छुट्टी के दिन खुली स्पेशल कोर्ट,रेप पीड़िता की अर्जी पर अर्जेंट सुनवाई
Bilaspur High Court Special Bench urgent hearing of rape victim :
रेप पीड़िता की सुनवाई के लिए स्पेशल कोर्ट छुट्टी के दिन भी खुली। दरअसल, पीड़ित युवती ने एबॉर्शन के लिए कोर्ट में अपील दायर की है। मंगलवार को विंटर विकेशन होने के बाद भी कोर्ट ने इस मामले की सुनवाई की। इसके साथ ही कोर्ट ने कलेक्टर को मेडिकल बोर्ड का गठन करने के निर्देश दिए हैं।
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दो दिन में देनी होगी रिपोर्ट
कोर्ट ने बिलासपुर कलेक्टर को निर्देश दिए हैं कि 26 दिसंबर तक मेडिकल रिपोर्ट पेश कर दी जाए। इसमें बताना होगा कि युवती मी मानसिक और शारीरिक कंडीशन क्या एबॉर्शन के लिए सही है। इसके साथ ही गर्भ की अवस्था, एबॉर्शन के खतरे आदि की जानकारी रिपोर्ट में देनी होगी। मेडिकल बोर्ड में एक स्त्री रोग विशेषज्ञ, एक बाल रोग विशेषज्ञ, एक सोनोलॉजिस्ट को शामिल करना होगा।
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क्या है मामला
जानकारी के अनुसार बिलासपुर की एक युवती दुष्कर्म की वजह से गर्भवती हो गई है। पीड़िता को 21 सप्ताह का गर्भ है। उसने 23 दिसंबर को एबॉर्शन के लिए याचिका दायर की है। उसका कहना है कि वह इसे नहीं रखना चाहती है। इसी मामले की अर्जेंट सुनवाई कोर्ट ने की।
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FAQ
- रेप पीड़िता ने कोर्ट में किस बात के लिए याचिका दायर की है ?
रेप पीड़िता ने एबॉर्शन (गर्भपात) के लिए कोर्ट में याचिका दायर की है। - कोर्ट ने मेडिकल रिपोर्ट के लिए क्या निर्देश दिए हैं ?
कोर्ट ने बिलासपुर कलेक्टर को निर्देश दिए हैं कि 26 दिसंबर तक मेडिकल रिपोर्ट पेश की जाए। इसमें युवती की मानसिक और शारीरिक स्थिति, गर्भ की अवस्था, और एबॉर्शन के खतरे की जानकारी होनी चाहिए। मेडिकल बोर्ड में स्त्री रोग विशेषज्ञ, बाल रोग विशेषज्ञ, और सोनोलॉजिस्ट को शामिल करना होगा। - कोर्ट ने छुट्टी के दिन क्यों सुनवाई की ?
कोर्ट ने छुट्टी के दिन इसलिए सुनवाई की क्योंकि यह मामला अर्जेंट था और पीड़िता ने गर्भपात के लिए याचिका 23 दिसंबर को दायर की थी। पीड़िता का 21 सप्ताह का गर्भ होने के कारण यह मामला अत्यंत महत्वपूर्ण था।