बांसवाड़ा में लव जिहाद का मामला, युवती से शोषण के बाद दबाव में धर्म परिवर्तन की कोशिश
राजस्थान के बांसवाड़ा (Banswara) जिले से धर्म परिवर्तन और लव जिहाद से जुड़ा हुआ विवाद सामने आया है। यहां पर अरमान नामक युवक पर आरोप है कि उसने एक नाबालिग लड़की को प्रेम जाल में फंसाया, फिर उसका यौन शोषण किया और अंततः उसे धर्म परिवर्तन के लिए मजबूर करने की कोशिश की।
पीड़िता के अनुसार, 2022 में अरमान ने उसे प्रेम जाल में फंसाया और शारीरिक शोषण किया। पीड़िता ने जब इसकी शिकायत की, तो आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया। जेल में रहते हुए अरमान ने अपनी मां के जरिए शादी का झूठा वादा किया और फिर पीड़िता से धमकी देकर बयान बदलवाए, जिससे वह जेल से रिहा हो गया।
जेल से बाहर आकर शोषण की पुनरावृत्ति
जेल से रिहा होने के बाद अरमान ने फिर से पीड़िता को नशा देकर शारीरिक शोषण किया और उसकी तस्वीरें खींचीं। इसके बाद उसने पीड़िता को डराया-धमकाया और कहा कि अगर वह निकाह नहीं करेगी, तो वह तस्वीरों को वायरल कर देगा। इस बीच, पीड़िता गर्भवती हो गई और अरमान ने उस पर धर्म परिवर्तन का दबाव बनाना शुरू कर दिया।
धर्म परिवर्तन का दबाव
8 अगस्त को अरमान ने पीड़िता को अपने घर बुलाया और वहां उसने अपनी मां के साथ मिलकर उसे धर्म परिवर्तन के लिए मजबूर किया। अरमान ने पीड़िता से कहा कि यदि वह उससे निकाह करती है, तो उसे 15 लाख रुपए मिलेंगे। इसके बाद वह उसकी तस्वीरें डिलीट कर देगा और उसे स्वतंत्रता देगा।
इंदौर में लव जिहाद फंडिंग का आरोपी पार्षद अनवर कादरी को जम्मू से पकड़ा, एक महिला भी थी साथ
कोरबा में लव जिहाद : रोहिंग्या मुस्लिम पर हिंदू लड़की से पहचान छिपाकर शादी का आरोप
पुलिस की कार्रवाई
पुलिस ने पीड़िता का मेडिकल परीक्षण कराया है, लेकिन अभी यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि वह कितने महीने की गर्भवती है। सोनोग्राफी के बाद ही इसकी पुष्टि हो पाएगी। चूंकि पीड़िता नाबालिग है, इसलिए यदि वह पांच-छह सप्ताह की गर्भवती पाई जाती है, तो आरोपी के खिलाफ पॉक्सो एक्ट (Protection of Children from Sexual Offences) के तहत कार्रवाई की जाएगी।
फैक्ट फाइल
आरोपी : अरमान
धार्मिक परिवर्तन : पीड़िता पर धर्म परिवर्तन का दबाव
पुलिस कार्रवाई : आरोपी की गिरफ्तारी, मेडिकल परीक्षण
कानूनी कार्रवाई : पॉक्सो एक्ट के तहत कार्रवाई की संभावना
FAQ
- 1. क्या इस मामले में धर्म परिवर्तन का दबाव सही है?
नहीं, यह एक गंभीर अपराध है और किसी भी व्यक्ति पर धर्म परिवर्तन का दबाव डालना असंवैधानिक और अपराधिक है। - 2. क्या पीड़िता की मेडिकल जांच हुई है?
हां, पीड़िता की मेडिकल जांच की गई है, लेकिन गर्भावस्था के हफ्तों का पता सोनोग्राफी से ही चलेगा। - 3. इस मामले में आरोपी के खिलाफ क्या कार्रवाई की जा रही है?
पीड़िता के नाबालिग होने के कारण आरोपी के खिलाफ पॉक्सो एक्ट के तहत कार्रवाई की जाएगी।
thesootr links
- मध्यप्रदेश की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- छत्तीसगढ़की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- राजस्थान की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- रोचक वेब स्टोरीज देखने के लिए करें क्लिक
- जॉब्स और एजुकेशन की खबरें पढ़ने के लिए क्लिक करें
- निशुल्क वैवाहिक विज्ञापन और क्लासिफाइड देखने के लिए क्लिक करें
अगर आपको ये खबर अच्छी लगी हो तो 👉 दूसरे ग्रुप्स, 🤝दोस्तों, परिवारजनों के साथ शेयर करें📢🔃🤝💬👩👦👨👩👧👧