IOCL पाइपलाइन से 8 लाख लीटर क्रूड ऑयल चोरी, गिरफ्तार हुआ मुख्य आरोपी
समझें क्या है पूरा मामला
- पाइपलाइन में अवैध वाल्व लगाकर 8 लाख लीटर क्रूड ऑयल चोरी।
- 285 मीटर लंबी नाली खोदकर छिपाई गई थी पाइपलाइन।
- BTS डाटा और CDR खंगालकर पकड़ा गया आरोपी।
- अब तक मामले में हो चुकी हैं 10 गिरफ्तारियां।
- 9 दिन की पुलिस रिमांड पर भेजा गया मुख्य आरोपी।
राजस्थान के ब्यावर जिले में पेट्रोलियम पाइपलाइन से जुड़ा एक बड़ा मामला सामने आया था। मार्च-अप्रैल 2025 में IOCL (Indian Oil Corporation Limited) की भूमिगत क्रूड ऑयल पाइपलाइनसे करीब 8 लाख लीटर यानी 36 टैंकर क्रूड ऑयल चोरी होने की बात सामने आई थी।
इसी मामले में SOG (Special Operations Group) ने अब आरोपी रवींद्र धारी यादव को गिरफ्तार किया है। इस केस में अब तक कुल 10 आरोपी गिरफ्तार हो चुके हैं।
कैसे हुई थी चोरी की शुरुआत
यह मामला अप्रैल 2025 में सामने आया था। परिवादी संजय कुमार सेन, जो IOCL ब्यावर में सहायक प्रबंधक हैं, ने शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत के अनुसार ब्यावर जिले की मसूदा तहसील के नासून गांव में चरागाह भूमि से गुजर रही IOCL की भूमिगत सलाया-मथुरा पाइपलाइन, यानी SMPL-24 (Salaya-Mathura Pipeline) में छेद कर अवैध वाल्व लगाया गया था।
आरोप है कि लोहे और हाइड्रोलिक प्लास्टिक पाइप फ्लैंज की मदद से इस अवैध वाल्व को पाइपलाइन से जोड़ा गया था। इसके बाद करीब 285 मीटर लंबी नाली खोदकर पाइपलाइन को उसमें छिपा दिया गया था।
इसी अवैध व्यवस्था के जरिए अज्ञात व्यक्तियों द्वारा क्रूड ऑयल चोरी किए जाने का आरोप है। इस संबंध में एसओजी थाने में मामला दर्ज कराया गया था।
तुरंत मौके पर पहुंची जांच टीम
अतिरिक्त महानिदेशक पुलिस, स्पेशल ऑपरेशंस ग्रुप, राजस्थान, जयपुर विशाल बंसल के अनुसार पुलिस महानिरीक्षक एसओजी अजयपाल लांबा के निर्देशन में यह कार्रवाई हुई।
उप महानिरीक्षक पुलिस भुवन भूषण यादव के सुपरविजन और पुलिस अधीक्षक कुंदन कंवरिया के नेतृत्व में एसओजी टीम को तुरंत घटनास्थल भेजा गया था।
टीम ने FSL (Forensic Science Laboratory), साइबर, फुटप्रिंट और फिंगरप्रिंट विशेषज्ञों की मदद से घटनास्थल से सबूत जुटाए। यह पूरी जांच प्रक्रिया शुरुआती चरण में ही बेहद व्यवस्थित तरीके से आगे बढ़ाई गई थी।
तकनीकी सबूतों से खुली आरोपी की भूमिका
एसओजी की तकनीकी शाखा ने घटनास्थल से प्राप्त BTS (Base Transceiver Station) डाटा और दूरसंचार कंपनियों से मिले CDR (Call Detail Record) का विश्लेषण किया। इसके साथ ही संदिग्ध आरोपियों से गहन पूछताछ की गई और तकनीकी सबूतों के आधार पर जांच को आगे बढ़ाया गया।
जांच के दौरान नासून की चरागाह भूमि से गुजर रही IOCL की SMPL-24 पाइपलाइन में छेद कर अवैध वाल्व लगाकर करीब 8 लाख लीटर यानी 36 टैंकर क्रूड ऑयल चोरी की वारदात में आरोपी रवींद्र धारी यादव की संलिप्तता प्रमाणित पाई गई। इसी आधार पर उसे नियमानुसार गिरफ्तार किया गया।
आरोपी को मिली 9 दिन की रिमांड
गिरफ्तार आरोपी रवींद्र धारी यादव को अदालत में पेश कर 9 दिन की पुलिस अभिरक्षा रिमांड प्राप्त की गई है। एसओजी के अनुसार मामले में गहन अनुसंधान अभी भी जारी है। जांच एजेंसी अन्य वांछित और संदिग्ध आरोपियों की तलाश में भी जुटी है।
कौन है गिरफ्तार आरोपी?
पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपी रवींद्र धारी यादव, स्वर्गीय धारी यादव का पुत्र है और उसकी उम्र 60 साल है। वह मूल रूप से उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले के जलालपुर गांव का निवासी है। पुलिस के अनुसार फिलहाल वह गुजरात के भरूच जिले के बकरोल क्षेत्र में रह रहा था।
अब तक कुल 10 गिरफ्तारियां
एसओजी के अनुसार इस पूरे मामले में अब तक कुल 10 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है। जांच एजेंसी के अनुसार अन्य वांछित और संदिग्ध आरोपियों के संबंध में अनुसंधान अभी भी जारी है। पुलिस का कहना है कि आने वाले दिनों में इस मामले में और गिरफ्तारियां हो सकती हैं।
FAQ
- ब्यावर पाइपलाइन क्रूड ऑयल चोरी मामले में किसे गिरफ्तार किया गया है?
पुलिस ने आरोपी रवींद्र धारी यादव को गिरफ्तार किया है, जो मूल रूप से उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ का रहने वाला है। जांच में उसकी संलिप्तता प्रमाणित पाई गई। उसे 9 दिन की पुलिस रिमांड पर भेजा गया है। - ब्यावर पाइपलाइन क्रूड ऑयल चोरी कैसे की गई थी?
आरोप है कि IOCL की भूमिगत सलाया-मथुरा पाइपलाइन में छेद कर अवैध वाल्व लगाया गया था। इसके लिए 285 मीटर लंबी नाली खोदकर पाइपलाइन को छिपाया गया था। इसी के जरिए करीब 8 लाख लीटर क्रूड ऑयल चोरी होने का आरोप है। - ब्यावर पाइपलाइन क्रूड ऑयल चोरी मामले में अब तक कितने लोग गिरफ्तार हुए हैं?
एसओजी के अनुसार अब तक कुल 10 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है। अन्य वांछित और संदिग्ध आरोपियों की तलाश में जांच अभी जारी है। पुलिस बीटीएस डाटा और सीडीआर के आधार पर आगे की जांच कर रही है।
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