रीको के सीनियर DGM रिश्वत लेते गिरफ्तार, 21 दिन बाद था रिटायरमेंट

Ashish Bhardwaj | Jul 10, 2026, 17:17 IST
रीको के सीनियर डीजीएम
राजस्थान के अजमेर में रीको के सीनियर डीजीएम और ब्यावर में जूनियर असिस्टेंट को एसीबी ने रिश्वत लेते गिरफ्तार किया। दोनों ने लीज डीड के लिए 85 हजार रुपए मांगे थे।

समझें क्या है पूरा मामला

  • अजमेर में रीको के सीनियर डीजीएम अंजय विश्वकर्मा रिश्वत लेते गिरफ्तार।
  • एसीबी ने 50 हजार रुपए की रिश्वत लेते रंगे हाथों पकड़ा।
  • ब्यावर में रीको के जूनियर असिस्टेंट कमलेश भी 35 हजार लेते पकड़े गए।
  • दोनों अधिकारियों ने लीज डीड के बदले 85 हजार रुपए मांगे थे।
  • रिटायरमेंट से कुछ दिन पहले ही सीनियर डीजीएम पर एसीबी की कार्रवाई हुई।

अजमेर में रीको के सीनियर डिप्टी जनरल मैनेजर को रिश्वत लेते गिरफ्तार किया गया है। वे 31 जुलाई को रिटायर होने वाले थे। इनके साथ ब्यावर में रीको के जूनियर असिस्टेंट को भी घूस लेते पकड़ा गया। दोनों ने लीज डीड के बदले 85 हजार रुपए की रिश्वत मांगी थी। एसीबी ने योजना बनाकर दोनों को रंगे हाथों ट्रैप किया।



अजमेर में राजस्थान राज्य औद्योगिक विकास एवं निवेश निगम (रीको – Rajasthan State Industrial Development and Investment Corporation) के सीनियर डिप्टी जनरल मैनेजर (डीजीएम – Deputy General Manager) को रिश्वत लेते गिरफ्तार किया गया है। यह अधिकारी 31 जुलाई को रिटायर होने वाले थे।



दो शहरों में हुई एसीबी की कार्रवाई

भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी – Anti Corruption Bureau) की टीम ने शुक्रवार को ब्यावर में रीको के जूनियर असिस्टेंट को भी घूस लेते पकड़ा। दोनों अधिकारियों ने लीज डीड के एवज में कुल 85 हजार रुपए की रिश्वत मांगी थी।



एसीबी की कार्रवाई दोपहर 12 बजे से लगातार चल रही थी। पहले शिकायतकर्ता रिश्वत के रुपए लेकर यूनिट हेड के ऑफिस पहुंचा। उसके कुछ ही मिनटों बाद एसीबी की टीम ने दौड़ते हुए ऑफिस में छापा मार दिया।



रिटायरमेंट से पहले ही हुए गिरफ्तार

जानकारी के अनुसार एसीबी जयपुर की टीमों ने शुक्रवार को अजमेर और ब्यावर में एक साथ ट्रैप की कार्रवाई की। अजमेर में रीको के सीनियर डीजीएम अंजय विश्वकर्मा को 50 हजार रुपए की रिश्वत लेते गिरफ्तार किया गया।



वहीं ब्यावर में रीको के जूनियर असिस्टेंट कमलेश को 35 हजार रुपए की घूस लेते रंगे हाथों पकड़ा गया। दोनों अधिकारियों ने लीज डीड के बदले यह रकम मांगी थी।



शिकायत के बाद बनाई गई ट्रैप की योजना

पीड़ित की शिकायत मिलने के बाद एसीबी ने पहले उसका सत्यापन किया। इसके बाद पूरी योजना बनाकर दोनों अधिकारियों को ट्रैप किया गया।



जानकारी के अनुसार गिरफ्तार किए गए यूनिट हेड यानी सीनियर डीजीएम अंजय विश्वकर्मा 31 जुलाई को रिटायर होने वाले थे। उनकी मूल पोस्टिंग किशनगढ़ में है, लेकिन उनके पास अजमेर का अतिरिक्त कार्यभार भी था।



इस तरह रिटायरमेंट से महज कुछ दिन पहले ही उनकी गिरफ्तारी हो गई। यह मामला रीको जैसे महत्वपूर्ण औद्योगिक निकाय में भ्रष्टाचार की गंभीरता को उजागर करता है।



ये खबर भी पढ़े:-

मौत के बाद सुनी तबादले की फरियाद, सूची में आया अनोपाराम का नाम



केंद्रीय विश्वविद्यालय में जल संकट, अब एक महीने चलेंगी ऑनलाइन कक्षाएं



शिक्षा विभाग में बंपर तबादले, डेढ़ हजार से अधिक प्रिंसिपल इधर-उधर



GI टैग से मोजड़ी की ग्लोबल उड़ान, 100 करोड़ के बाजार को मिलेगी नई ऊंचाई



Tags:
  • भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो
  • रिटायरमेंट
  • अजमेर
  • रीको
  • सीनियर डीजीएम अंजय विश्वकर्मा