न्यू ईयर को लेकर एमपी पुलिस सख्त, सेलिब्रेशन में जरा सी भी गड़बड़ी भारी पड़ेगी, होगी 6 साल की जेल
पूरी खबर को 5 पॉइंट में समझें---
- 28 दिसंबर की शाम से 1 जनवरी की रात तक मध्य प्रदेश में जगह-जगह चेकिंग होगी।
- शराब पीकर वाहन चलाने ड्राइवर पर 10 हजार रुपए का जुर्माना और 6 साल की जेल होगी।
- गुंडा-बदमाशों और अशांति फैलाने वालों पर पुलिस की नजर रहेगी।
- मॉल, होटल, रिसॉर्ट और मंदिरों में भी भारी पुलिस बल तैनात रहेगा।
- डीजीपी के आदेश पर एसपी खुद फील्ड में उतरकर कमान संभालेंगे।
साल 2026 आने में बस 3 दिन ही बाकी है। हर तरफ जश्न की तैयारियां जोरों पर हैं। इस बार मध्य प्रदेश पुलिस न्यू ईयर को लेकर सख्त है। जश्न के नाम पर कानून तोड़ने वालों की जगह हवालात में होगी। डीजीपी कैलाश मकवाना ने राज्य के सभी पुलिस एसपी को निर्देश दिए हैं कि सुरक्षा में कोई चूक न हो। इस बार सुरक्षा व्यवस्था पहले से कहीं ज्यादा सख्त रहने वाली है।
डीजीपी के सख्त निर्देश और जीरो टॉलरेंस
पुलिस महानिदेशक मकवाना ने सभी जिलों के एसपी को आदेश जारी किए हैं। 28 दिसंबर से 1 जनवरी तक प्रदेश में सघन चेकिंग अभियान चलेगा। पुलिस अब जीरो टॉलरेंस की नीति पर काम करने वाली है। इसका मतलब है कि छोटी सी गलती पर भी सख्त कार्रवाई होगी।
शराब पीकर गाड़ी चलाने वालों के खिलाफ पुलिस सख्त एक्शन लेगी। सड़कों पर तेज रफ्तार गाड़ी दौड़ाने वालों पर भी नजर रखी जाएगी।
ये खबर भी पढ़िए...New Year 2026 पर घर पर ही करे दारू पार्टी, सरकार दे रही 500 रुपए में लाइसेंस
महिलाओं की सुरक्षा पहली प्राथमिकता
पिकनिक स्पॉट और मंदिरों में रहेगी भारी भीड़
नए साल पर लोग मंदिरों और पिकनिक स्पॉट पर जाना पसंद करते हैं। उज्जैन महाकाल मंदिर और खजुराहो जैसे स्थानों पर भीड़ बढ़ेगी। इसे देखते हुए इन जगहों पर एक्सट्रा पुलिस बल तैनात किया गया है।
होटल, रिसॉर्ट और मॉल में आने-जाने वालों की पूरी चेकिंग होगी। संसंदिग्ध लोगों और उनकी हरकतों पर नजर रखने के लिए हर जगह कैमरे लगाए जाएंगे।पुलिस ने संचालकों को सुरक्षा नियमों का पालन करने को कहा है।
ये खबर भी पढ़िए...सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर मालथौन आदिवासी मौत मामले में डीजीपी ने गठित की एसआईटी
बदमाशों पर रहेगी पैनी नजर
प्रदेश के सभी गुंडों और बदमाशों की लिस्ट तैयार कर ली गई है। पुलिस इनकी हर गतिविधि पर नजर रख रही है। जो लोग शांति बिगाड़ने की कोशिश करेंगे, पुलिस उन्हें पहले ही रोक देगी या उन पर सख्त एक्शन लेगी।
ऑपरेशन सिंदूर और पुरानी घटनाओं को देखते हुए पुलिस सतर्क है। कुछ भी गलत या बुरा होता है, तो उसकी खबर तुरंत मुख्यालय को दी जाएगी।
सड़क पर उतरेंगे बड़े आफसर
डीजीपी ने कहा है कि अधिकारी सिर्फ ऑफिस में नहीं बैठेंगे। सभी रैंक के अफसर खुद सड़कों पर उतरकर चेकिंग करेंगे। इससे सुरक्षा और बेहतर होगी। रात के समय पुलिस राउंडिंग (MP Police high alert) बढ़ाने के लिए विशेष टीमें बनाई गई हैं। हर जिले के एसपी खुद फील्ड पर जाकर व्यवस्था देखेंगे।