बुदनी रेल प्रोजेक्ट: इंदौर से सीधे जुड़ेंगे भोपाल-जबलपुर, 2 घंटे की दूरी कम, 10 नए क्रॉसिंग
News in Short
- इंदौर–बुदनी नई लाइन से इंदौर-भोपाल/जबलपुर दूरी घटेगी।
- मांगलिया स्टेशन बड़ा जंक्शन बन रहा है।
- यात्री सुविधाओं का विस्तार और नए फुट ओवर ब्रिज तैयार।
- 10 नए क्रॉसिंग और 7 हाल्ट विकसित किए जा रहे हैं।
- माल ढुलाई और व्यापारिक हब से स्थानीय अर्थव्यवस्था मजबूत होगी।
News in Detail
इंदौर-बुदनी नई रेल लाइन परियोजना से मध्य प्रदेश का रेल रूट बदल जाएगा। मांगलिया स्टेशन महा जंक्शन बनेगा। नए क्रॉसिंग और हाल्ट बनेंगे। माल और यात्री सुविधाओं का विस्तार तेजी से हो रहा है। नई लाइन से यात्रा समय 2 घंटे तक घटेगा।
मांगलिया स्टेशन का विस्तार
इंदौर-बुदनी रेल परियोजना में मांगलिया स्टेशन को बड़े जंक्शन के रूप में विकसित किया जा रहा है। स्टेशन परिसर में यात्री सुविधाओं का विस्तार तेज गति से हो रहा है। माल ढुलाई क्षमता बढ़ाने पर भी जोर दिया जा रहा है। प्लेटफॉर्म और बीच के हिस्से का निर्माण लगभग पूरा है। नया फुट ओवर ब्रिज (FOB) भी तैयार हो चुका है।
यात्रियों को मूलभूत सुविधाएं
हालांकि स्टेशन में यात्रियों के लिए मूलभूत सुविधाएं अभी अधूरी हैं। लोहे का स्ट्रक्चर खड़ा किया गया है, लेकिन छत नहीं डाली गई। गर्मी के मौसम में यात्रियों को खुले में ट्रेनों का इंतजार करना पड़ता है। भविष्य में पूरा परिसर आधुनिक सुविधाओं से लैस होगा।
माल ढुलाई और व्यापारिक हब
स्टेशन के दोनों ओर नए गुड्स शेड बनाए जा रहे हैं। पेट्रोलियम और सोयाबीन सप्लाई के लिए ये हब बनाया जा रहा है। रेलवे अधिकारियों के अनुसार मांगलिया आने वाले समय में माल ढुलाई का बड़ा केंद्र बन सकता है। ट्रैक कनेक्टिविटी और लोडिंग सुविधाओं को भी मजबूत किया जा रहा है।
नए क्रॉसिंग और हाल्ट
इंदौर-बुदनी रेल मार्ग पर 10 नए क्रॉसिंग और 7 हाल्ट विकसित किए जा रहे हैं। इसके अलावा एक फ्लाईओवर भी बनाया जाएगा। स्टेशन परिसर में कुछ कमरों का निर्माण अभी अधूरा है। कुल मिलाकर निर्माण तेजी से चल रहा है, लेकिन यात्रियों को पूरी सुविधाएं अभी मिलने में समय लगेगा।
नई लाइन बिछाने का काम जारी
इंदौर-बुदनी नई लाइन पर अर्थवर्क जारी है। रेलवे क्रॉसिंग के पास बड़ी मशीनों से मिट्टी भराई और बेस मजबूत करने का काम चल रहा है। कई स्थानों पर स्लीपर भी पहुंच चुके हैं और ट्रैक बिछाने की तैयारी शुरू हो गई है। कुछ जगह किसानों के विरोध के कारण काम रुकावट का सामना कर रहा है।
रूट और समय की बचत
पहले इंदौर से भोपाल या जबलपुर जाने के लिए ट्रेनों को उज्जैन, सीहोर और संत हिरदाराम नगर स्टेशन होकर जाना पड़ता था। इससे दूरी और समय बढ़ जाता था। नई 204 किमी लंबी लाइन बनने के बाद इंदौर सीधे भोपाल-जबलपुर मुख्य लाइन से जुड़ जाएगा। यात्रा की दूरी 45 किमी तक घट जाएगी और समय लगभग 2 घंटे कम हो जाएगा।
ग्रामीण कनेक्टिविटी और व्यापार
10 नए क्रॉसिंग और 7 हाल्ट से ग्रामीण इलाकों की कनेक्टिविटी मजबूत होगी। मांगलिया जंक्शन मालवा और महाकौशल का बड़ा व्यापारिक हब बनेगा। पेट्रोलियम और सोयाबीन सप्लाई तेजी से पूरे देश में पहुंचाई जा सकेगी। इससे स्थानीय व्यापार और अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।
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