बीजेपी विधायक पन्नालाल शाक्य के बिगड़े बोल, माता सीता को बताया मौत का सामान

Sandeep Kumar | Aug 18, 2026, 17:09 IST
बीजेपी विधायक पन्नालाल शाक्य
मध्य प्रदेश के गुना में मंगलवार को बलराम महोत्सव हुआ। इस दौरान बीजेपी विधायक पन्नालाल शाक्य ने विवादित बयान दिया है। उन्होंने माता सीता को मौत का सामान बताया है।

समझें क्या है पूरा मामला

  • गुना में दो भाजपा विधायक मंच पर आमने-सामने आए।
  • पन्नालाल शाक्य ने महिलाओं की मौत पर बयान दिया।
  • प्रियंका पेंची ने शाक्य के बयान पर आपत्ति जताई।
  • पेंची ने महिलाओं के बलिदान का जिक्र भी किया।
  • दोनों विधायकों की बहस कार्यक्रम के दौरान सामने आई।

मध्य प्रदेश के गुना में मंगलवार को बलराम महोत्सव हुआ। भाजपा विधायक पन्नालाल शाक्य ने विवादित बयान दिया। उन्होंने माता सीता को ‘मौत का सामान’ बताया। शाक्य ने युद्धों में महिलाओं की मौत नकारी। विधायक प्रियंका पेंची ने मंच से आपत्ति जताई। उन्होंने महिलाओं के बलिदान को याद करने की बात कही।



दो विधायक मंच पर भिड़े

गुना की नानाखेड़ी कृषि उपज मंडी में मंगलवार को बलराम महोत्सव का आयोजन हुआ। इसी दौरान दो भाजपा विधायक आपस में भिड़ गए।



गुना विधायक पन्नालाल शाक्य ने मंच से एक बयान दिया। उन्होंने कहा कि रामायण, महाभारत और अन्य युद्धों में महिलाओं की मौत नहीं हुई। इस बयान पर चांचौड़ा विधायक प्रियंका पेंची ने तुरंत आपत्ति जताई।



शाक्य ने दिए कई उदाहरण

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए शाक्य ने रामायण का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि रावण को उसके भाई ने समझाया था। भाई ने कहा था कि पराई स्त्री को सम्मान से वापस भेज देना चाहिए। इसके बाद शाक्य ने कहा कि रामायण के युद्ध में कोई महिला नहीं मरी। उनके मुताबिक उस युद्ध में सिर्फ पुरुष मारे गए।



शाक्य ने महाभारत का उदाहरण भी दिया। उन्होंने कहा कि महाभारत में एक करोड़ पुरुष मारे गए, लेकिन महिलाएं नहीं मरीं। उन्होंने कहा कि यह बात समझने की जरूरत है।



इसके बाद शाक्य ने पृथ्वीराज चौहान और संयोगिता की कहानी सुनाई। उन्होंने बताया कि संयोगिता के कारण पृथ्वीराज चौहान के 55 सामंत कन्नौज से दिल्ली तक मारे गए थे। शाक्य ने फिर दोहराया कि इन घटनाओं में सिर्फ पुरुष मरे, महिलाएं नहीं।



प्रियंका पेंची ने मंच से टोका

शाक्य की बात सुनकर प्रियंका पेंची चुप नहीं रह सकीं। उन्होंने मंच से ही उन्हें टोक दिया। पेंची ने कहा, "नहीं भाईसाहब, ऐसा नहीं है। ये तो गलत बात है।" उन्होंने आगे कहा कि महिलाओं ने भी बलिदान दिए हैं। उन्होंने यह भी जोड़ा कि वे खुद एक महिला हैं।



शाक्य अपनी बात पर अड़े रहे

पेंची की आपत्ति के बाद भी शाक्य पीछे नहीं हटे। उन्होंने कहा कि उन्होंने बहुत सारी किताबें पढ़ी हैं। उनका दावा था कि उन्हें पता है कि इतिहास में कहां क्या हुआ।



इसके बाद शाक्य ने प्रियंका पेंची से बैठने के लिए कह दिया। कार्यक्रम खत्म होने के बाद भी इस बहस की चर्चा होती रही। महिलाओं के बलिदान को लेकर दिया गया बयान और पेंची की तुरंत आपत्ति, यही कार्यक्रम का मुख्य चर्चा विषय बना रहा।



सीएम भी जुड़े कार्यक्रम से

नानाखेड़ी मंडी में यह राज्य स्तरीय बलराम महोत्सव आयोजित किया गया था। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव भोपाल से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए कार्यक्रम से जुड़े। उन्होंने किसानों को संबोधित भी किया।



कार्यक्रम में गुना विधायक पन्नालाल शाक्य और चांचौड़ा विधायक प्रियंका पेंची के अलावा कई जनप्रतिनिधि मौजूद रहे। कार्यक्रम में अधिकारी, कर्मचारी और बड़ी संख्या में किसान भी शामिल हुए।



प्राकृतिक खेती पर भी बोले शाक्य

बहस के अलावा शाक्य ने कार्यक्रम में प्राकृतिक खेती की बात भी की। उन्होंने कहा कि विदेशी खाद का ज्यादा इस्तेमाल करने से जमीन खराब हो रही है।



उन्होंने किसानों से अपील की कि वे अपनी जमीन को बंजर होने से बचाएं। उन्होंने कहा कि जिस धरती पर अन्न पैदा किया जाता है, उसके प्रति सम्मान का भाव जरूरी है।



किसानों का सम्मान भी हुआ

कार्यक्रम में कई किसानों को सम्मानित किया गया। डिप्टी डायरेक्टर हॉर्टिकल्चर ने किसानों को आधुनिक खेती की जानकारी दी। उन्होंने गुलाब और थाई अमरूद की खेती के बारे में भी बताया। कार्यक्रम का स्वागत भाषण डिप्टी डायरेक्टर एग्रीकल्चर संजीव शर्मा ने दिया।



ये भी पुढ़ें...

विधायक पन्नालाल शाक्य ने अपनी सरकार को घेरा, बोले- लिखा था पत्र, नहीं हुई सफाई



भाजपा विधायक पन्नालाल शाक्य के बदले तेवर, अपने ही मंत्रियों को बताया था नाकारा



एमपी बीजेपी में आरपार: अपने ही मंत्रियों पर भड़के विधायक पन्नालाल शाक्य, कह दी ये बात..



MP Top News : मध्य प्रदेश की बड़ी खबरें, 82 लाख किसानों को कल से मिलेगी खाद



Tags:
  • रामायण
  • मध्य प्रदेश
  • पन्नालाल शाक्य
  • महाभारत
  • विधायक पन्नालाल शाक्य
  • गुना
  • विधायक प्रियंका पेंची