CM भजनलाल की DGP संग बैठक के 2 दिन बाद BJP विधायक की कार में तोड़फोड़, पंचायत चुनाव में सुरक्षा पर सवाल?
राजस्थान में पंचायत चुनाव के प्रचार के बीच भीलवाड़ा के जहाजपुर में भाजपा विधायक गोपीचंद मीणा की गाड़ी में तोड़फोड़ हुई है। घटना उस समय हुई, जब विधायक धौड़ गांव में पंचायत चुनाव को लेकर सभा कर रहे थे। मीणा ने आरोप लगाया है कि कांग्रेस से जुड़े लोगों ने उनकी कार पर पत्थर मारकर शीशा फोड़ा है। पुलिस आसपास के सीसीटीवी कैमरे खंगाल रही, ताकि पता चल सके कि शीशा किसने और कैसे तोड़ा।
यह घटना ऐसे वक्त पर हुई है, जब कुछ दिन पहले भरतपुर में पूर्व भाजपा विधायक अतर सिंह भड़ाना की उनके क्रेशर प्लांट के पास ही हत्या कर दी गई थी। इसके बाद मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा (Bhajanlal Sharma) ने कानून व्यवस्था को लेकर डीजीपी राजीव शर्मा (DGP Rajeev Sharma) की मौजूदगी में एक हाई लेवल मीटिंग बुलाई थी। इस बैठक में CM भजनलाल ने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए थे। अब एक और भाजपा विधायक की गाड़ी का शीशा टूटने से सुरक्षा को लेकर सवाल उठ रहे।
भाजपा विधायक गीपीचंद की कार में तोड़फोड़
बुधवार देर शाम जहाजपुर से भाजपा विधायक गोपीचंद मीणा धौड़ गांव पहुंचे थे। यहां पंचायत राज चुनाव को लेकर सभा थी। विधायक मीणा लोगों को संबोधित कर रहे थे और इसी दौरान सभास्थल के पास खड़ी उनकी कार के पीछे का शीशा टूटने की आवाज आई। कार का सायरन बजने लगा। आवाज सुनकर विधायक और भाजपा कार्यकर्ता गाड़ी के पास पहुंचे। उन्होंने देखा कि कार का पिछला शीशा टूटा हुआ था।
घटना की जानकारी तुरंत जहाजपुर पुलिस को दी गई। पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। फिलहाल यह साफ नहीं हो पाया है कि कार का कांच कैसे टूटा, क्या किसी ने इस पर पत्थर फेंका और ऐसा करने के पीछे की क्या वजह थी।
विधायक मीणा बोले- भाजपा को मिल रहे समर्थन से कांग्रेस परेशान
गोपीचंद मीणा ने इस घटना के पीछे कांग्रेस का हाथ होने का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि भाजपा कार्यकर्ता पंचायत चुनाव को लेकर गांव-गांव और ढाणी-ढाणी जा रहे हैं। वे लोगों को केंद्र और राज्य सरकार की योजनाओं की जानकारी दे रहे हैं और भाजपा के पक्ष में वोट मांग रहे।
विधायक का दावा है कि भीलवाड़ा जिले में भाजपा को लोगों का अच्छा समर्थन मिल रहा है। इसी वजह से कांग्रेस के नेता परेशान हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ लोगों ने जानबूझकर उनकी गाड़ी पर पत्थर फेंका।
मीणा ने कहा कि घटना की जानकारी प्रशासन को दे दी गई है। उन्होंने दोषियों की पहचान कर उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। हालांकि, कांग्रेस पर लगाए गए आरोपों की पुलिस जांच बाकी है।
दो गनमैन थे, फिर भी कार का शीशा कैसे टूटा?
जहाजपुर थाना प्रभारी दयाराम के मुताबिक, पुलिस आसपास लगे CCTV कैमरों की फुटेज देख रही। घटना के समय विधायक गोपीचंद के साथ सुरक्षा के लिए दो गनमैन मौजूद थे लेकिन दोनों सभास्थल पर विधायक के पास थे। कार का ड्राइवर भी उस समय गाड़ी के पास नहीं था। पुलिस विधायक के आरोपों की भी जांच करेगी। अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही घटना की असली वजह सामने आएगी।
पूर्व विधायक अतर सिंह की मौत से पहले ही माहौल गरमाया हुआ
भीलवाड़ा की इस घटना से कुछ दिन पहले 11 अक्टूबर को भरतपुर के भोंडा गांव में बयाना के पूर्व भाजपा विधायक अतर सिंह भड़ाना पर हमला हुआ था। क्रशर प्लांट और खनन से जुड़े पुराने विवाद के दौरान भीड़ ने उन पर लाठी-डंडों और पत्थरों से हमला कर दिया था। हमले में गंभीर रूप से घायल भड़ाना की बाद में सवाई मान सिंह अस्पताल मौत हो गई। इस घटना के बाद इलाके में तनाव फैल गया। पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर जांच शुरू की थी। इस मामले में कुछ लोगों की गिरफ्तारी भी हो चुकी है।
CM ने कानून व्यवस्था पर की थी बैठक, फिर सामने आई घटना
भरतपुर में पूर्व विधायक की हत्या समेत हाल की आपराधिक घटनाओं के बाद मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने बीते 13 अक्टूबर को अपने घर पर पुलिस के आला अधिकारियों के साथ कानून व्यवस्था की समीक्षा की थी। बैठक में डीजीपी राजीव शर्मा भी मौजूद थे।
मुख्यमंत्री भजनलाल ने साफ कहा था कि अपराध और पुलिस की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने त्योहारों के दौरान सुरक्षा व्यवस्था मजबूत रखने और अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए थे। पुलिस की लापरवाही से जुड़े मामलों में एक अधिकारी को निलंबित करने, छह को APO करने और दो को हटाने की कार्रवाई की जानकारी भी दी गई थी। इस बैठक के अगले ही दिन भाजपा विधायक की कार का शीशा टूटने की घटना सामने आई है।
पंचायत चुनाव के बीच नेताओं की सुरक्षा का सवाल
राजस्थान में पंचायत राज चुनाव को लेकर राजनीतिक दलों की गतिविधियां बढ़ गई हैं। भाजपा और कांग्रेस के नेता गांवों में सभाएं कर रहे हैं और अपने उम्मीदवारों के समर्थन में वोट मांग रहे हैं। ऐसे माहौल में किसी विधायक की सभा के पास खड़ी गाड़ी का शीशा टूटना सुरक्षा के लिहाज से गंभीर मामला है। हालांकि, इसे राजनीतिक हमला मानने से पहले पुलिस जांच के नतीजों का इंतजार करना होगा।
फिलहाल पुलिस के सामने सबसे बड़ा सवाल यही है कि गोपीचंद मीणा की कार का शीशा किसने तोड़ा और इसके पीछे क्या वजह थी। CCTV फुटेज और मौके पर मौजूद लोगों से पूछताछ के बाद ही तस्वीर साफ हो सकेगी।