सऊदी हमले के बाद उड़ानें रद्द: उदयपुर, जयपुर, कोटा समेत कई जिलों के जायरीन मक्का-मदीना में फंसे
Jageshwar prasad | Oct 16, 2026, 15:08 IST
सऊदी अरब में हमले के बाद उड़ानें रद्द होने से राजस्थान के करीब पांच हजार उमराह यात्री मक्का-मदीना में फंसे
सऊदी अरब में हमलों ने यात्रा को प्रभावित कर दिया है, जिससे कई उड़ानें रद्द हो गई हैं। राजस्थान के उदयपुर, जयपुर और आसपास के क्षेत्रों से लगभग पांच हजार जायरीन मक्का में फंसे हैं। एयरलाइंस द्वारा टिकट रद्द कर दिए गए हैं और नई उड़ानों की कोई सूचना नहीं है।
सऊदी अरब में हमले के बाद उड़ानें निरस्त होने से राजस्थान के करीब पांच हजार उमराह यात्रियों की घर वापसी का कार्यक्रम गड़बड़ा गया है। उदयपुर, जयपुर, कोटा, नागौर, जोधपुर, भीलवाड़ा, चित्तौड़गढ़ और हनुमानगढ़ जिले सहित कई जिलों के जायरीन मक्का मदीना (Makkah Madinah) में रुके हुए हैं।
एयरलाइंस ने टिकट निरस्त होने और रिफंड के संदेश भेज दिए हैं। लेकिन नई उड़ानों की तारीख स्पष्ट नहीं होने से यात्रियों की परेशानी बढ़ गई है। अब उनके सामने वैकल्पिक फ्लाइट में सीट तलाशने, महंगे किराए और अतिरिक्त दिनों तक ठहरने का खर्च उठाने की चुनौती है।
एयर इंडिया, इंडिगो, अकासा और खाड़ी क्षेत्र की कुछ अन्य एयरलाइंस की उड़ानें निरस्त होने (Flight Cancellation) से यात्रियों के यात्रा कार्यक्रम प्रभावित हुए हैं। मुंबई, दिल्ली, अहमदाबाद और हैदराबाद से जुड़ी उड़ानों पर भी असर पड़ा है।
टिकट रद्द होने के बाद कुछ यात्री रिफंड लेकर दूसरी फ्लाइट में सीट तलाश रहे हैं। जबकि कई उड़ानों का संचालन बहाल होने का इंतजार कर रहे हैं। वापसी के टिकट पर 35 हजार रुपए अतिरिक्त खर्च होने की आशंका है। वतन वापसी में देर होने से अब यात्रियों को शादी से लेकर नौकरी तक की चिंता सता रही है।
निर्धारित अवधि से अधिक रुकने के कारण होटल, भोजन और अन्य जरूरतों पर खर्च बढ़ रहा है। टूर पैकेज से गए कुछ यात्रियों के ठहरने और खाने की व्यवस्था टूर ऑपरेटर कर रहे हैं। जबकि खुद की व्यवस्था से गए यात्रियों को खर्च खुद उठाना पड़ रहा है।
फिलहाल उन्हें भारतीय दूतावास से सीधे संपर्क करने की जरूरत महसूस नहीं हुई है। उधर रियाद स्थित भारतीय मिशन ने सऊदी में रह रहे भारतीय नागरिकों के लिए 24 घंटे सक्रिय कंट्रोल रूम के नंबर जारी किए हैं। इससे यात्रियों को मदद मिल सकती है।
टिकट निरस्त होने और रिफंड के मैसेज मिलने के बावजूद नई फ्लाइट की व्यवस्था नहीं हो पा रही है। घर पर फोन से बात हो जाती है, लेकिन सभी परिजन चिंतित हैं। यह कहना है खेरादीवाड़ा उदयपुर के मकबूल अहमद सिंधी का।
उदयपुर की शबाना परवीन ने कहा कि फ्लाइट नहीं मिलने से काफी परेशानी हो रही है। परिजन से लगातार संपर्क में हैं। अभी मक्का में रहकर इबादत कर रहे हैं। फ्लाइट कब शुरू होगी, इसका इंतजार कर रहे हैं। सभी यात्री जल्द घर लौटना चाहते हैं।
उमराह (Umrah Pilgrims) इस्लाम में की जाने वाली एक पवित्र धार्मिक यात्रा है। इसे मुसलमान सऊदी अरब के मक्का शहर में स्थित काबा शरीफ और मस्जिद अल-हरम में संपन्न करते हैं। हज के विपरीत उमराह साल में किसी भी समय किया जा सकता है।
भारत सहित दुनिया के विभिन्न देशों से लाखों मुसलमान हर साल उमराह करने सऊदी अरब पहुंचते हैं। यह यात्रा धार्मिक आस्था से जुड़ी होती है। इसलिए यात्रियों के फंसे रहने से उनके परिवारों में चिंता बनी हुई है।
