इंदौर में कार चार्जिंग के दौरान हुआ शॉर्ट सर्किट, आग लगने से फटे 4 गैस सिलेंडर, 7 की मौत
क्या हुआ था
INDORE. यह हादसा बुधवार तड़के 3:30 से 4:30 बजे के बीच हुआ। रेस्क्यू ऑपरेशन के दौरान दमकल कर्मियों ने तीन लोगों को बचाया है। तीनों गंभीर रूप से घायल हो गए हैं। बताया जा रहा है कि एक इलेक्ट्रिक वाहन (EV) के चार्जिंग के दौरान शॉर्ट सर्किट हुआ था, जिससे आग लगी।
गैस सिलेंडर में विस्फोट
आग के दौरान घर के भीतर चार गैस सिलेंडरों में विस्फोट हो गया, जिससे आग तेजी से फैल गई। जानकारी के अनुसार, उस समय घर में लगभग 15 गैस सिलेंडर रखे हुए थे। अगर इन सिलेंडरों में भी विस्फोट हो जाता तो स्थिति और भी ज्यादा गंभीर हो सकती थी।
मकान की दो मंजिल खाली कराई गई
इंदौर के कलेक्टर शिवम वर्मा ने बताया कि राहत अभियान (इंदौर आग हादसा) अभी भी जारी है। प्रशासन पूरी तरह से सक्रिय है। मकान की दो मंजिलों को खाली करा लिया गया है, जबकि तीसरी मंजिल की जांच जारी है। आग को जल्द ही काबू कर लिया गया, लेकिन इस हादसे में सात लोगों की जान चली गई।
घर के बाहर चार्ज हो रही थी इलेक्ट्रिक गाड़ी और तभी...
इंदौर पुलिस कमिश्नर संतोष कुमार सिंह ने शुरुआती जांच में कहा कि हादसे (Indore fire incident) का कारण इलेक्ट्रिक वाहन की चार्जिंग के दौरान हुआ ब्लास्ट हो सकता है। घर के बाहर एक इलेक्ट्रिक गाड़ी चार्ज हो रही थी, तभी चार्जिंग प्वाइंट में विस्फोट हुआ और आग ने जल्दी से पूरे घर को अपनी चपेट में ले लिया।
उन्होंने आगे कहा कि इसके बाद हालात और भी बुरे हो गए, जब घर में रखे 10 से ज्यादा गैस टैंक में से कुछ फट गए। इससे आग और भी तेजी से फैली। साथ ही, घर में कुछ ज्वलनशील केमिकल भी रखे हुए थे, जिसने आग को और भड़काया।
जानकारी के अनुसार, यह मकान मनोज पुगालिया का था, जो पॉलिमर (Indore News) का बिजनेस करते थे। फिलहाल प्रशासन इस मामले की पूरी गहराई से जांच कर रहा है और आग लगने की असली वजह पता लगाने की कोशिश कर रहा है।
यह अलार्मिंग है, बनेगी एक्सपर्ट कमेटी: मंत्री
मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने कहा कि बहुत दुखद घटना है। यह अलार्मिंग भी है, क्योंकि अब हम इलेक्ट्रिक वाहन (ईवी) के युग में हैं। इस घटना में ईवी की चार्जिंग के दौरान आग लगी है। पूरा समाज अब ईवी की तरफ बढ़ रहा है।
उन्होंने कहा कि मैंने पुलिस कमिश्नर से कहा है कि इसके लिए एक एक्सपर्ट कमेटी बनाएं, ताकि ऐसा हादसा दोबारा न हो। इसके बाद पूरी जानकारी लेकर इसकी एसओपी (स्टैंडर्ड ऑपरेटिंग प्रोसीजर) बनानी चाहिए।
पड़ोसियों ने की थी आग बुझाने की कोशिश
पड़ोसियों ने बताया कि सुबह जब अचानक चीख-पुकार मचने लगी, तो वे बाहर निकले। उन्होंने देखा कि घर में आग लग गई थी। फिर उन्होंने तुरंत फायर ब्रिगेड (indore fire safety) और पुलिस को कॉल किया। इस दौरान पड़ोसी बाल्टियों में पानी भरकर आग बुझाने की कोशिश कर रहे थे, लेकिन तब तक आग पूरे घर में फैल चुकी थी। इस घटना के बाद कॉलोनी में शोक की लहर दौड़ गई। घर में लगी आग में सात लोग जिंदा जल गए।
सुरक्षा उपायों का महत्व
यह घटना सुरक्षा उपायों के महत्व को उजागर करती है, खासकर जब बात इलेक्ट्रिक वाहनों और गैस सिलेंडरों की हो। विशेषज्ञों का मानना है कि नियमित सुरक्षा चेक्स, उचित वेंटिलेशन और सुरक्षा प्रोटोकॉल का पालन करने से ऐसे हादसों से बचा जा सकता है।
इलेक्ट्रिक वाहन को चार्ज करते समय ध्यान रखने वाली बातें:
- सही चार्जर इस्तेमाल करें – हमेशा वही चार्जर इस्तेमाल करें जो वाहन के निर्माता ने दिया हो।
- सुरक्षित जगह चुनें – चार्जिंग के लिए ऐसी जगह चुनें जहां हवा निकल सके और गर्मी न हो।
- चार्जिंग पर नजर रखें – जब भी वाहन चार्ज हो रहा हो, उस पर ध्यान रखें, ताकि किसी भी समस्या का पता तुरंत चल सके।
- सॉकेट और कनेक्शन चेक करें – चार्जिंग सॉकेट और वाहन का कनेक्शन ठीक से जुड़ा हो, और कोई नुकसान न हो।
- गैर-मानक सामान से बचें – सिर्फ प्रमाणित चार्जर और उपकरण ही इस्तेमाल करें।
- चार्जिंग के बाद चेक करें – चार्जिंग खत्म होने के बाद वाहन और चार्जर दोनों को अच्छे से चेक करें।
- नमी से बचाएं – चार्जिंग के दौरान वाहन को पानी या नमी से दूर रखें।
- तापमान का ध्यान रखें – गर्मी में चार्जिंग से बचें, और ठंडी जगह पर चार्ज करें।
ये खबरें भी पढ़ें...
सिंगरौली में अडाणी पावर प्लांट में भारी बवाल, मजदूर की मौत पर आगजनी और तोड़फोड़
इंदौर में ग्यारस पर जलाए दीये से गोदाम में लगी आग, दो महिलाएं जिंदा जली
छिंदवाड़ा में भीषण हादसा : CNG कार बनी आग का गोला, पिता-पुत्र जिंदा जले