सिंहासन छत्तीसी:कौन हैं वो सियासत का भाई, सत्ता चाहे जिसकी, होती रहे कमाई, सामने आया हाल तो मच गया बवाल

एक शख्स बीजेपी नेताओं को अपशब्द बोलता है सरकार में करोड़ों की कमाई कर रहा है। क्या छत्तीसगढ़ में एक और शराब घोटाले की इबारत लिखी जा रही है। छत्तीसगढ़ की राजनीतिक-प्रशासनिक गलियारों की अनसुनी खबरों के लिए पढ़िए द सूत्र का साप्ताहिक कॉलम सिंहासन छत्तीसी।

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Arun Tiwari
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Photograph: (the sootr)

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sinhaasan chhatteesee. आज हम आपको ऐसी कहानी बता रहे हैं जिसे पढ़कर आपको हैरानी होंगे। एक शख्स जो बीजेपी के मुख्य और बड़े नेताओं के खिलाफ खुलेआम अपशब्द बोलता है वही बीजेपी सरकार में करोड़ों की कमाई कर रहा है। वो भी तब जबकि उनके बड़े भाई साहब सरकार में सीएम सचिवालय में खास ओहदे पर है। जब इस रिश्ते का पता चला तो सियासत में हड़कंप मच गया। कौन है आखिर वो शख्स जिसने बवाल मचाया हुआ है।

वहीं एक साहब के प्रमोशन की शिकायत दिल्ली पहुंच गई है। सवाल ये भी है कि क्या छत्तीसगढ़ में एक सीएम सचिवालयऔर शराब घोटाले की इबारत लिखी जा रही है। छत्तीसगढ़ के राजनीतिक और प्रशासनिक गलियारों की ऐसी ही अनसुनी खबरों के लिए पढ़िए द सूत्र का साप्ताहिक कॉलम सिंहासन छत्तीसी।   

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कमाई का कमाल,सरकार पर सवाल: 

आज हम आपको ऐसी कहानी बता रहे हैं जो सत्य घटना पर आधारित है। छत्तीसगढ़ के राजनीतिक गलियारों में हाल ही में कुछ ऐसा घटा जिससे सियासी तूफान मच गया। लेकिन अब पछताए होत का जब चिड़िया चुग गई खेत। इसके बाद भी ये चिड़िया लगातार खेत चुग रही है वो भी तब जबकि खेत का मालिक रखवाली कर रहा है। दरअसल ये चिड़िया नहीं चिड़ा है।

इन दिनों छत्तीसगढ़ की सोशल मीडिया में एक खबर बड़े जोरों से वायरल हो रही है। खबर में इतनी सच्चाई है कि सियासत का पारा एकदम से उपर चढ़ गया है। सियासत के केंद्र में बैठे एक भाई साहब का भाई हैं जिनकी कमाई पर सत्ता का असर नहीं होता है। सत्ता चाहे जिसकी हो इनका मीटर लगातार बढ़ता रहता है। ये भाई जो सियासी मनीषी है उसके खजाने में बीजेपी नेताओं की बुराई है, फिर भी इसी सरकार से कमाई है।

ये भाई पीएम से लेकर भगवान राम और शिव के खिलाफ अपशब्द बोलता है। इनके खिलाफ अभद्र भाषा का सार्वजनिक तौर पर सोशल मीडिया में प्रयोग करता है। ऐसे भाई की कमाई बीजेपी सरकार में पांच गुना तक बढ़ गई है। सोशल मीडिया में एक आंकड़ा आया है जिसके अनुसार इनके एनजीओ को पिछली सरकार में 1 करोड़ की कमाई हुई थी तो इस सरकार में वो कमाई बढ़कर 5 करोड़ तक पहुंच गई है। फिर भी अभद्रता का सिलसिला बदस्तूर जारी है। अब सिक्के का दूसरा पहलू देखिए।

