आज फिर 4000 करोड़ का लोन लेगी एमपी सरकार, 4.50 लाख करोड़ के पार पहुंचेगा कुल कर्ज
मध्यप्रदेश सरकार आज (9 सितंबर) फिर 4,000 करोड़ रुपए का कर्ज लेने जा रही है। कर्ज को तीन हिस्सों में लिया जाएगा। इसमें 1,500-1,500 करोड़ रुपए के दो कर्ज होंगे। वहीं, एक कर्ज 1,000 करोड़ रुपए का होगा।
मध्य प्रदेश सरकार इस कर्ज का उपयोग सितंबर में होने वाले सेवा पर्व और अन्य बड़ी परियोजनाओं में करेगी। बता दें कि, इससे पहले एमपी सरकार ने 26 अगस्त को भी 4,800 करोड़ रुपए का कर्ज लिया था।
एमपी सरकार पर बढ़ रहा है कर्ज
चालू वित्त वर्ष में मई, जून, जुलाई और अगस्त में कई बार कर्ज लिया गया है। 9 सितंबर को ऋण के बाद चालू वित्त वर्ष में अब तक उठाया गया कुल कर्ज 31,900 करोड़ रुपए हो जाएगा। वहीं, राज्य पर कुल बकाया कर्ज की राशि बढ़कर 4,53,640.27 करोड़ रुपए हो जाएगी। 31 मार्च 2025 को बकाया कर्ज की स्थिति 4,21,740.27 करोड़ रुपए थी।
इस वित्तीय वर्ष कितना कर्ज लिया
| तारीख | कर्ज की संख्या | कुल राशि | अवधि |
| 7 मई | 2 | ₹5,000 | 12 और 14 साल |
| 4 जून | 2 | ₹4,500 | 16 और 18 साल |
| 8 जुलाई | 2 | ₹4,800 | 16 और 18 साल |
| 30 जुलाई | 2 | ₹4,300 | 17 और 23 साल |
| 5 अगस्त | 3 | ₹4,000 | 18, 20 और 23 साल |
| 26 अगस्त | 2 | ₹4,800 | 20 और 18 साल |
| 9 सितंबर | 3 | ₹4,000 | 17, 19 और 20 साल |
लिमिट के भीतर लोन- एमपी सरकार
लगातार ले रहे कर्ज पर एमपी सरकार ने अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा है कि वह कर्ज लोन लिमिट से भीतर ही ले रही है। वित्त वर्ष 2023-24 में सरकार 12,487.78 करोड़ रुपए के राजस्व अधिशेष (सरप्लस) में थी।
उस दौरान सरकार की कुल आमदनी ₹2,34,026.05 करोड़ और खर्च ₹2,21,538.27 करोड़ था। जिसके चलते सरकार 12,487.78 करोड़ रुपए के सरप्लस में थी।
ये भी पढ़िए... एमपी सरकार कर रही लाड़ली बहना योजना के 1800 रुपए चोरी: जीतू पटवारी
वित्त वर्ष 2024-25 के लिए संशोधित अनुमान के मुताबिक, प्रदेश की आमदनी 2,62,009.01 करोड़ रुपए और खर्च 2,60,983.10 करोड़ रुपए रहने की संभावना है, जिसके अनुसार 1,025.91 करोड़ रुपए का सरप्लस की संभावना है।