एक साथ पांच हजार से ज्यादा यात्रियों का फंसना बड़ा मामला है। इनके परिवार राजस्थान के अलग-अलग जिलों में रहते हैं। सभी परिजन अपने लोगों की सलामती की दुआ कर रहे हैं।
एयरलाइंस को जल्द वैकल्पिक उड़ानों की व्यवस्था करनी चाहिए। सरकार को भी इस मामले में हस्तक्षेप करना चाहिए। ताकि यात्री समय पर घर लौट सकें। अब देखना जरूरी है कि फ्लाइट सेवा कब बहाल होती है।
एयरलाइंस ने टिकट निरस्त होने और रिफंड के संदेश भेज दिए हैं। लेकिन नई उड़ानों की तारीख स्पष्ट नहीं होने से यात्रियों की परेशानी बढ़ गई है। अब उनके सामने वैकल्पिक फ्लाइट में सीट तलाशने, महंगे किराए और अतिरिक्त दिनों तक ठहरने का खर्च उठाने की चुनौती है।
सऊदी अरब से वापसी की तारीख तय नहीं
टिकट रद्द होने के बाद कुछ यात्री रिफंड लेकर दूसरी फ्लाइट में सीट तलाश रहे हैं। जबकि कई उड़ानों का संचालन बहाल होने का इंतजार कर रहे हैं। वापसी के टिकट पर 35 हजार रुपए अतिरिक्त खर्च होने की आशंका है। वतन वापसी में देर होने से अब यात्रियों को शादी से लेकर नौकरी तक की चिंता सता रही है।
अधिक रुकने के कारण होटल और खाने का खर्च बढ़ा
फिलहाल उन्हें भारतीय दूतावास से सीधे संपर्क करने की जरूरत महसूस नहीं हुई है। उधर रियाद स्थित भारतीय मिशन ने सऊदी में रह रहे भारतीय नागरिकों के लिए 24 घंटे सक्रिय कंट्रोल रूम के नंबर जारी किए हैं। इससे यात्रियों को मदद मिल सकती है।
यात्रियों ने बताई पीड़ा
उदयपुर की शबाना परवीन ने कहा कि फ्लाइट नहीं मिलने से काफी परेशानी हो रही है। परिजन से लगातार संपर्क में हैं। अभी मक्का में रहकर इबादत कर रहे हैं। फ्लाइट कब शुरू होगी, इसका इंतजार कर रहे हैं। सभी यात्री जल्द घर लौटना चाहते हैं।
उमराह क्या है?
भारत सहित दुनिया के विभिन्न देशों से लाखों मुसलमान हर साल उमराह करने सऊदी अरब पहुंचते हैं। यह यात्रा धार्मिक आस्था से जुड़ी होती है। इसलिए यात्रियों के फंसे रहने से उनके परिवारों में चिंता बनी हुई है।
सभी लोगों की सलामती की दुआ
एयरलाइंस को जल्द वैकल्पिक उड़ानों की व्यवस्था करनी चाहिए। सरकार को भी इस मामले में हस्तक्षेप करना चाहिए। ताकि यात्री समय पर घर लौट सकें। अब देखना जरूरी है कि फ्लाइट सेवा कब बहाल होती है।
दतिया विधायक घनश्याम सिंह के चुनाव पर सवाल, हाईकोर्ट ने भेजा नोटिस, FIR की जानकारी छिपाने का आरोप
By Arohi Raj
राठौड़ के बयान पर सियासी बवाल तेज, अब खाचरियावास बोले- भाजपा ने मान लिया कि वह आतंकवादियों के साथ है
By Jageshwar prasad
खनन माफिया से भिड़ रहे वनकर्मी, हथियार और वाहन देने के फिर निर्देश, बजट की घोषणाएं जमीन पर कितनी उतरीं?
By Raghvendra Singh Rathore
राजनांदगांव राजकीय खजाने का 11 साल से ऑडिट नहीं, सालाना 200 करोड़ की आय, राजपरिवार बोला- संयुक्त रूप से हो रही लूटपाट
By VINAY VERMA
MP हाईकोर्ट का बड़ा फैसला, ओपन कैटेगरी में आरक्षित वर्ग के उम्मीदवारों का भी हक, मेरिट बनेगी आधार
By Manya Jain
उदयपुर में 492 करोड़ से डबल होगा 24 किलोमीटर लंबा रेलवे ट्रैक, केंद्र सरकार ने दी मंजूरी
By Ashish Bhardwaj
ट्विशा केस: सुप्रीम कोर्ट ने ट्रायल पर लगाई रोक, गिरिबाला की जमानत पर 26 अक्टूबर को सुनवाई
By Neel Tiwari