यह सब तब हो रहा है जब सगे बड़े भाई इस समय सत्ता के नाभि केंद्र में है। ये सीएम सचिवालय में खास ओहदे पर हैं। यानी एक भाई सत्ता का बेहद करीबी तो दूसरा भाई घोर विरोधी। ये रिश्ता इससे पहले कोई नहीं जानता था। अचानक सोशल मीडिया में ये इस रिश्ते का खुलासा हुआ। जब इसका खुलासा हुआ तो सत्ता और संगठन में खलबली मच गई। अब समझ में ये नहीं आ रहा कि अब करें तो क्या करें।

बात ये नहीं है कि दो भाई दो अलग पार्टियों के पाले में हैं यह तो कई लोगों के साथ है। लेकिन जिसके बड़े और प्रमुख नेताओं की खुलेआम बुराई करना और उसी पार्टी की सरकार से कमाई करना यह बात बेहद कमाल की है। आखिर ये बात सियासी लोगों को समझ क्यों नहीं आ रही है, यह भी बड़ा सवाल है।

दिल्ली पहुंची साहब की शिकायत : 

छत्तीसगढ़ राज्य पुलिस सेवा के अधिकारियों को प्रमोशन दिए जाने के मामले में शिकायत दिल्ली तक पहुंच गई है। केंद्र सरकार के गृह मंत्रालय ने इस मामले को लेकर छत्तीसगढ़ के आला अधिकारियों और संघ लोक सेवा आयोग को पत्र भेजा है। यह शिकायत एक राज्य पुलिस सेवा के अधिकारी को आईपीएस प्रमोट करने को लेकर है। गृह मंत्रालय के एक अधिकारी ने 8 अक्टूबर, 2025 को यह पत्र जारी किया है।

पत्र में बताया गया है कि रायपुर के रहने वाले वकील और राजनेता ने 25 सितंबर को एक लिखित शिकायत भेजी थी।इस शिकायत में उन्होंने उस अधिकारी को छत्तीसगढ़ कैडर में आईपीएस बनाए जाने पर कड़ी आपत्ति जताई है। शिकायत में अधिकारी पर कई आरोप लगाए गए हैं।

गृह मंत्रालय ने इस आपत्ति को गंभीरता से लेते हुए छत्तीसगढ़ सरकार के अधिकारियों को पत्र भेजा है। पत्र में साफ कहा गया है कि राज्य सरकार और UPSC दोनों इस पूरे मामले की जांच करें और जो भी जरूरी कार्रवाई हो, उसे तुरंत अपने स्तर पर करें। इस निर्देश के बाद यह तय हो गया है कि प्रमोशन का मामला अब जांच के घेरे में आ गया है, जिससे राज्य के पुलिस विभाग में प्रशासनिक हलचल तेज हो गई है। 

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शराब पर नीयत खराब : 

छत्तीसगढ़ में एक और शराब घोटाले की इबारत लिखी जा रही है। जानकारी के मुताबिक मामला यह है कि प्रदेश की कई सरकारी दुकानों में तैनात सेल्समैनों ने सरकार के क्यूआर कोड को हटाकर अपना क्यूआर कोड चिपका दिया है। ऐसे सेल्समैन ग्राहकों से ऑनलाइन पेमेंट सरकार के खाते के बजाए खुद के निजी एकाउंट में डलवा रहे है। इसकी बानगी बस्तर संभाग में सामने आई है।

यहां के आउटर इलाके में स्थित अंग्रेजी शराब दुकान में कार्यरत एक सेल्समैन ने छत्तीसगढ़ की शासन की आंखों में धूल झोकते हुए लगभग 1 करोड़ रुपए विभाग की देख-रेख में अपने खातों में ट्रांसफर करा लिए। दिलचस्प बात यह है,कि संभाग के अन्य जिलों की तर्ज पर इस सरकारी दुकान की ग्राहकी सामान्य रूप से संचालित हो रही थी।

सेल्समैन नोटों की बारिश से मस्ती में झूम रहे थे, उनके खातों में रोजाना लाखों की रकम जमा हो रही थी। सूत्र तस्दीक करते है,कि सिर्फ यह दुकान ही नही प्रदेश के कई जिलो की सरकारी शराब दुकानों में इसी तर्ज पर सरकारी तिजोरी पर हाथ साफ किया जा रहा है। सरकार सतर्क नहीं हुई तो एक बड़ा घपला सामने आ जाएगा।

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