अपने ही देश में लोग हो रहे अल्पसंख्यक! गृहमंत्री शाह बोले हाई-लेवल कमेटी करेगी जांच

Sanjay Dhiman | May 27, 2026, 12:15 IST
Share
high-level-committee-investigate-demographic-change-india
Photograph: (the sootr)

देश के सीमांत इलाकों में जनसंख्या बदलाव तेजी से हो रहा है। केंद्र सरकार ने इसे रोकने और जांच के लिए हाई-लेवल कमेटी बनाई है। जस्टिस नावलेकर इसकी अध्यक्षता करेंगे, जो असामान्य बदलाव का आकलन करेगी।

देश के सीमांत इलाकों में जनसंख्या बदलाव तेजी से हो रहा है। कई प्रदेशों में तो मूल निवासी बहुसंख्यक से कुछ ही सालों में अल्पसंख्यक हो गए। देश की जनसंख्या में तेजी से हो रहे इस डेमोग्राफिक चेंज को लेकर केंद्र सरकार भी चिंता में है।

इस बदलाव को रोकने और जांच के लिए अब केंद्र सरकार ने एक हाईलेवल कमेटी का गठन किया है। देश के गृह मंत्री अमित शाह ने इसकी जानकारी अपने एक्स अकाउंट पर दी है। जस्टिस प्रकाश प्रभाकर नावलेकर (रिटा) को इस कमेटी का अध्यक्ष बनाया गया है।

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि यह कमेटी अवैध घुसपैठ और असामान्य कारणों से हो रहे बदलाव का आकलन करेगी। कमेटी धार्मिक और सामाजिक समुदायों के स्तर पर पैटर्न को स्टडी करेगी और समाधान पेश करेगी। शाह ने लिखा कि यह चुनौती किसी भी राष्ट्र के भविष्य के लिए गंभीर है।

1cc24f6b-64b
1cc24f6b-64b


कमेटी का काम और इससे फायदा

आबादी का आंकलन

कमेटी पूरे देश का डेटा देखेगी और यह पता लगाएगी कि कौन से इलाके में आबादी अचानक बढ़ी है। अवैध रूप से आए प्रवासियों के कारण होने वाले बदलावों को कमेटी की स्टडी में शामिल किया जाएगा।

संसाधनों का संरक्षण

सख्त नीतियों के जरिए अचानक बढ़ी आबादी वाले क्षेत्रों में जमीन, पानी, रोजगार और राशन पर दबाव कम किया जाएगा।

कानून और राष्ट्रीय सुरक्षा

समिति की रिपोर्ट के आधार पर सीमा सुरक्षा और नागरिकता नियमों को कड़ा करने की दिशा में कदम उठाए जा सकते हैं। राष्ट्रीय सुरक्षा मजबूत करने और भविष्य में कानूनी कदम सुनिश्चित करने के लिए नई नीतियां बनाई जाएंगी।

डेमोग्राफिक बदलाव की जांच क्यों जरूरी है

1. असम में अवैध घुसपैठ

बांग्लादेश से अवैध घुसपैठ के कारण असम के सीमावर्ती जिलों में मूल निवासी अल्पसंख्यक होते जा रहे हैं।
1998 में ले. जन. (रिटा) एसके सिन्हा ने इस पर रिपोर्ट तैयार कर राष्ट्रपति को सौंपा था।

2. धार्मिक समुदायों में बदलाव

1950 से 2015 तक हिंदू आबादी 7.82% कम हुई, वहीं मुस्लिम आबादी 9.84% से बढ़कर 14.09% हो गई।
ईसाई और सिख समुदायों में भी हल्की वृद्धि देखी गई।

3. पश्चिम बंगाल और बिहार में असामान्य वृद्धि

पश्चिम बंगाल के सीमावर्ती जिलों में मुस्लिम आबादी औसत से दोगुनी-तिगुनी बढ़ी। बिहार के किशनगंज में 1951 में मुस्लिम आबादी 40% थी, जो 2011 में 68% हो गई। कटिहार, पूर्णिया और अररिया में भी 11-12% बढ़ोतरी हुई।

4. सुप्रीम कोर्ट की टिप्पणी

सुप्रीम कोर्ट ने 2005 में असम में अवैध प्रवासियों की पहचान के कानून पर टिप्पणी की। सालाना डेटा दिखाता है कि घुसपैठ ने राज्य के नागरिकों के जीवन को प्रभावित किया है। यह स्थिति कोर्ट के अनुसार एक अघोषित बाहरी आक्रमण जैसी है।

कमेटी के प्रभाव

नीति निर्माण

अवैध प्रवासियों और असामान्य जनसंख्या बदलाव को रोकने के लिए नई नीतियां बनाई जाएंगी। देश में संसाधनों का न्यायसंगत वितरण सुनिश्चित करने के लिए प्रशासनिक कदम उठाए जाएंगे।

भविष्य की सुरक्षा

कमेटी की रिपोर्ट से सीमाओं की सुरक्षा और नागरिकता के नियमों को मजबूत करने में मदद मिलेगी। राष्ट्रीय सुरक्षा और सामाजिक स्थिरता के लिए यह कदम महत्वपूर्ण हैं।

