कांग्रेस का कोषाध्यक्ष फरार , ED के छापे के बाद दो साल से लापता

Marut raj | Jan 14, 2025, 18:44 IST
State Congress Committee treasurer absconding ED raid the sootr
Chhattisgarh Congress treasurer absconding : ED की रेड के बाद छत्तीसगढ़ कांग्रेस के कोषाध्यक्ष रामगोपाल अग्रवाल अंडर ग्राउंड हो गए हैं। अग्रवाल पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के करीबी माने जाते हैं।

Chhattisgarh Congress treasurer absconding : छत्तीसगढ़ कांग्रेस कमेटी के कोषाध्यक्ष पिछले 2 साल से फरार हैं। पीसीसी बिना कोषाध्यक्ष के ही चल रही है। दरअसल, ED की रेड के बाद पार्टी के कोषाध्यक्ष रामगोपाल अग्रवाल अंडर ग्राउंड हो गए हैं। चुनाव आयोग के नियमों के अनुसार किसी भी राजनीतिक दल में कोषाध्यक्ष या ऐसा व्यक्ति जो आधिकारिक रूप से पार्टी का अकाउंट संभालता है, उसका नाम बताना आवश्यक होता है।



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फरवरी 23 में पड़े थे ईडी के छापे

छत्तीसगढ़ में कांग्रेस के राष्ट्रीय अधिवेशन से पहले 20 फरवरी 2023 को ED ने छापेमार कार्रवाई की थी।इसमें कुछ अधिकारियों के अलावा कांग्रेस नेता गिरीश देवांगन, चंद्रदेव राय, देवेन्द्र यादव, विनोद तिवारी सहित कोषाध्यक्ष रामगोपाल अग्रवाल के यहां छापेमार कार्रवाई की गई थी।



इस कार्रवाई के बाद शराब, कोयला और दूसरे घोटालों की जांच को लेकर ED ने 21 जुलाई 2023 को राम गोपाल अग्रवाल के घर और दूसरे ठिकानों पर छापा मारा था। उस समय से ही अग्रवाल फरार हैं।



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पार्टी में लगे थे गबन के आरोप

उल्लेखनीय है कि कांग्रेस के पूर्व महामंत्री अरुण सिसोदिया ने पीसीसी चीफ दीपक बैज को पत्र लिखकर अग्रवाल पर 5 करोड़ 89 लाख रुपए के गबन का बड़ा आरोप लगाया था। उन्होंने पत्र में लिखा था कि अग्रवाल ने अपने मित्र और पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के राजनीतिक सलाहकार विनोद वर्मा के बेटे की कंपनी टेसू मीडिया लैब गाजियाबाद को 5 करोड़ 89 लाख रुपए दिए हैं।



यह रकम तत्कालीन प्रदेश अध्यक्ष मोहन मरकाम और प्रभारी महामंत्री की जानकारी के बिना भुगतान किया गया था। बताया जा रहा है कि रामगोपाल अग्रवाल 1980 के दशक में पार्टी से जुड़े थे। बाद में वे AICC के सदस्य बने। साल 2013 में उन्हें छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी का कोषाध्यक्ष नियुक्त किया गया। अग्रवाल ने अब तक कोई चुनाव नहीं लड़ा।



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पूर्व सीएम भूपेश बघेल के हैं करीबी

कांग्रेस ने साल 2023 के विधानसभा, 2024 के लोकसभा और हाल ही में दक्षिण विधानसभा के उपचुनाव कांग्रेस पार्टी ने बिना कोषाध्यक्ष के ही लड़ा हैं। अग्रवाल ED की गिरफ्तारी से बचने के लिए फरार चल रहे हैं। पार्टी से मिली जानकारी के मुताबिक वर्तमान में कोषाध्यक्ष का कामकाज भी महामंत्री संभाल रहे हैं।



रामगोपाल अग्रवाल पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के करीबी माने जाते हैं। पिछली सरकार में संगठन के साथ ही सत्ता से जुड़े कई कार्यक्रमों में भी अग्रवाल भूपेश बघेल करे साथ दिखाई देते थे। इतना ही नहीं दिल्ली में भी पार्टी के बड़े नेताओं से मुलाकात के दौरान रामगोपाल अग्रवाल भूपेश बघेल के साथ ही दिखाई दिए।



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FAQ

  1. छत्तीसगढ़ कांग्रेस के कोषाध्यक्ष रामगोपाल अग्रवाल क्यों फरार हैं ?
    रामगोपाल अग्रवाल ED की रेड के बाद फरार हो गए हैं। 20 फरवरी 2023 को ED ने उनके और अन्य कांग्रेस नेताओं के ठिकानों पर छापेमारी की थी, जिसके बाद वह अंडरग्राउंड हो गए थे।
  2. रामगोपाल अग्रवाल पर किस प्रकार के आरोप लगाए गए थे ?
    कांग्रेस के पूर्व महामंत्री अरुण सिसोदिया ने रामगोपाल अग्रवाल पर 5 करोड़ 89 लाख रुपये के गबन का आरोप लगाया था। आरोप था कि उन्होंने यह रकम विनोद वर्मा के बेटे की कंपनी टेसू मीडिया लैब को बिना पार्टी के अन्य वरिष्ठ नेताओं की जानकारी के भुगतान की थी।
  3. रामगोपाल अग्रवाल ने कांग्रेस से कब जुड़ना शुरू किया था और उनकी पार्टी में क्या भूमिका थी ?
    रामगोपाल अग्रवाल 1980 के दशक में कांग्रेस से जुड़े थे। बाद में वे AICC के सदस्य बने और 2013 में उन्हें छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी का कोषाध्यक्ष नियुक्त किया गया। उन्होंने अब तक कोई चुनाव नहीं लड़ा।


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