छत्तीसगढ़ में मुआवजा घोटाले पर ED की बड़ी कार्रवाई, 8 ठिकानों पर छापे, लाखों नकदी और चांदी जब्त
NEWS IN SHORT
- ED की छत्तीसगढ़ में बड़ी कार्रवाई, मुआवजा घोटाले के 8 ठिकानों पर छापे
- 66 लाख नकदी और 37 किलो चांदी के बिस्किट जब्त, जमीन घोटाले का भी पर्दाफाश
- Raiur-Visakhapatnam हाइवे परियोजना में मुआवजा हेराफेरी का मामला सामने आया
- सरकारी अधिकारियों की मिलीभगत से बढ़ी मुआवजे की रकम, अवैध लाभ का खुलासा
- ED की जांच जारी, और बड़े नामों के खुलासे की संभावना
NEWS IN DETAIL
Raipur। Chhattisarh ED Raids :छत्तीसगढ़ में जमीन अधिग्रहण मुआवजा घोटाले को लेकर प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने बड़ा एक्शन लिया है। आज मंगलवार को ED की रायपुर जोनल ऑफिस ( land scam) की टीम ने राज्य के कई जिलों में एक साथ छापेमारी कर हड़कंप
मचा दिया। यह कार्रवाई रायपुर-विशाखापट्टनम हाईवे प्रोजेक्ट के लिए जमीन अधिग्रहण में हुए कथित घोटाले से जुड़ी है, जहां मुआवजे के नाम पर सरकारी खजाने को चूना लगाने का खेल सामने आया है।
ED ने 28 अप्रैल 2026 को मनी लॉन्ड्रिंग रोकथाम अधिनियम (PMLA) के तहत अभनपुर, रायपुर, धमतरी और कुरूद में कुल 8 ठिकानों पर दबिश दी।
ED raid :इस दौरान करीब 66.9 लाख रुपए की नगदी, 37 किलो से ज्यादा चांदी के बिस्किट और अन्य चांदी के सामान के साथ डिजिटल डिवाइस और कई अहम दस्तावेज जब्त किए गए हैं। शुरुआती जांच में ही साफ हो गया है कि मामला सिर्फ कागजी हेराफेरी का नहीं, बल्कि सुनियोजित साजिश का है।
money laundering case :ED की जांच की जड़ में ACB/EOW रायपुर की FIR है, जिसमें तत्कालीन एसडीओ (राजस्व) अभनपुर निरभय साहू समेत कई लोगों के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम और IPC की धाराओं में केस दर्ज किया गया था।
आरोप है कि सरकारी अधिकारियों और अन्य लोगों ने मिलीभगत कर जमीन के रिकॉर्ड में हेरफेर किया और फर्जी तरीके से मुआवजा हासिल किया।
जांच में सामने आया है कि आरोपियों ने नेशनल हाईवे एक्ट की धारा 3A की अधिसूचना जारी होने के बाद भी जमीन का स्वामित्व ट्रांसफर कर दिया।
इतना ही नहीं, अधिसूचना से पहले जमीन को छोटे-छोटे हिस्सों में बांटकर मुआवजे की रकम बढ़ाने की साजिश रची गई। इसके बाद बदले हुए खसरा रिकॉर्ड के आधार पर मुआवजा स्वीकृत कराया गया, जिससे रकम कई गुना बढ़ गई।
ED का कहना है कि इस पूरे खेल से सरकार को बड़ा आर्थिक नुकसान हुआ है और आरोपियों ने अवैध तरीके से भारी मुनाफा कमाया है। जब्त दस्तावेज और डिजिटल साक्ष्य अब इस घोटाले की परतें खोलेंगे।
सूत्रों के मुताबिक, इस मामले में और भी बड़े नाम सामने आ सकते हैं। ED ने साफ किया है कि जांच अभी जारी है और आने वाले दिनों में और खुलासे संभव हैं। छत्तीसगढ़ में यह कार्रवाई साफ संकेत है कि जमीन घोटालों पर अब शिकंजा कसना शुरू हो गया है।
महत्वपूर्ण तथ्य
ED ने 28 अप्रैल 2026 को रायपुर, अभनपुर, धमतरी और कुरूद में 8 ठिकानों पर छापे मारे।
66.9 लाख रुपये की नकदी और 37 किलो चांदी के बिस्किट जब्त किए गए है।
आरोपियों ने सरकारी अधिकारियों की मिलीभगत से मुआवजा बढ़ाने की साजिश रची।
मुआवजे की रकम को बढ़ाने के लिए जमीन के खसरा रिकॉर्ड में हेरफेर किया गया।
ED ने मनी लॉन्ड्रिंग रोकथाम अधिनियम (PMLA) के तहत कार्रवाई की गई है।
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