बस्तर में महिला हवलदार एसीबी के जाल में, गाड़ी छोड़ने के बदले घूस लेते गिरफ्तार

VINAY VERMA | Jul 23, 2026, 20:30 IST
10 हजार की रिश्वत लेते महिला हवलदार रंगे हाथ गिरफ्तार
बस्तर के कोडेनार थाने में पदस्थ महिला प्रधान आरक्षक पिलेश्वरी साहू को एसीबी ने 10 हजार रुपए रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया। आरोप है कि वह दुर्घटनाग्रस्त ट्रैक्टर छोड़ने और दस्तावेज देने के बदले पैसे मांग रही थीं। आरोपी पर केस दर्ज हुआ है।

समझें क्या है पूरा मामला

Bastar। बस्तर में पुलिस विभाग पर रिश्वतखोरी का दाग फिर गहरा गया। कोडेनार थाने में पदस्थ महिला प्रधान आरक्षक पिलेश्वरी साहू को एंटी करप्शन ब्यूरो (एसीबी) ने 10 हजार रुपए की रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया। कार्रवाई गुरुवार को जगदलपुर एसीबी की टीम ने ट्रैप के जरिए की। आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धारा-7 के तहत केस दर्ज कर लिया गया है।



गाड़ी छोड़ने की कीमत

मामला दुर्घटनाग्रस्त ट्रैक्टर को सुपुर्दनामा पर छोड़ने से जुड़ा है। शिकायतकर्ता बंगालू यादव ने खेती के लिए आयशर ट्रैक्टर खरीदा था। यह ट्रैक्टर गांव बड़े काल्लूर के बुधराम के पास चल रहा था। वर्ष 2025 में ट्रैक्टर-ट्रॉली से गिरने के बाद एक व्यक्ति की इलाज के दौरान मौत हो गई थी। इसके बाद वाहन पुलिस की कार्रवाई में फंस गया।



10 हजार की मांग

शिकायत के मुताबिक, महिला प्रधान आरक्षक पिलेश्वरी साहू जब्त वाहन के दस्तावेज देने और ट्रैक्टर को सुपुर्दनामा पर छोड़ने के एवज में 10 हजार रुपए की रिश्वत मांग रही थीं। बिना पैसे दिए काम नहीं करने की बात कही गई। परेशान होकर शिकायतकर्ता सीधे एसीबी कार्यालय पहुंचा और पूरी जानकारी अधिकारियों को दी।



शिकायत हुई, जाल बिछा

एसीबी ने शिकायत को गंभीरता से लिया। पहले पूरे मामले का सत्यापन कराया गया। शिकायत सही मिलने पर 23 जुलाई को ट्रैप की योजना बनाई गई। तय रणनीति के तहत शिकायतकर्ता को रिश्वत की रकम लेकर भेजा गया। जैसे ही महिला प्रधान आरक्षक ने 10 हजार रुपए लिए, एसीबी की टीम ने मौके पर दबिश देकर उन्हें रंगे हाथ पकड़ लिया।



थाने में मचा हड़कंप

कार्रवाई के बाद कोडेनार थाना परिसर में हड़कंप मच गया। एसीबी अधिकारियों ने मौके पर जरूरी कानूनी प्रक्रिया पूरी की और रिश्वत की राशि जब्त की। इसके बाद आरोपी महिला प्रधान आरक्षक को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी गई। मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच की जा रही है।



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भ्रष्टाचार पर सख्त संदेश

एसीबी का कहना है कि सरकारी काम के बदले रिश्वत मांगने वालों के खिलाफ कार्रवाई लगातार जारी रहेगी। पुलिस विभाग के कर्मचारी भी कानून से ऊपर नहीं हैं। इस कार्रवाई को बस्तर में भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ा संदेश माना जा रहा है। एसीबी ने आम लोगों से भी अपील की है कि यदि कोई शासकीय कर्मचारी काम के बदले रिश्वत मांगे तो उसकी शिकायत करें, ताकि ऐसे मामलों में तत्काल कार्रवाई की जा सके।



FAQ

  1. महिला हवलदार को कितनी रिश्वत लेते पकड़ा गया?
    एसीबी ने महिला प्रधान आरक्षक पिलेश्वरी साहू को 10 हजार रुपए की रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया।
  2. रिश्वत किस काम के बदले मांगी गई थी?
    आरोप है कि जब्त ट्रैक्टर के दस्तावेज देने और वाहन सुपुर्दनामा पर छोड़ने के बदले रिश्वत मांगी गई थी।
  3. आरोपी महिला प्रधान आरक्षक पर कौन-सा केस दर्ज हुआ?
    आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धारा-7 के तहत मामला दर्ज किया गया है।

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