कर्मवीर बने छत्तीसगढ़ बीजेपी के संगठन महामंत्री, पवन साय झारखंड भेजे गए
बीजेपी के संगठन में बड़ा बदलाव हुआ है। संगठन स्तर पर हुए फेरबदल के तहत कर्मवीर सिंह छत्तीसगढ़ बीजेपी के नए संगठन महामंत्री बनाए गए हैं। वहीं, अब तक छत्तीसगढ़ में संगठन महामंत्री की जिम्मेदारी संभाल रहे पवन साय को झारखंड भेज गया है। वे झारखंड बीजेपी के संगठन महामंत्री होंगे। गए। कर्मवीर सिंह उत्तरप्रदेश से आते हैं। वे अभी झारखंड में संगठन महामंत्री का दायित्व संभाल रहे थे।
कौन हैं कर्मवीर सिंह:
मूल निवासी: वे उत्तर प्रदेश के मथुरा जिला (वर्तमान में हाथरस जिला) से आते हैं।
संगठनात्मक ज़िम्मेदारी:
- 1993 : संघ के प्रचारक जीवन का प्रारंभ पंडित दीनदयाल उपाध्याय की जन्म स्थली से किया।
- तहसील प्रचारक एवं नगर प्रचारक के दायित्व में रहे।
- उत्तर प्रदेश के फतेहपुर सीकरी (आगरा) व अलीगढ़ महानगर प्रचारक एवं मथुरा जिला के जिला प्रचारक रहे।
- उत्तर प्रदेश के एटा, अलीगढ़ व बरेली विभाग के विभाग प्रचारक रहे।
- 2015: मेरठ प्रांत (पश्चिम उत्तर प्रदेश) के सह प्रांत प्रचारक बने।
- 2019: ब्रज प्रांत के सह प्रांत प्रचारक के रूप में कार्य किया।
- 2020: भारतीय जनता पार्टी, उत्तर प्रदेश के प्रदेश सह महामंत्री (संगठन) के रूप में कार्य किया।
- अगस्त 2022 : झारखंड प्रदेश के प्रदेश महामंत्री (संगठन) के रूप में दायित्व
अब छत्तीसगढ़ की जिम्मेदारी :
कर्मवीर सिंह के सामने प्रदेश संगठन को नई परिस्थितियों के अनुरूप आगे बढ़ाने की चुनौती होगी। छत्तीसगढ़ में भाजपा की सरकार है और संगठन के स्तर पर सरकार और पार्टी संगठन के बीच बेहतर समन्वय बनाए रखना महत्वपूर्ण जिम्मेदारी होगी। संगठन महामंत्री का पद पार्टी के सबसे महत्वपूर्ण सांगठनिक पदों में माना जाता है। जिला, मंडल, शक्ति केंद्र और बूथ स्तर तक संगठनात्मक गतिविधियों की निगरानी में संगठन महामंत्री की प्रमुख भूमिका रहती है
पवन साय का झारखंड जाना भी अहम:
दूसरी ओर पवन साय को झारखंड भेजे जाना भी की महत्वपूर्ण है। पवन साय लंबे समय से छत्तीसगढ़ भाजपा के संगठन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते रहे हैं। प्रदेश संगठन महामंत्री के तौर पर उन्होंने सदस्यता अभियान, बूथ स्तर के कार्यक्रमों और चुनावी संगठन प्रबंधन से जुड़े कामों में भूमिका निभाई है।
पवन साय को पश्चिम बंगाल के चुनाव में भी भेजा गया था। वहां पर भी उन्होंने ग्रासरूट लेवल पर संगठन को सक्रिय किया। पवन साय के कार्यकाल के समय में बीजेपी ने छत्तीसगढ़ में विधानसभा, लोकसभा और नगरीय निकाय के चुनावों में सफलता हासिल की।ऐसे में पवन साय का झारखंड जाना भाजपा के संगठनात्मक अनुभव को एक राज्य से दूसरे राज्य में इस्तेमाल करने की रणनीति के तौर पर देखा जा सकता है। उनको संगठन के जमीनी ढांचे और कार्यकर्ता प्रबंधन का अनुभव है।
अजय जामवाल की ज़िम्मेदारी बदली:
अजय जामवाल बीजेपी के क्षेत्रीय संगठन महामंत्री का दायित्व निभा रहे थे।वे मध्य क्षेत्र, यानी मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़, का संगठनात्मक दायित्व देखते थे। अब उनको महाराष्ट्र का संगठन महामंत्री बनाया गया है।
शिवप्रकाश,सौदान सिंह को भी अहम जिम्मेदारी :
राष्ट्रीय सह संगठन महामंत्री शिवप्रकाश को अहम राज्यों की जिम्मेदारी सौंपी गई है। शिवप्रकाश को मध्यप्रदेश,छत्तीसगढ़ के साथ आंध्रप्रदेश,महाराष्ट्र और गोवा का दायित्व सौंपा गया है। वहीं छत्तीसगढ़ से ताल्लुक रखने वाले सौदान सिंह को राष्ट्रीय सह संगठन महामंत्री के साथ बिहार,झारखंड,उड़ीसा और पश्चिम बंगाल जैसे अहम राज्यों का दायित्व दिया गया है।
छत्तीसगढ़ में संगठन की नई टीम पर नजर:
कर्मवीर सिंह के छत्तीसगढ़ आने के बाद प्रदेश भाजपा के संगठनात्मक कामकाज में भी बदलाव देखने को मिल सकता है। पार्टी के जिला और मंडल स्तर के पदाधिकारियों के साथ नए सिरे से समन्वय, बूथ समितियों की सक्रियता और आगामी संगठनात्मक कार्यक्रमों को गति देना उनकी प्राथमिकताओं में शामिल हो सकता है।
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