ऑपरेशन ब्लैक फॉरेस्ट की सफलता पर छत्तीसगढ़ के जवानों को अमित शाह ने किया सम्मानित

Harrison Masih | Sept 03, 2025, 20:33 IST
Amit Shah honoured cg soldiers Operation Black Forest
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कर्रेगुट्टालु पहाड़ी पर सफल ऑपरेशन ब्लैक फॉरेस्ट में शामिल सुरक्षाबलों को सम्मानित किया। इस अभियान में नक्सलियों का बेस कैंप और सप्लाई चेन नष्ट की गई।

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने ‘ऑपरेशन ब्लैक फॉरेस्ट’ में शामिल सुरक्षा बलों के वीर जवानों से मुलाकात की, और उन्हें सम्मानित किया।यह अभियान कर्रेगुट्टालु पहाड़ी पर चलाया गया था। यह अब तक का सबसे बड़ा एंटी नक्सल ऑपरेशनथा।



इस अवसर पर छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय और उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा भी मौजूद थे। अमित शाह ने जवानों के साहस और शौर्य की प्रशंसा करते हुए कहा कि यह अभियान नक्सल विरोधी अभियानों के इतिहास में एक स्वर्णिम अध्याय के रूप में दर्ज होगा।



उन्होंने कहा कि इस अभियान ने नक्सलियों की ताकत को गहरा झटका दिया है और यह मोदी सरकार की नक्सलवाद को जड़ से समाप्त करने की दृढ़ प्रतिबद्धता को दर्शाता है।



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जवानों के साहस को मिली बधाई

केंद्रीय गृह मंत्री ने कहा कि कठिन परिस्थितियों में, जहां हर कदम पर IED का खतरा था और पहाड़ी इलाकों में अत्यधिक गर्मी व ऊंचाई का सामना करना पड़ा, जवानों ने अभूतपूर्व साहस दिखाते हुए नक्सलियों का बेस कैंप खत्म किया।



उन्होंने बताया कि इस अभियान में नक्सलियों के मैटीरियल डंप और सप्लाई चेन को पूरी तरह नष्ट कर दिया गया।



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नक्सलवाद के खिलाफ मोदी सरकार का संकल्प



नक्सलमुक्त भारत 2026 अभियान के 5 मुख्य बिंदु:

  1. 2026 तक नक्सलवाद खत्म करने का लक्ष्य:
    केंद्र सरकार का संकल्प है कि 31 मार्च 2026 तक देश को पूरी तरह नक्सलवाद से मुक्त किया जाएगा।
  2. बड़े पैमाने पर सुरक्षाबलों की तैनाती:
    CRPF, COBRA, डीआरजी और राज्य पुलिस बलों की संयुक्त कार्रवाई से नक्सली गढ़ों पर लगातार अभियान चल रहे हैं।
  3. ऑपरेशन ब्लैक फॉरेस्ट जैसी सफल कार्रवाइयाँ:
    कर्रेगुट्टालु पहाड़ी पर चलाया गया ऑपरेशन ब्लैक फॉरेस्ट अब तक का सबसे बड़ा नक्सल विरोधी अभियान माना जा रहा है।
  4. विकास को बढ़ावा:
    नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में सड़क, स्कूल, अस्पताल और सरकारी योजनाओं की पहुंच बढ़ाई जा रही है ताकि लोग मुख्यधारा से जुड़ सकें।
  5. आत्मसमर्पण और पुनर्वास नीति:
    सरकार नक्सलियों को आत्मसमर्पण कर मुख्यधारा में लौटने के लिए प्रोत्साहित कर रही है और पुनर्वास योजनाएं चला रही है।

स्थानीय विकास पर जोर

अमित शाह ने कहा कि नक्सलियों ने देश के पिछड़े इलाकों को भारी नुकसान पहुंचाया है। उन्होंने स्कूल, अस्पताल बंद कर दिए और सरकारी योजनाओं को आम लोगों तक पहुंचने से रोक दिया। लेकिन मोदी सरकार के प्रयासों से अब पशुपतिनाथ से लेकर तिरुपति तक लगभग साढ़े 6 करोड़ लोगों के जीवन में विकास और उम्मीद का नया दौर शुरू हो गया है।



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जवानों के लिए बेहतर सुविधाएं

गृह मंत्री ने यह भी कहा कि नक्सलविरोधी अभियानों में घायल और गंभीर शारीरिक क्षति उठाने वाले जवानों के जीवन को बेहतर बनाने के लिए केंद्र सरकार हरसंभव प्रयास कर रही है।



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