छत्तीसगढ़ से गुजरने वाली 35 ट्रेनें रद्द, लेटलतीफी बनी भारतीय रेल की पहचान

Pooja Kumari | Feb 26, 2024, 12:18 IST
Indian Railway
छत्तीसगढ़ से मध्यप्रदेश के शहडोल की तरफ जाने वाली 35 यात्री ट्रेनों को 15 दिन के लिए फिर रद्द कर दिया गया है। दिल्ली जाने वाली ज्यादातर ट्रेनें रद्द हैं। गोंदिया-बरौनी ट्रेन को भी रद्द कर दिया गया।

RAIPUR. छत्तीसगढ़ में लगातार रद्द हो रही ट्रेनों को लेकर कांग्रेस ने केंद्र सरकार पर अब हमला बोला है। कांग्रेस संचार विभाग के अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला का कहना है कि एक दौर था, जब ट्रेन सबसे विश्वनीय साधन था। लेकिन अब स्थितियां बिल्कुल बदल चुकी है। अब लोग ट्रेन में सफर करने से कतराते हैं।



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घंटों की लेटलतीफी बनी भारतीय रेल की पहचान


बता दें कि छत्तीसगढ़ से मध्यप्रदेश के शहडोल की तरफ जाने वाली 35 यात्री ट्रेनों को 15 दिन के लिए फिर रद्द कर दिया गया है। दिल्ली जाने वाली ज्यादातर ट्रेनें रद्द हैं। गोंदिया-बरौनी ट्रेन को भी रद्द कर दिया गया। कांग्रेस संचार विभाग के अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला ने कहा कि सारनाथ, नौतनवा और दुर्ग निजामुद्दीन जैसी ट्रेनों को रद्द करने का फरमान जारी हो चुका है। सारनाथ से रोजाना प्रदेश के सैकड़ों लोग अपने मृत परिजनों की अस्थियां विसर्जित करने प्रयागराज जाते हैं। ट्रेन रद्द होने के कारण लोगों को परेशान होना पड़ता है। ऐसे में घंटों की लेटलतीफी भारतीय रेल की पहचान बन गई है।



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रेलवे सुविधा को खत्म करने की रची जा रही है साजिश - सुशील शुक्ला


सुशील शुक्ला ने कहा कि नरेंद्र मोदी की सरकार देश की सबसे पुरानी और विश्वसनीय रेलवे सुविधा को धीरे-धीरे खत्म करने की साजिश रच रही है। वर्षों से भारतीय रेलवे आम जनता का भरोसेमंद, सस्ता और सुलभ परिवहन का पर्याय हुआ करता था। मोदी राज में रेलवे की विश्वसनीयता को खत्म कर निजी हाथों में बेचने का षड़यंत्र रचा जा रहा है। बिना कोई कारण बताए और बिना किसी ठोस वजह के यात्री ट्रेनों को अचानक रद्द कर दिया जाता है।



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यात्रियों के लिए कोई वैकल्पिक व्यवस्था नहीं


बिना सूचना के भारतीय रेलवे द्वारा यात्री ट्रेनों को महीनों, हफ्तों तक के लिए बंद कर दिया जाता है। ऐसे में याभियों द्वारा महीनों पहले से रिजर्वेशन करवाने का कोई मतलब नहीं रह जाता और ना ही रेलवे यात्रियों के लिए कोई वैकल्पिक व्यवस्था नहीं की जाती है।



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