यूपी के नेम प्लेट विवाद में सोनू सूद के ट्वीट करते ही कूद पड़ी कंगना
Deeksha Nandini Mehra | Jul 20, 2024, 11:58 IST
kangana ranaut news
सोनू सूद ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट शेयर करते हुए लिखा था कि हर दुकान पर केवल एक नेम प्लेट होनी चाहिए और वो है मानवता। इस पर अब बीजेपी सांसद कंगना रनौत ने प्रतिक्रिया दी है।
Kangana Ranaut Statement on Sonu Sood : उत्तर प्रदेश सरकार ने कावड़ यात्रियों की सुविधा के लिए दुकानदारों को अपने पहचान वाला नेम प्लेट लगाने का आदेश दिया है। इस आदेश के बाद विपक्ष के सभी नेता इसका विरोध कर रहे हैं। इसी कड़ी में एक्टर सोनू सूद ( Sonu Sood ) ने भी एक पोस्ट किया जिस पर BJP सांसद कंगना रनौत ( BJP MP Kangana Ranaut ) ने जवाब दिया है।
बॉलीवुड अभिनेता सोनू सूद की कांवड़ यात्रा वाले रास्तों पर खाने-पीने की दुकानों पर उनके मालिकों का नाम लिखने के मामले पर प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने बीते दिन ट्वीट सोनू सूद ने 19 जुलाई को पोस्ट में लिखा कि हर दुकान पर केवल एक नेम प्लेट होनी चाहिए- Humanity यानी मानवता।
एक्ट्रेस और सांसद कंगना रनौत ( BJP MP Kangana Ranaut ) ने कहा, ''कंगना रनौत की टीम सहमत है। हलाल को "मानवता" से प्रतिस्थापित किया जाना चाहिए। 5 घंटे हर दुकान पर केवल एक ही नेम प्लेट होनी चाहिए मानवता।
इस मामले को लेकर बीजेपी के सहयोगी ही उस पर सवाल उठाने लगे हैं। LJP अध्यक्ष और केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान ने कहा कि
BJP की एक और सहयोगी पार्टी RLD ने भी इस फैसले पर सवाल उठाया है। पार्टी के राष्ट्रीय सचिव अनुपम मिश्रा ने कहा
उत्तर प्रदेश के प्रमुख विपक्षी दल सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने अपने एक पोस्ट में लिखा,
July 18, 2024
![deeksha nandini mehra]()
सोनू सूद ने किया यी ट्वीट
बीजेपी सांसद कंगना का रिएक्शन
Agree, Halal should be replaced with “ HUMANITY” https://t.co/EqbGml2Yew
— Kangana Ranaut (@KanganaTeam) July 19, 2024
BJP के सहयोगी कसने लगे तंज
गरीबों के लिए काम करना हर सरकार की जिम्मेदारी है। जिसमें समाज के सभी वर्ग जैसे दलित, पिछड़े, ऊंची जातियां और मुस्लिम भी शामिल हैं। जब भी जाति या धर्म के नाम पर इस तरह का विभाजन होता है, मैं न तो इसका समर्थन करता हूं और न ही इसे प्रोत्साहित करता हूं। मुझे नहीं लगता कि मेरी उम्र का कोई भी शिक्षित युवा ऐसी चीजों से प्रभावित होता है। मैं केंद्र और राज्य दोनों सरकारों के सामने अपनी आपत्तियां उठाऊंगा।
खाद्य सुरक्षा नियमों के मुताबिक, हर भोजनालय को केवल अपना नाम और अपने उत्पादों की डीटेल को डिस्पले करना होता है। अगर नियम लागू करना है तो इसे लाल या हरे सिंबल के साथ शाकाहारी और मांसाहारी में डिवाइड किया जाना चाहिए, जैसे खाने के पैकेट पर होता है। हमारे देश में अलग-अलग समुदायों के लोग हैं और सद्भाव बनाए रखा जाना चाहिए. हम इस मुद्दे को केंद्र और राज्य में उठाएंगे।
July 18, 2024
thesootr links
- मध्य प्रदेश की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- छत्तीसगढ़ की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- रोचक वेब स्टोरीज देखने के लिए करें क्लिक
deeksha nandini mehra
MP कर्मचारी प्रमोशन: 10 साल बाद पदोन्नति, अब 4 साल की छूट पर अटका मामला, राज्य कर्मचारी संघ ने सीएम मोहन यादव से की मांग
By Atul Dwivedi
एमपी भाजपा में 30 सितंबर को तीन दिग्गजों की एकसाथ आमद, 236 दिन बाद मिला प्रदेश संगठन महामंत्री
By Ramanand Tiwari
मध्य प्रदेश भाजपा में अब लक्ष्मण रेखा कौन खींचेगा? चंद्रशेखर की होगी असली परीक्षा
By Ramanand Tiwari
मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन
By Jitendra Shrivastava
mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें
By Sanjay Dhiman
झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे
By Sanjay Gupta
बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा
By Arun Tiwari