एमपी पुलिस में बड़ा फेरबदल, 150 टीआई बने डीएसपी, देखें लिस्ट
BHOPAL. मध्यप्रदेश पुलिस विभाग में बड़ा प्रशासनिक बदलाव हुआ है। गृह विभाग ने 150 निरीक्षकों को उप पुलिस अधीक्षक यानी DSP पद पर पदोन्नति दी है। आदेश 10 सितंबर 2026 को भोपाल से जारी किया गया।
पांच अलग-अलग श्रेणियों से हुई पदोन्नति
आदेश में अफसरों को पांच अलग समूहों में बांटा गया है। पहला समूह जिला बल के निरीक्षकों का है। इसमें 98 अफसर शामिल हैं। दूसरा समूह विशेष सशस्त्र बल यानी विसबल के निरीक्षकों का है। इसमें 33 अफसरों को प्रमोशन मिली है।
तीसरे समूह में रक्षित निरीक्षक शामिल हैं। इस श्रेणी से 12 अफसर डीएसपी बने हैं। चौथा समूह विशेष शाखा के निरीक्षकों का है। इसमें छह अफसरों की पदोन्नति हुई है। पांचवां और आखिरी समूह अंगुली चिन्ह शाखा का है। इससे एक अफसर को प्रमोशन मिला है।
भोपाल में सबसे ज्यादा तैनाती
नई पोस्टिंग में सबसे ज्यादा अफसर भोपाल पुलिस मुख्यालय भेजे गए हैं। कई अफसरों को अनुसूचित जाति जनजाति अत्याचार निवारण यानी अजाक थाना क्षेत्रों में तैनाती दी गई है। कुछ अफसरों को महिला सुरक्षा शाखा में जिम्मेदारी सौंपी गई है।
ग्वालियर में तैनात निरीक्षक अमर सिंह सिकरवार को अजाक शिवपुरी भेजा गया है। देवास में पदस्थ श्याम चन्द्र शर्मा अब अजाक आगर मालवा में डीएसपी होंगे। मैहर में तैनात अनिमेष कुमार द्विवेदी को अजाक कटनी की जिम्मेदारी मिली है।
विसबल से भी हुई बड़ी पदोन्नति
विशेष सशस्त्र बल यानी विसबल के निरीक्षकों में भी बड़ी संख्या में प्रमोशन हुए हैं। इन अफसरों को सहायक सेनानी के पद पर विभिन्न वाहिनियों में भेजा गया है। जैसे गुना वाहिनी में तैनात अजय कुमार सारस्वत को सागर की दसवीं वाहिनी भेजा गया है।
मंडला वाहिनी के हरिओम दीक्षित को ईओडब्ल्यू भोपाल में डीएसपी बनाया गया है। यह दर्शाता है कि प्रमोशन के साथ काम की प्रकृति भी बदली है।
अफसरों को भी मिली नई जिम्मेदारी
रक्षित निरीक्षक से पदोन्नत अफसरों को यातायात और अन्य शाखाओं में भेजा गया है। सिवनी के प्रवीण कुमार नायडू को बालाघाट जोन में उमनि रेंज कार्यालय भेजा गया है। इंदौर शहर के दीपक कुमार पाटिल को सहायक पुलिस आयुक्त बनाया गया है।
विशेष शाखा से पदोन्नत अफसरों को ज्यादातर पुलिस मुख्यालय भोपाल की विशेष शाखा में तैनाती मिली है। उज्जैन के चन्द्रशेखर बाघ इसका उदाहरण हैं।
आदेश का असर
इस बड़े प्रमोशन आदेश से पुलिस महकमे में कई जगह खाली पदों की भरपाई होगी। जिन जिलों में लंबे समय से डीएसपी के पद खाली थे, वहां अब नई तैनाती हो सकेगी। महिला सुरक्षा और अजाक जैसी संवेदनशील शाखाओं में भी अनुभवी अफसर पहुंचेंगे।
यह आदेश अस्थाई रूप से जारी हुआ है। इसका मतलब है कि आगे इसमें बदलाव संभव है। गृह विभाग आने वाले समय में इसे स्थाई भी कर सकता है।
ये भी पढ़ें...
हाईकोर्ट में लगे आरोप: एमपी पुलिस बैंड भर्ती में भ्रष्टाचार, मनमानी की बू, कैसे हुआ खेला
मध्य प्रदेश पुलिस भर्ती: 7500 कॉन्स्टेबल पदों के लिए कब से होंगे आवेदन, जानें डिटेल
TET नहीं देने पर शिक्षक के खिलाफ नहीं होगी कार्रवाई, ग्वालियर HC का बड़ा आदेश
एमपी में मुफ्त या टैक्स फ्री दिखाएं हनुमान अंश, इन विधायकों की सीएम से मांग