दिवाली से पहले किसानों को मोदी सरकार का बड़ा तोहफा, बढ़ाया गेहूं का MSP रेट, सीएम मोहन ये बोले
केंद्र सरकार ने रबी फसलों के न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) में बढ़ोतरी का फैसला लिया है। यह घोषणा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में 1 अक्टूबर 2025 को हुई केंद्रीय कैबिनेट की बैठक में की गई। सरकार ने इस फैसले के लिए ₹84,200 करोड़ के प्रावधान को मंजूरी दी है, जिससे देश के किसानों को सीधा लाभ मिलेगा। साथ ही, दलहन फसलों की खेती को बढ़ावा देने के लिए ₹11,000 करोड़ की 6 वर्षीय योजना को भी मंजूरी दी गई है। वहीं सीएम मोहन यादव ने इस फैसले का स्वागत करते हुए क्या कुछ कहा...हम आपको इस खबर में बताने वाले हैं।
सरकार की नई योजना क्या है
मोदी सरकार का यह कदम किसानों की आय बढ़ाने और देश में खाद्य सुरक्षा को सुनिश्चित करने के लिए बहुत अहम है। सरकार ने दलहन और तिलहन की खेती को बढ़ावा देने के लिए कई नई योजनाओं की शुरुआत की है। इन फसलों को बढ़ावा देने का मकसद यह है कि देश में पानी की खपत कम हो और पानी ज्यादा खर्च करने वाली फसलों, जैसे धान, की खेती में कमी आए।
इन योजनाओं का मुख्य लक्ष्य देश में खाद्य सुरक्षा को मजबूत करना और किसानों की आय बढ़ाना है। कृषि क्षेत्र में होने वाले इन बदलावों से किसानों को नई उम्मीद मिलेगी, जिससे उनकी आर्थिक स्थिति में सुधार हो सकता है।
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दलहन के लिए ₹11,000 करोड़ का फंड
किसानों को तोहफा: दिवाली से पहले एमएसपी बढ़ोतरी
किसान लंबे समय से रबी फसलों के Minimum Support Price (MSP) में वृद्धि की मांग कर रहे थे। इसके लिए किसानों ने विभिन्न हिस्सों में आंदोलन भी किया था, जिनमें पंजाब में कई महीने तक धरने की स्थिति रही। किसानों की इस मांग को ध्यान में रखते हुए, सरकार ने दशहरा और दिवाली से पहले उन्हें यह तोहफा दिया है। पिछली बार भी सरकार ने रबी फसलों का एमएसपी बढ़ाने का ऐलान किया था, जिससे किसानों को राहत मिली थी।
रबी फसलों के लिए एमएसपी में बढ़ोतरीकृषि लागत एवं मूल्य आयोग (CACP) ने रबी सीजन में 6 प्रमुख फसलों के लिए एमएसपी की सिफारिश की है। ये फसलें हैं:
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कृषि क्षेत्र में बदलाव की आवश्यकता
हाल के आंकड़ों के अनुसार, दलहन-तिलहन की खेती का रकबा देश में घटा है। सरकार इस स्थिति को सुधारने के लिए लगातार प्रयास कर रही है। दलहन और तिलहन की खेती को बढ़ावा देने के लिए विभिन्न योजनाएं और वित्तीय सहायता प्रदान की जा रही हैं। इससे न केवल किसानों की आय बढ़ेगी, बल्कि खाद्य सुरक्षा की स्थिति भी बेहतर होगी।
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किसानों के लिए एक बड़ा कदम
केंद्र सरकार द्वारा उठाए गए इस कदम से किसानों को सीधा लाभ होने की उम्मीद है। एमएसपी में बढ़ोतरी के साथ-साथ, सरकार ने किसानो को अधिक लाभ पहुंचाने के लिए कई अन्य योजनाएं भी बनाई हैं। इससे कृषि क्षेत्र में निवेश और किसानों के जीवन स्तर (Farmers Income) में सुधार हो सकता है।
क्या बोले सीएम मोहन
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में केंद्रीय मंत्रिमंडल द्वारा रबी फसलों के न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) बढ़ाने (support price of Rabi crops increased) के फैसले का स्वागत किया है। उन्होंने कहा कि इस फैसले से किसानों को बहुत फायदा होगा, खासकर मध्यप्रदेश के किसानों को। ये कदम किसानों के हित में है और इससे उनकी मदद होगी। मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि किसानों की भलाई के लिए केंद्र और राज्य सरकार दोनों पूरी तरह से प्रतिबद्ध हैं।
उन्होंने बताया कि पिछले साल की तुलना में गेहूं का MSP 160 रुपए, जौ का 170 रुपए, चने का 225 रुपए, मसूर का 300 रुपए, और रेपसीड व सरसों का 250 रुपए बढ़ाया गया है। सबसे बड़ी वृद्धि कुसुम के लिए हुई है, जो 600 रुपए प्रति क्विंटल है। इसके अलावा, केंद्रीय मंत्रिमंडल ने 2026-27 के लिए गेहूं का MSP 2585 रुपए, जौ का 2150 रुपए, चने का 5875 रुपए, मसूर का 7000 रुपए, रेपसीड और सरसों का 6200 रुपए, और कुसुम का 6540 रुपए प्रति क्विंटल तय किया है।