भोपाल बीजेपी ऑफिस बना जनसुनवाई का केंद्र, जनता से सीधे मिल रहे मंत्री
भोपाल स्थित बीजेपी प्रदेश मुख्यालय में हर दोपहर एक अनोखा नजारा होता है। लोग हाथों में अर्जियां लिए कतार में खड़े रहते हैं। इन लोगों की शिकायतें सुनने के लिए दो मंत्री खुद वहां बैठते हैं। पार्टी के सहयोग सेल के त हत यह कार्यक्रम पिछले छह महीनों से चल रहा है। अब तक तीन हजार से ज्यादा आवेदन मिल चुके हैं।
मंत्री दरबार में आम आदमी
आम जनता को किसी मंत्री से मिलना आसान नहीं होता। लेकिन भोपाल में BJP का सहयोग सेल यह काम आसान कर रहा है। यहां हर दोपहर दो मंत्री पार्टी कार्यालय (भोपाल बीजेपी ऑफिस) में बैठकर आम लोगों की बात सुनते हैं। जमीन-मकान के पुराने विवाद, सरकारी नौकरियों में तबादले, प्रशासनिक दखल की मांग- हर तरह की समस्या यहां आती है।
यह कार्यक्रम पिछले छह महीनों से चल रहा है। धीरे-धीरे यह पार्टी की सबसे सक्रिय संगठनात्मक गतिविधियों में से एक बन गया है।
कैसे काम करता है सहयोग सेल
इस पहल की खास बात इसका व्यवस्थित ढांचा है। हर महीने एक रोस्टर जारी होता है। इससे लोग पहले से जान सकते हैं कि किस दिन कौन सा मंत्री उपलब्ध होगा। इसी जानकारी के आधार पर वे अपनी यात्रा की योजना बना सकते हैं।
अर्जी लेकर आने वाले सिर्फ भोपाल के लोग नहीं हैं। प्रदेश के दूर-दराज जिलों से भी लोग यहां पहुंचते हैं। उनके हाथों में अक्सर स्थानीय BJP पदाधिकारियों की सिफारिशी चिट्ठियां होती हैं। यह चिट्ठी अब सुनवाई में प्रवेश के लिए लगभग जरूरी हो गई है।
एमपी बीजेपी प्रदेश मीडिया सेल प्रभारी आशीष उषा अग्रवाल ने बताया कि यह कार्यक्रम पार्टी के सहयोग सेल के तहत चलाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि हर महीने रोस्टर प्रकाशित होता है और रोज दो मंत्री मौजूद रहते हैं। उनका काम यही है कि जो लोग आएं उनकी समस्याएं हल हों। कोई भी, कार्यकर्ता हो या आम नागरिक, यहाँ आ सकता है।
तीन हजार से ज्यादा अर्जियां
पार्टी पदाधिकारियों के मुताबिक अब तक तीन हजार से अधिक आवेदन मिल चुके हैं। जब से राज्य सरकार ने तबादलों की वार्षिक विंडो खोली, तब से आवेदनों की संख्या और तेजी से बढ़ी है।
एक पार्टी सूत्र ने बताया कि कुछ कार्यकर्ता बार-बार अव्यावहारिक मांगें लेकर आते हैं। तबादला सीजन में कुछ लोग पहले तबादले की मांग करते हैं। फिर वही लोग लौटकर तबादला रोकने की अर्जी देते हैं। लेकिन वास्तविक समस्याओं के लिए यह मंच बहुत उपयोगी साबित हुआ है।
संगठन को जोड़ने का जरिया
BJP का दावा है कि अकेले मध्य प्रदेश में उसके सवा करोड़ से ज्यादा सदस्य हैं। ऐसे में यह पहल महज शिकायत निवारण नहीं है। यह पार्टी के विशाल कैडर को संगठन और सरकार दोनों से सीधे जोड़े रखने का एक तरीका भी है।
FAQ
- BJP का सहयोग सेल क्या है?
सहयोग सेल BJP मध्य प्रदेश की एक पहल है जिसके तहत रोज दो मंत्री भोपाल स्थित पार्टी कार्यालय में बैठकर आम लोगों और कार्यकर्ताओं की शिकायतें सुनते हैं। हर महीने पहले से रोस्टर जारी होता है। कोई भी नागरिक यहाँ आकर अपनी समस्या रख सकता है। - सहयोग सेल में किस तरह की शिकायतें आती हैं?
जमीन-मकान के विवाद, सरकारी नौकरियों में तबादले और प्रशासनिक हस्तक्षेप से जुड़ी समस्याएं सबसे ज्यादा आती हैं। तबादला सीजन में आवेदनों की संख्या काफी बढ़ जाती है। अब तक 3,000 से अधिक आवेदन मिल चुके हैं। - क्या आम नागरिक भी सहयोग सेल में जा सकते हैं?
हां, यह सेल सभी के लिए खुला है, सिर्फ पार्टी कार्यकर्ताओं के लिए नहीं। हालांकि प्रवेश के लिए स्थानीय BJP पदाधिकारी की सिफारिशी चिट्ठी लाना अब लगभग जरूरी हो गया है।
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