सामाजिक लाभ

आबादी संतुलन बनाए रखने से रोजगार, शिक्षा और स्वास्थ्य पर अतिरिक्त दबाव कम होगा। स्थानीय समुदायों के लिए विकास की योजनाओं को प्रभावी तरीके से लागू किया जा सकेगा।

FAQ

  1. केंद्र सरकार द्वारा बनाई गई हाई-लेवल कमेटी का मुख्य उद्देश्य क्या है?
    केंद्र सरकार द्वारा गठित इस हाई-लेवल कमेटी का मुख्य उद्देश्य पूरे भारत में अवैध घुसपैठ और अन्य असामान्य कारणों से हो रहे जनसंख्या में बदलाव की गहराई से जांच करना है। यह कमेटी धार्मिक और सामाजिक स्तर पर आबादी के बदलते पैटर्न का अध्ययन करेगी।
  2. जनसंख्या में बदलाव की जांच से आम भारतीय नागरिकों को कोई परेशानी होगी?
    जी नहीं, इस जांच से देश के आम और वैध नागरिकों को कोई भी परेशानी नहीं होगी। बल्कि इस कमेटी की रिपोर्ट के आधार पर बनने वाली नीतियों से स्थानीय नागरिकों के हक, जमीन, पानी, रोजगार और सरकारी राशन जैसे सीमित संसाधनों की सुरक्षा होगी।
  3. सुप्रीम कोर्ट ने देश में अवैध घुसपैठ और जनसंख्या में बदलाव को लेकर क्या टिप्पणी की थी?
    सुप्रीम कोर्ट ने साल 2005 में सर्वानंद सोनोवाल मामले की सुनवाई के दौरान देश में हो रही अवैध घुसपैठ और इसके कारण होने वाले जनसंख्या में बदलाव पर बेहद सख्त रुख अपनाया था।


यह खबरें भी पढ़ें...

MLA रविंद्र सिंह भाटी ने अमित शाह को खून से लिखा लेटर, गृहमंत्री के बीकानेर दौरे के दौरान सौंपा जाएगा

तीन साल में हो हर अपराध का निपटारा, अमित शाह बोले, केंद्र और राज्य के बीच डेढ़ हजार विवाद खत्म

अमित शाह के सामने विरोध टालने रद्द की गई जनसुनवाई, ताकि कोयला खदान पर न हो सरकार की किरकिरी

जब लगा करियर खत्म हो रहा, तब पीएम मोदी ने...शिवराज की किताब के रोचक किस्से

Tags:
  • सुप्रीम कोर्ट
  • केंद्र सरकार
  • केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह
  • जनसंख्या
  • घुसपैठ
गूगल पर द सूत्र चुनें ! Add as a preferredsource on Google
बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा

By Arun Tiwari

बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा
Top News: खबरें काम की... नेपाल में पहाड़ टूटा, भूस्खलन और बाढ़ में 24 की मौत, डोनाल्ड ट्रंप का दावा- ईरान से जल्द खत्म होगी जंग

By Jitendra Shrivastava

Top News: खबरें काम की... नेपाल में पहाड़ टूटा, भूस्खलन और बाढ़ में 24 की मौत, डोनाल्ड ट्रंप का दावा- ईरान से जल्द खत्म होगी जंग
Top News: खबरें काम की... नेपाल में पहाड़ टूटा, भूस्खलन और बाढ़ में 24 की मौत, डोनाल्ड ट्रंप का दावा- ईरान से जल्द खत्म होगी जंग

By Jitendra Shrivastava

Top News: खबरें काम की... नेपाल में पहाड़ टूटा, भूस्खलन और बाढ़ में 24 की मौत, डोनाल्ड ट्रंप का दावा- ईरान से जल्द खत्म होगी जंग
Top News: खबरें काम की... नेपाल में पहाड़ टूटा, भूस्खलन और बाढ़ में 24 की मौत, डोनाल्ड ट्रंप का दावा- ईरान से जल्द खत्म होगी जंग

By Jitendra Shrivastava

Top News: खबरें काम की... नेपाल में पहाड़ टूटा, भूस्खलन और बाढ़ में 24 की मौत, डोनाल्ड ट्रंप का दावा- ईरान से जल्द खत्म होगी जंग
मंत्रालय में बड़ा फेरबदल, 38 अनुभाग अधिकारियों की बदली जिम्मेदारी; वित्त-गृह समेत कई विभागों में नई तैनाती

By VINAY VERMA

मंत्रालय में बड़ा फेरबदल, 38 अनुभाग अधिकारियों की बदली जिम्मेदारी; वित्त-गृह समेत कई विभागों में नई तैनाती
नवरात्रि के पहले इंदौर में 92 लाख रुपए की गर्भपात किट मिलने से भड़के हिंदूवादी नेता

By Sanjay Gupta, Sandeep Kumar

नवरात्रि के पहले इंदौर में 92 लाख रुपए की गर्भपात किट मिलने से भड़के हिंदूवादी नेता
20 हजार करोड़ रुपए के बकाया चालान: सुप्रीम कोर्ट ने दिए अनोखे सुझाव: बिजली बिल में जुड़ सकती है चालान की राशि

By Neel Tiwari

20 हजार करोड़ रुपए के बकाया चालान: सुप्रीम कोर्ट ने दिए अनोखे सुझाव: बिजली बिल में जुड़ सकती है चालान की राशि