राजस्थान में नहीं चलेंगे फर्जी स्कूल और डमी एडमिशन, शिक्षा विभाग ने की यह तैयारी
राजस्थान (Rajasthan) में अब डमी एडमिशन और अवैध स्कूलों के खिलाफ सख्त एक्शन लिया जाएगा। राजस्थान शिक्षा विभाग (Education Department Rajasthan) ने प्राइवेट स्कूलों में भी ऑनलाइन अटेंडेंस सिस्टम (Online Attendance System) लागू करने का निर्णय लिया है। इस नई व्यवस्था से कोचिंग सेंटरों में रजिस्ट्रेशन कराकर पढ़ाई करने वाले फर्जी स्टूडेंट्स को आसानी से पकड़ा जा सकेगा। पहले शाला दर्पण पोर्टल (Shala Darpan) पर ऑनलाइन अटेंडेंस की व्यवस्था केवल सरकारी स्कूलों के लिए थी, लेकिन अब इसे प्राइवेट स्कूलों तक भी विस्तार दिया जा रहा है। इस नए मॉड्यूल को शाला दर्पण के प्राइवेट स्कूल पोर्टल में जोड़ा जा रहा है।
राजस्थान में फर्जी विद्यालय और डमी स्टूडेंट पर कैसे लगाम लगेगी?
इस पहल के तहत राजस्थान के 91 लाख प्राइवेट स्कूल स्टूडेंट्स और 4.37 लाख टीचर्स की हाजिरी दर्ज की जाएगी। इस ऑनलाइन अटेंडेंस सिस्टम की मदद से फर्जी स्कूलों और डमी विद्यार्थियों की पहचान की जा सकेगी, जो नामांकन तो स्कूल में करवा लेते हैं लेकिन असल में कोचिंग सेंटरों में पढ़ाई करते हैं। यह कदम शिक्षा प्रणाली में पारदर्शिता लाने की दिशा में महत्वपूर्ण साबित होगा।
यह खबर भी देखें ... राजस्थान में बड़ा हादसा, सरकारी स्कूल की छत गिरी, पांच बच्चों की मौत,35 घायल 11 गंभीर झालावाड़ रेफर
राजस्थान में अवैध स्कूलों की डिजिटल निगरानी
राज्य में कुछ निजी स्कूल केवल 5वीं या 8वीं तक मान्यता प्राप्त हैं, लेकिन वे 10वीं-12वीं तक की पढ़ाई भी कराते हैं। ऐसे स्कूल अब डिजिटल निगरानी के दायरे में आएंगे, जिससे उनकी गतिविधियों पर कड़ी नजर रखी जा सकेगी।
यह खबर भी देखें ... राजस्थान में भी सक्रिय छांगुर बाबा की धर्मांतरण गैंग, लव जिहाद में फंसा पीयूष बना मोहम्मद अली
राजस्थान के स्कूलों में डमी एडमिशन क्या है?
डमी एडमिशन क्या होता है?
डमी एडमिशन का चलन क्यों बढ़ रहा है?
| |
यह खबर भी देखें ... राजस्थान के 7 जिलों में आज बारिश का अलर्ट: श्मशान में पानी भरा देख लोगों ने किया प्रदर्शन
FAQ
- 1. राजस्थान में डमी विद्यार्थियों के खिलाफ क्या कदम उठाए जा रहे हैं?
राजस्थान में डमी विद्यार्थियों की पहचान के लिए प्राइवेट स्कूलों में भी ऑनलाइन अटेंडेंस सिस्टम लागू किया जा रहा है, जिससे फर्जी स्टूडेंट्स को आसानी से पकड़ा जा सकेगा। - 2. राजस्थान में शाला दर्पण पोर्टल क्या है और यह कैसे काम करेगा?
शाला दर्पण पोर्टल पर अब प्राइवेट स्कूलों का अटेंडेंस भी दर्ज किया जाएगा। इस पोर्टल में 91 लाख प्राइवेट स्कूल स्टूडेंट्स और 4.37 लाख टीचर्स की हाजिरी दर्ज की जाएगी, जिससे डमी विद्यार्थियों की पहचान संभव होगी। - 3. राजस्थान में शिक्षा प्रणाली में क्या सुधार होगा?
इस कदम से शिक्षा में पारदर्शिता बढ़ेगी, फर्जी विद्यार्थियों की पहचान की जाएगी और अवैध स्कूलों की निगरानी बेहतर होगी, जिससे शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार होगा।
thesootr links
- मध्यप्रदेश की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- छत्तीसगढ़की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- राजस्थान की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- रोचक वेब स्टोरीज देखने के लिए करें क्लिक
- जॉब्स और एजुकेशन की खबरें पढ़ने के लिए क्लिक करें
- निशुल्क वैवाहिक विज्ञापन और क्लासिफाइड देखने के लिए क्लिक करें
अगर आपको ये खबर अच्छी लगी हो तो 👉 दूसरे ग्रुप्स, 🤝दोस्तों, परिवारजनों के साथ शेयर करें📢🔃
🤝💬👩👦👨👩👧👧
मदन दिलावर | मदन दिलावर | कैबिनेट मंत्री मदन दिलावर | राजस्थान शिक्षा मंत्री मदन दिलावर | स्कूल शिक्षा विभाग राजस्थान राजस्थान न्यूज | राजस्थान न्यूज अपडेट | राजस्थान न्यूज हिंदी