अलवर और राजगढ़ में साइबर पुलिस की कार्रवाई, करोड़ों की ठगी का खुलासा, कई आरोपियों को दबोचा
राजस्थान के अलवर के वैशाली नगर थाना पुलिस ने ऑपरेशन साइबर संग्राम के तहत बड़ी कार्रवाई करते हुए सैकड़ों करंट अकाउंट एवं म्यूल अकाउंट साइबर ठगों को कमीशन पर बेचकर 100 करोड़ रुपए से ज्यादा की ठगी करने वाले मामले में 4 बैंककर्मी और मास्टरमाइंड सहित 6 और आरोपी गिरफ्तार किए हैं। अब तक कुल 16 आरोपी गिरफ्तार हो चुके हैं। ठगी का 100 करोड़ का आंकड़ा अब 500 करोड़ पर पहुंच चुका है।
पुलिस ने आरोपियों के लगभग 10 खातों में अपराध की 5 लाख राशि फ्रीज की है तथा नगद 2.51 लाख रुपए की नकदी जब्त की है। सभी गिरफ्तार आरोपी हरियाणा के रहने वाले हैं। आरोपियों से मिले सैकड़ों अकाउंट में 500 करोड से ज्यादा स्कैम फंड के लेन-देन व इन अकाउंटों के खिलाफ 4 हजार से ज्यादा एनसीआरपी पोर्टल पर शिकायतें मिली थीं।
भिवाड़ी पुलिस की कार्रवाई : 61 करोड़ की साइबर ठगी करने वाले अंतरराज्यीय गिरोह के तीन शातिर दबोचे
गिरोह में बैंककर्मी भी शामिल
अलवर पुलिस अधीक्षक सुधीर चौधरी ने बताया कि गिरफ्तार वरूण पटवा पुत्र अशोक कुमार पटवा सेक्टर 19 गुरुग्राम हरियाणा, एक्सिस बैंक शाखा बूढ़ाखेड़ा जिला हिसार हरियाणा में कार्यरत सेल्स मैनेजर साहिल पुत्र रमेश कुमार, इसी बैंक में सेल्स मैनेजर पद पर कार्यरत गुलशन पुत्र सतपाल पंजाबी, सतीश कुमार पुत्र रामकला जाति जाट, एक्सिस बैंक शाखा बरवाला हिसार हरियाणा में कार्यरत आशु शर्मा पुत्र सुरेश शर्मा एवं एक्सिस बैंक शाखा बूढ़ाखेड़ा में सेल्स मैनेजर के पद पर कार्यरत आंचल पुत्री महावीर सिंह जाति जाट को गिरफ्तार किया है। आरोपियों पर कई धाराओं में प्रकरण दर्ज कर जांच की जा रही है।
युवतियों के गूगल से फोटो डाउनलोड कर कॉल गर्ल बताकर वसूली, जयपुर में साइबर ठगी गैंग का पर्दाफाश
राजगढ़ में भी हुई कार्रवाई
वहीं अलवर जिले की राजगढ़ थाना पुलिस ने साइबर ठगों को कमीशन पर बैंक खाता उपलब्ध कराने एवं जमा राशि का निस्तारण करने के मामले में दो भाई-बहनों सहित सात आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इन आरोपियों के संबंधित बैंक खातों में करीब 2 करोड़ 6 लाख रुपए की साइबर ठगी की राशि का लेनदेन पाया गया। पुलिस ने उनके कब्जे से दो चेकबुक, एक लैपटॉप, हिसाब-किताब की दो डायरियां, 30 एटीएम कार्ड, सात मोबाइल सहित अन्य सामान बरामद किया है। सबसे बड़ी बात यह है कि गिरफ्तार आरोपियों में दो भाई-बहन शामिल हैं, जिनमें चार अलवर जिले के एक ही गांव के रहने वाले हैं, जबकि बाकी तीन उत्तर प्रदेश के रहने वाले हैं।
Cyber fraud झुंझुनूं में 70 करोड़ रुपए की साइबर ठगी, 4000 खातों का हुआ इस्तेमाल
डिप्टी मैनेजर वॉट्सऐप लिंक से फंसा, जयपुर में 81 लाख की साइबर ठगी
दो आरोपी भाई-बहन निकले
इन दोनों महिलाओं के बारे में तथ्य निकलकर सामने आया कि संजय मीणा पुत्र धौल्याराम मीणा निवासी फिरोजपुर खालसा व अनिल पुत्र जगदीश मीणा निवासी कुंडला थाना टहला द्वारा ऑनलाइन ट्रेडिंग एवं गेम ऐप का काम किया जाता है।
तब इन दोनों आरोपियों द्वारा ऑनलाइन ट्रेडिंग के पैसे डलवाने के लिए 20-20 हजार रुपए में इन दोनों महिलाओं से खाते खरीद कर स्कैम फंड के सरगना कपिल सिंह व उसके साथी मृदुल कुमार तथा अनिल सिंह को बेचना पाया गया। पुलिस द्वारा सोनिया, प्रिया व अनिल को गिरफ्तार किया गया। वहीं उत्तर प्रदेश निवासी कपिल, मृदुल और अनिल तथा अलवर के फिरोजपुर खालसा निवासी संजय को भी दबोचा गया। सोनिया मीणा और संजय कुमार भाई-बहन हैं।
FAQ
- 1. अलवर और राजगढ़ में साइबर ठगों के खिलाफ कार्रवाई कब की गई?
अलवर और राजगढ़ में साइबर ठगों के खिलाफ हाल ही में पुलिस द्वारा बड़ी कार्रवाई की गई। इस दौरान 16 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया और 500 करोड़ से अधिक के लेन-देन का खुलासा हुआ। - 2. साइबर ठगों के इस गिरोह में कौन-कौन शामिल थे?
गिरोह में बैंककर्मी, मास्टरमाइंड और कई अन्य आरोपियों के नाम सामने आए हैं। इनमें एक्सिस बैंक के कर्मचारी और अन्य साइबर ठग शामिल थे, जो कूटरचित दस्तावेजों के जरिए बैंक अकाउंट्स का गलत इस्तेमाल कर रहे थे। - 3. पुलिस ने इस मामले में क्या कदम उठाए हैं?
पुलिस ने आरोपियों के खातों से 5 लाख रुपए की राशि फ्रीज की और 2.51 लाख रुपए की नकदी जब्त की। इसके अलावा, आरोपियों से चेकबुक, लैपटॉप, एटीएम कार्ड और मोबाइल भी बरामद किए गए हैं।