युवा कांग्रेस चुनाव में 6 दिन में पड़े 7.5 लाख वोट, जयपुर ग्रामीण टॉप पर, सिरोही सबसे पीछे
News In Short
- युवा कांग्रेस चुनाव में 6 दिन में 7.54 लाख युवाओं ने किया मतदान।
- जयपुर ग्रामीण और सीकर जिलों में सबसे ज्यादा वोटिंग, शेखावाटी का दबदबा।
- सिरोही और उदयपुर जैसे शहरों में वोटिंग की रफ्तार बेहद धीमी।
- सदस्यता शुल्क से करोड़ों की कमाई, जमकर हो रहा धन-बल का प्रयोग।
- 21 अप्रैल से शुरू हुई हैं ऑनलाइन वोटिंग जिसमें साधारण सदस्य ही बन रहे हैं वोटर।
News In Detail
Jaipur: राजस्थान युवा कांग्रेस के सांगठनिक चुनावों ने इस बार भारी उत्साह दिख रहा है। 21 अप्रैल से शुरू हुई ऑनलाइन वोटिंग के महज 6 दिन के भीतर ही मतदान का आंकड़ा 7.5 लाख को पार कर गया है। युवाओं के इस जबरदस्त 'क्रेज' को देखते हुए कांग्रेस के चुनाव प्राधिकरण को उम्मीद है कि 21 मई तक यह संख्या 20 लाख के पार पहुंच जाएगी।
वोटिंग का गणित
प्रदेश के विभिन्न जिलों में वोटिंग की स्थिति काफी अलग-अलग है। जहां शेखावाटी और जयपुर के ग्रामीण इलाकों में होड़ मची है, वहीं दक्षिणी राजस्थान के कुछ बड़े शहर पिछड़ते नजर आ रहे हैं।
टॉप परफॉर्मर्स (शीर्ष 5 जिले):
जयपुर ग्रामीण: 51,911 (सबसे आगे)
सीकर: 47,894
नागौर: 37,154
झुंझुनू: 36,622
जयपुर शहर: 35,776
पिछड़ते जिले:
सिरोही: 1,607 (सबसे कम वोटिंग)
नीम का थाना: 1,733
डूंगरपुर: 2,332
उदयुपर शहर: 2,518 (बड़ा शहर होने के बावजूद पिछड़ा)
संगठन के खजाने में धनवर्षा
युवा कांग्रेस का यह चुनाव न केवल लोकतांत्रिक प्रक्रिया है, बल्कि राजस्व का भी बड़ा जरिया बन गया है। साधारण सदस्य बनने के लिए 75 रुपये का शुल्क रखा गया है। अब तक पड़े 7,54,049 वोटों के हिसाब से चुनाव प्राधिकरण के खाते में 5 करोड़ 55 लाख रुपये से ज्यादा की राशि जमा हो चुकी है। यदि वोटिंग 20 लाख तक पहुंचती है, तो यह आंकड़ा 15 करोड़ रुपये को छू सकता है।
आम आदमी की पहुंच से दूर 'महंगा' चुनाव
कांग्रेस के भीतर युवा कांग्रेस का चुनाव सबसे खर्चीला माना जाता है। अध्यक्ष पद के लिए दावेदारों को भारी धन-बल और संसाधनों का इस्तेमाल करना पड़ता है। यही कारण है कि साधारण पृष्ठभूमि से आने वाले युवाओं के लिए शीर्ष पदों तक पहुंचना एक बड़ी चुनौती बनी हुई है।
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