन हैं जो सरकार बदलने पर पलटीमार देते हैं। कांग्रेस सरकार थी तो उसकी चाकरी करते थे और अब बीजेपी सरकार है तो इसमें भी मलाईदार पोस्ट पर बैठ गए हैं। छत्तीसगढ़ के राजनीतिक और प्रशासनिक गलियारों की ऐसी ही अनसुनी खबरों के लिए द सूत्र पर पढ़िए सिंहासन छत्तीसी
गालीबाज विधायकजी :
बीजेपी अक्सर अपने चेहरा,चाल,चरित्र का दावा करती है। छत्तीसगढ़ सरकार महिलाओं के लिए महतारी वंदन योजना चला रही है तो मोदी सरकार बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ का नारा देती रही है। महिलाओं को 33 फीसदी सीटें देने के लिए नारी शक्ति वंदन अधिनियम भी लाया गया। यह सब बात हम इसलिए बता रहे हैं क्योंकि बीजेपी के विधायक ही महिलाओं को गाली दें यह चरित्र शोभा नहीं देता। यह विधायक रायपुर से ही आते हैं। बीजेपी कार्यालय में इन विधायक की विधानसभा के कार्यकर्ताओं की बैठक बुलाई गई। बैठक के बाद सभी कार्यकर्ताओं के सामने विधायक ने इनके क्षेत्र की युवा महिला नेता को खुलेआम गाली दे दी। गाली भी कोई साधारण नहीं बल्कि अश्लील गाली। महिला नेता क्या करती, वो झेंप गई। दरअसल ये विधायक इन दिनों अपनी टिकट को लेकर भयभीत हैं। इनका अपने क्षेत्र के लोगों के बीच संपर्क,संवाद और सक्रियता नहीं है। इसलिए इनको टिकट कटने का डर सताने लगा है। संगठन की करीबी ये महिला नेता उसी विधानसभा क्षेत्र से टिकट की सबसे मजबूत दावेदार हैं। विधायकजी इस महिला नेता के खिलाफ अभियान चलाने लगे हैं। और यही कारण है कि उन्होंने इस महिला नेता को देखा तो गालीगलौज पर उतर आए। भगवान भक्त विधायकजी को देखना चाहिए था कि ये चौक चौराहा है या पार्टी कार्यालय। खैर अब बारी पार्टी की है कि वो इनका इलाज कैसे करती है।
कांग्रेस की चाकरी के बाद अब बीजेपी में कमाई:
रामचरित मानस में गोस्वामी तुलसीदास ने एक चौंपाई लिखी है। जेहि विधि होय नाथ हित मोरा, करों सो बेगी दास में तोरा। बीजेपी सरकार में ऐसे ऐसे काम हो रहे हैं जो वाकई अचंभे में डाल देते हैं। यह चौंपाई सत्ता के शीर्ष में अहम पद पर नियुक्त हुए एक सज्जन के लिए बिल्कुल सटीक बैठती है। बीजेपी और संघ के कथित तौर पर करीबी माने जाने वाले इन सज्जन को देखकर लोग कई चर्चाएं कर रहे हैं। जब प्रदेश में कांग्रेस की सरकार थी तब भी यह सज्जन सत्ता के करीबी हुआ करते थे। वहां से इनकी आमदनी खूब चलती रही। तब इन्होंने बीजेपी की तरफ झांकना भी छोड़ दिया। अब जब बीजेपी की सरकार बनी तो यह तत्काल इनके खेमे में टपक पड़े। इन्होंने इतनी चाकरी कर ली कि बड़े लोगों ने सरकार में इनकी ताजपोशी करा दी। यह किसी को नजर नहीं आया कि पहले ये कांग्रेस की चाकरी करते थे। चूंकि यह शीर्ष के अहम पद पर पहुंचे तो इनकी इनकम वेतन के अलावा अलग से कर दी गई। और अलग की यह इनकम कोई थोड़ी बहुत नहीं बल्कि लाखों में है। सूत्र बताते हैं कि इनको अभी सात लाख 80 हजार रुपए का ऑर्डर हुआ हैं। खैर सत्ता का दास बनने से कमाई हो रही है तो इसमें बुराई ही क्या है। जय श्रीकृष्णा।
मंत्रीजी को पसंद नकटी :
इन दिनों नकटी विवाद बहुत चर्चा में है। कोई अतिक्रमण हटा रहा है तो कोई पदयात्रा निकाल रहा है। नकटी में रसूखदारों की जमीनें भी बाहर आ रही हैं। लोग कह रहे हैं कि यह सारा कांड इसीलिए हो रहा है। सूत्र बता रहे हैं कि नकटी में मंत्रीजी के परिवार की भी जमीन है। यह जमीन उनके नाम पर नहीं बल्कि उनके परिवार और करीबियों के नाम पर है। एक मंत्री ने पत्नी के नाम पर जमीन खरीदी रखी है। उनके पास 25 एकड़ कृषि भूमि है। इनके अलावा पूर्व स्पीकर के परिवार के लोगों ने भी यहीं पर जमीन खरीद रखी है। उनके पास 35 एकड़ से ज्यादा कृषि भूमि है। इनके साथ ही कई रसूखदार बिल्डर भी यहां पर जमीन खरीद चुके हैं। विधायकों के आवास बनाने की बात ही इसीलिए हो रही है ताकि इस जमीन के भाव आसमान पर पहुंच जाएं। नकटी के लोग इनकी कमाई की प्लानिंग में रोड़ा अटका रहे हैं। यही कारण है कि इन पर बुलडोजर चला दिया गया। अब जिसका जो भी दावा हो लेकिन बात तो कुछ है वरना बिना आग के धुआं तो नहीं उठता है।
द सूत्र पर पढ़िए सिंहासन छत्तीसी...
सिंहासन छत्तीसी : दिल्ली मेहरबान तो सब कुछ आसान,3 कैटेगरी की पत्रकार सूची रेडी
सिंहासन छत्तीसी : नाक काट रहे मिनिस्टर, पिछली गली से ग्रिल तोड़कर भागे कलेक्टर
सिंहासन छत्तीसी : IPS अफसर की ED में जाने की आहट, बुलट पर सवार कोतवाल सैंया
सिंहासन छत्तीसी : माननीय ही करा रहे हैं धर्म परिवर्तन,बाबा का मंतर मोटा माल अंदर