छत्तीसगढ़ के गिग वर्कर्स को मिलेगा 2 लाख का बीमा, अब ई-श्रम पोर्टल में करा सकेंगे रजिस्ट्रेशन
NEWS IN SHORT
- छत्तीसगढ़ में गिग वर्कर्स को अब ई-श्रम पोर्टल पर पंजीयन की सुविधा।
- संगोष्ठी में गिग वर्कर्स की सामाजिक सुरक्षा और अधिकारों पर चर्चा हुई।
- पंजीकृत गिग वर्कर्स को 2 लाख रूपए तक का बीमा कवर मिलेगा।
- आईडी ब्लॉक किए जाने पर गिग वर्कर्स शिकायत दर्ज कर सकेंगे।
- विशेषज्ञों ने अधिकारों के लिए संगठनों की भूमिका को महत्वपूर्ण बताया।
NEWS IN DETAIL
छत्तीसगढ़ में गिग वर्कर्स के लिए बड़ी पहल
छत्तीसगढ़ में गिग वर्कर्स की सामाजिक सुरक्षा और अधिकारों को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल सामने आई है। प्रदेश के करीब 2 लाख गिग वर्कर्स को अब ई-श्रम पोर्टल पर पंजीयन की सुविधा उपलब्ध कराई गई है। इससे उन्हें सरकारी योजनाओं और सामाजिक सुरक्षा का लाभ मिल सकेगा।
इस संबंध में जानकारी महाराष्ट्र मंडल में आयोजित एक संगोष्ठी के दौरान दी गई।
सामाजिक सुरक्षा और अधिकारों पर हुई संगोष्ठी
महाराष्ट्र मंडल में आयोजित संगोष्ठी में गिग वर्कर्स की सामाजिक सुरक्षा, अधिकारों और उनके उत्थान को लेकर विस्तार से चर्चा की गई। कार्यक्रम में श्रमिक संगठनों, विशेषज्ञों और संबंधित अधिकारियों ने भाग लिया। इस दौरान गिग वर्कर्स की कार्य परिस्थितियों को बेहतर बनाने और उन्हें योजनाओं से जोड़ने पर जोर दिया गया।
कंपनियों की जिम्मेदारी पर उठे सवाल
भारतीय मजदूर संघ की अध्यक्ष शोभा सिंहदेव ने कहा कि कंपनियां गिग वर्कर्स को “पार्टनर” तो कहती हैं, लेकिन उनकी सामाजिक सुरक्षा और अधिकारों के प्रति जिम्मेदारी निभाने में अक्सर पीछे रहती हैं। उन्होंने इस संगोष्ठी को गिग वर्कर्स के पुनरुत्थान की दिशा में एक अहम कदम बताया।
देश में गिग वर्कर्स का बड़ा नेटवर्क
छत्तीसगढ़ श्रम कल्याण मंडल के अध्यक्ष योगेश दत्त मिश्रा ने बताया कि देशभर में गिग वर्कर्स का एक बड़ा नेटवर्क सक्रिय है। डिलीवरी एजेंट से लेकर विभिन्न प्रकार की फ्रीलांस सेवाएं देने वाले लोग इस श्रेणी में आते हैं।
उन्होंने कहा कि नए श्रम कानून लागू होने के बाद गिग वर्कर्स को कई अधिकार मिले हैं और अब वे ई-श्रम पोर्टल पर पंजीयन कर योजनाओं का लाभ उठा सकते हैं।
पंजीयन के बाद मिलेगा बीमा और कानूनी संरक्षण
कर्मकार मंडल के पूर्व अध्यक्ष मोहन एंटी ने बताया कि ई श्रम पोर्टल (e-Shram Portal पर पंजीकृत गिग वर्कर्स को 2 लाख रूपए तक का बीमा कवर मिलेगा। इसके अलावा यदि किसी कंपनी द्वारा उनकी आईडी ब्लॉक की जाती है, तो वे शिकायत दर्ज कर सुनवाई का अधिकार भी प्राप्त कर सकते हैं।
अर्थव्यवस्था में गिग वर्कर्स की अहम भूमिका
श्रमिक शोधार्थी शुभांगी शुक्ला ने कहा कि गिग वर्कर्स देश की अर्थव्यवस्था में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। वे रोजमर्रा की सेवाओं को आसान बनाते हैं, लेकिन उनकी समस्याओं को सरकार तक पहुंचाने के लिए एक मजबूत मंच की जरूरत है।
संगठन बनेंगे आवाज का माध्यम
संगोष्ठी में विशेषज्ञों ने कहा कि गिग वर्कर्स (gig workers) के हितों की रक्षा के लिए संगठनों की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण है। यही संगठन उनकी समस्याओं को सरकार तक प्रभावी ढंग से पहुंचाने का माध्यम बन सकते हैं। इस पहल को गिग वर्कर्स के अधिकारों और सामाजिक सुरक्षा की दिशा में एक नई शुरुआत माना जा रहा है।
आगे क्या
आने वाले समय में गिग वर्कर्स के पंजीयन को बढ़ाने के लिए जागरूकता अभियान चलाए जाने की संभावना है। साथ ही संगठनों के माध्यम से उनकी समस्याओं को सरकार तक पहुंचाने और अतिरिक्त सुविधाएं उपलब्ध कराने पर भी काम किया जाएगा।
निष्कर्ष
छत्तीसगढ़ में गिग वर्कर्स को ई-श्रम पोर्टल से जोड़ने की पहल सामाजिक सुरक्षा के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण कदम है। इससे लाखों श्रमिकों को बीमा, कानूनी संरक्षण और सरकारी योजनाओं का लाभ मिलने की राह आसान होगी, जिससे उनकी कार्य स्थिति और जीवन स्तर में सुधार की उम्मीद है।
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