मार्गशीर्ष नवमी पर बाबा महाकाल का मनमोहक श्रृंगार, शेषनाग रजत मुकुट से सजे बाबा

Kaushiki | Nov 13, 2025, 08:53 IST
ujjain-mahakal-bhasm-aarti-darshan-vaishnav-shringar
विश्व प्रसिद्ध श्री महाकालेश्वर मंदिर में गुरुवार को भस्म आरती का अद्भुत नजारा दिखा। मार्गशीर्ष माह में बाबा महाकाल का चंदन का वैष्णव तिलक और रजत चंद्र मुकुट से विशेष श्रृंगार किया गया। बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने इस दिव्य दर्शन का लाभ लिया।

Mahakaal Darshan:विश्व प्रसिद्ध श्री महाकालेश्वर मंदिर में आज (13 नवंबर) मार्गशीर्ष माह के कृष्ण पक्ष की नवमी तिथि पर गुरुवार को तड़के चार बजे मंदिर के कपाट खुल गए।



यह एक बहुत ही शुभ और पावन समय था। कपाट खुलते ही सबसे पहले जलाभिषेक की प्रक्रिया शुरू की गई। भगवान महाकाल को जल अर्पित करके पवित्र किया गया।



70a48e7d-b4ac-46c0-bfe4-c71216d28b71_1762997306-235191


बाबा महाकाल को अर्पित हुआ वैष्णव तिलक

इसके बाद, महाकाल का पंचामृत से अभिषेक किया गया। यह पंचामृत दूध, दही, घी, शकर और फलों के रस से बनाया जाता है। यह पूजन बाबा महाकाल को बहुत प्रिय है। पूजन के बाद, महाकाल का अनुपम और दिव्य श्रृंगार हुआ।



जटाधारी भगवान महाकाल को चंदन का वैष्णव तिलक लगाया गया। इसके साथ ही, बाबा को रजत यानी चांदी का चंद्र मुकुट पहनाया गया। मुकुट और कई कीमती आभूषण भी महाकाल को अर्पित किए गए।



प्रथम घंटाल बजाकर हरि ओम का जल उन्हें समर्पित किया गया। कपूर आरती के बाद, भगवान के मस्तक पर रजत चंद्र शोभित हुआ। भांग, चंदन, और गुलाब के सुंदर फूलों की माला भी चढ़ाई गई।



ये खबर भी पढ़ें...



MP Top News : मध्य प्रदेश की बड़ी खबरें



5961d41f-c383-4331-96a6-e9151d1b62d6_1762997314-651002


फूलों और मुकुट से सजे महाकाल

श्रृंगार के तुरंत (बाबा महाकालभस्म आरती)बाद भस्म आरती की गई। भस्म अर्पित होने के बाद ही महाकाल निराकार से साकार रूप में दर्शन देते हैं। यह क्षण भक्तों के लिए भक्ति का चरम होता है। भस्म रमाए जाने के बाद, बाबा महाकाल को फिर से सजाया गया।



उन्हें शेषनाग (उज्जैन के महाकाल मंदिर) का रजत मुकुट धारण कराया गया। गले में रजत की मुण्डमाल और रुद्राक्ष की माला पहनाई गई। सुगंधित फूलों से बनी माला भी अर्पित की गई।आखिर में, फल और स्वादिष्ट मिष्ठान का भोग लगाया गया। भस्म आरती में दूर-दूर से आए श्रद्धालुओं ने बाबा महाकाल का आशीर्वाद पाया।



ये खबर भी पढ़ें...



13 नवंबर का इतिहास: आज के दौर में क्या है काइंडनेस की अहमियत, जानें World Kindness Day का इतिहास



MP Weather Update: प्रदेश में बढ़ी ठिठुरन, शीतलहर की चेतावनी, जानें मौसम का हाल



News Strike: अफसरों से परेशान मंत्री, नहीं बैठ रही पटरी! सुशासन पर उठ रहे सवाल



Tags:
  • भस्म आरती
  • बाबा महाकालभस्म आरती
  • भगवान महाकाल
  • Mahakaal Darshan
  • उज्जैन के महाकाल मंदिर